एबीएन सेंट्रल डेस्क। केंद्रीय विद्युत नियामक प्राधिकरण की सतर्कता से चीन के एक साइबर ग्रुप द्वारा किए गए हमले के दौरान पंजाब सहित आठ राज्यों में गंभीर बिजली संकट टल गया है। केंद्रीय प्राधिकरण ने पहले ही इन राज्यों को हमले के प्रति सचेत कर दिया था जिसके चलते इस हमले का कोई असर नहीं हुआ। इस साईबर ग्रुप द्वारा इन राज्यों के स्टेट लोड डिस्पैच केन्द्रों पर हमला किया था। यदि साइबर हमलावर सफल हो जाते तो बिजली आपूर्ति ठप्प हो जाती। जिन राज्यों को निशाना बनाया गया उनमें पंजाब के अलावा, तमिलनाडु, उत्तर प्रदेश, हिमाचल प्रदेश, दिल्ली, मध्य प्रदेश, राजस्थान और हरियाणा शामिल हैं। साइबर हमलावरों ने अत्याधुनिक साइबर घुसपैठ उपकरण और सॉफ्टवेयर का उपयोग कर इन स्टेट लोड डिस्पैच केन्द्रों पर हमला किया था। अगर हमला सफल होता, तो इन साइबर हमलावरों की भारत के सबसे बड़ी बिजली उत्पादन और ट्रांसमिशन ढांचे तक पहुंच हो जाती। इस संबंध में जानकारी देते हुए विद्युत क्षेत्र में विशेषज्ञ विनोद कुमार शर्मा ने बताया कि कंप्यूटर इमरजेंसी रिसोर्स टीम ऑफ इंडिया (सीईआर टी-एंड) ने इन चीनी हैकर्स का पता लगाया था और इन राज्यों के पावर एटिक्स को तुरंत अलर्ट कर दिया था तथा आगे अधिकारियों द्वारा उठाए गए कदमों के कारण ट्रांसमिशन सिस्टम का ब्रेक डाउन बच गया। पंजाब एसएलडीसी ने तत्काल कार्रवाई करते हुए एससीएडीए और आईएसपी फायर फॉल में एसआईपीज को ब्लॉक कर दिया। केंद्रीय विद्युत मंत्रालय ने राज्यों के एसएलडी को कहा कि वह सूचना प्रौद्योगिकी और ओटी सिस्टम का प्रत्येक 6 महीने के बाद साइबर सुरक्षा ऑडिट करें ताकि भविष्य में ऐसे हमलों से बचा जा सके।