संसद में उठे मुद्दे पर सांसद सुखदेव भगत का केंद्र सरकार पर तीखा हमला
राहुल गांधी के बयान का किया समर्थन, बोले, तथ्यों से ध्यान भटकाने की कोशिश, प्रहलाद जोशी की टिप्पणी को बताया संकीर्ण मानसिकता का परिचायक
एबीएन न्यूज नेटवर्क, नई दिल्ली/लोहरदगा। लोहरदगा के कांग्रेस सांसद सुखदेव भगत ने संसद में शिक्षा व्यवस्था, छात्रों की आत्महत्या और महिलाओं के सम्मान से जुड़े मुद्दों को लेकर केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी द्वारा उठाये गये मुद्दों का समर्थन करते हुए कहा कि उनके भाषण में तथ्य और प्रमाण आधारित बातें रखी गईं, लेकिन सरकार जवाब देने के बजाय मुद्दों से ध्यान भटकाने का प्रयास कर रही है।
सांसद भगत ने संसद में केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के समर्थन में लगे नारों पर सवाल उठाते हुए कहा कि यदि देश में 21 छात्रों की आत्महत्या जैसे गंभीर मामले सामने आए हैं, तो ऐसे समय में सरकार का रवैया संवेदनशील और जवाबदेह होना चाहिए। उन्होंने कहा कि क्या इन छात्रों की मौत के बावजूद सत्ता पक्ष जश्न मना रहा है?
आखिर इन नारों का संदेश क्या है? उन्होंने केंद्रीय मंत्री प्रहलाद जोशी की बलात्कार पीड़िता से संबंधित टिप्पणी की भी कड़ी आलोचना की। सांसद भगत ने कहा कि ऐसी टिप्पणियां न केवल संकीर्ण मानसिकता को दशार्ती हैं, बल्कि समाज के एक वर्ग के प्रति पूर्वाग्रह और असंवेदनशील सोच को भी उजागर करती हैं।
उन्होंने कहा कि जिन परिस्थितियों में आत्ममंथन और पश्चाताप की आवश्यकता थी, वहां ऐसे बयानों का बचाव करना अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है। सांसद ने कहा कि देश की जनता सरकार से शिक्षा व्यवस्था में सुधार, छात्रों की सुरक्षा और महिलाओं के सम्मान जैसे मुद्दों पर गंभीर और रचनात्मक कदमों की अपेक्षा करती है।
लेकिन जिस प्रकार इन सवालों से बचने की कोशिश की जा रही है, उससे सुधार की उम्मीद कमजोर पड़ती दिखाई देती है। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी ने संसद में छात्रों, युवाओं और समाज से जुड़े गंभीर मुद्दों को पूरी जिम्मेदारी के साथ उठाया है। सरकार को इन सवालों का राजनीतिक जवाब देने के बजाय ठोस समाधान प्रस्तुत करना चाहिए।