डीआइजी भुल्लर की कहानी: आठ लाख की घूस... घर से 5 करोड़, सोने-हीरे के गहने संग ये मिला; हर माह करना चाहते थे वसूली
एबीएन सेंट्रल डेस्क। मंडी गोबिंदगढ़ के स्क्रैप डीलर की शिकायत पर चंडीगढ़ सीबीआई ने बड़ी कार्रवाई की है। रोपड़ रेंज के डीआईजी हरचरण सिंह भुल्लर और बिचौलिए को सीबीआई चंडीगढ़ ने आठ लाख की घूस लेते हुए गिरफ्तार किया है। घर से पांच करोड़ कैश मिला है। सोना और डायमंड के गहने मिले हैं।
पंजाब पुलिस के रोपड़ रेंज के डीआईजी हरचरण सिंह भुल्लर और बिचौलिए को सीबीआई चंडीगढ़ ने वीरवार को एक स्क्रैप डीलर से आठ लाख रुपये रिश्वत लेने के मामले में गिरफ्तार कर एफआईआर दर्ज कर ली है। सीबीआई चंडीगढ़ की आठ टीमों ने मामले में वीरवार को अंबाला, मोहाली, चंडीगढ़ और रोपड़ सहित डीआईजी के सात ठिकानों पर रेड की।
डीआईजी भुल्लर की चंडीगढ़ स्थित कोठी से पांच करोड़ से ज्यादा कैश मिला है। यह कैश तीन बैग और एक सूटकेस में भरा हुआ था। कैश इतना ज्यादा था कि उसे गिनने के लिए मशीनें मंगवायी गयी। नोट गिनते-गिनते मशीनें गर्म हो गयी।
देर रात तक नोटों की गिनती जारी थी। कैश के अलावा गहने, महंगी घड़ियां, लग्जरी कारें, प्रॉपटर्टी संबंधी दस्तावेज व अन्य सामान भी बरामद किया गया है। मंडी गोविंदगढ़ के स्क्रैप डॉलर आकाश बत्ता ने 11 अक्तूबर को भुल्लर के खिलाफ रिश्वत मांगने और मंथली लेने की शिकायत दी थी, जिसके बाद सीबीआई ने कार्रवाई की।
सीबीआई ने भुल्लर के आफिस, घर, फार्म हाउस और अन्य ठिकानों को भी खंगाला। मोहाली स्थित कॉम्पलेक्स आफिस और चंडीगढ़ के सेक्टर-40 के मकान नंबर-1489 में सीबीआई की टीम ने छानबीन की और अहम सबूत जुटाए। डीआईजी भुल्लर के लिए पैसे लेने का काम उनका बिचौलिया कृष्णू करता था।
बिचौलिये को दिया जाता था 20-30 हजार कमीशन
पैसे लेने के बदले उसे 20-30 हजार कमीशन दिया जाता था। डीआईजी और बिचौलिये कृष्णू को 17 अक्तूबर को सीबीआई की विशेष अदालत में पेश किया जाएगा, जहां सीबीआई दोनों के रिमांड की मांग करेगी। भुल्लर 2009 बैच के आईपीएस अधिकारी हैं। उनके पिता महल सिंह भुल्लर पंजाब के डीजीपी रह चुके हैं।
सीबीआई की टीम ने डीआईजी के ठिकानों से जांच में कई अहम सबूत सामने आए है। इनमें 11 अक्तूबर की एक व्हाट्सएप कॉल भी है जिसमें बिचौलिये कृष्णू को डीआईजी भुल्लर यह कहते हैं कि अट्ठ फड़ने ने अट्ठ। और जिन्ने देदा नाल नाल फड़ी चल, ओहनू केह दे आठ कर दे पूरे। कृष्णू की डीआईजी भुल्लर से मोबाइल नंबर-78377-73777 पर व्हाट्सअप कॉल पर बात हुई थी, सीबीआई की इन्वेस्टिगेशन में यह बात पुष्ट हो गई है कि यह नंबर डीआईजी के नाम पर पंजीकृत है।
डीआईजी और बिचौलिये ने कबूले आरोप
डीआईजी हरचरण सिंह भुल्लर और बिचौलिये कृष्णू ने सीबीआई की पूछताछ में रिश्वत की बात कबूल ली है। सीबीआई ने जब इस मामले में डीआईजी भुल्लर के सेक्टर-40 स्थित मकान नंबर-1489 में रेड की तो वहां करोड़ों रुपये के संपत्तियों के कागजात, भारी मात्रा में सोना, गहने और कैश बरामद किया है। सीबीआई को कैश गिनने के लिए कई मशीनें मंगवानी पड़ीं।
डीआईजी की कोठी से जब्त किया सामान
- 5 करोड़ नकदी, देर रात तक गिनती जारी थी
- डेढ़ किलोग्राम सोना, डायमंड समेत अन्य गहने
- पंजाब, चंडीगढ़ में संपत्तियों के दस्तावेज
- मर्सिडीज और आडी कारें
- 22 महंगी घड़ियां
- लॉकर की चाबियां
- 40 लीटर विदेशी शराब
- डबल बैरल गन, एक पिस्टल, एक रिवॉल्वर,
- एक एयरगन और गोलियां बरामद की गई
भुल्लर पर महिला अफसर लगा चुकी हैं यौन उत्पीड़न के आरोप
2009 बैच के आईपीएस आफिसर डीआईजी भुल्लर, 27 नवंबर 2024 को रोपड़ रेंज में पोस्ट होने से पहले एसएसपी मोहाली और डीआईजी पटियाला रेंज के तौर पर काम कर चुके हैं। वे पहले भी विवादों में रहे हैं। एसएसपी मोहाली के तौर पर काम करते हुए उन पर एक जूनियर महिला पुलिस आॅफिसर ने यौन उत्पीड़न के आरोप लगाए थे।
बाद में उनके ट्रांसफर और उसके बाद प्रमोशन के बाद यह मामला रफा-दफा हो गया। भुल्लर की गिरफ्तारी उनके रेंज की पुलिस द्वारा एमपी नवनीत चतुवेर्दी को गिरफ्तार करने के ठीक एक दिन बाद हुई, जो चंडीगढ़ पुलिस की सुरक्षा में थे। उन्होंने उस स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (एसआईटी) को भी हेड किया था जिसने ड्रग स्मगलिंग की जांच में अकाली दल के सीनियर लीडर बिक्रम सिंह मजीठिया से पूछताछ की थी।
भ्रष्टाचार पर जीरो टॉलरेंस नीति अपनायेगी आप सरकार: नील गर्ग
आम आदमी पार्टी पंजाब के प्रवक्ता नील गर्ग ने डीआईजी हरचरण सिंह भुल्लर की गिरफ्तारी के मामले में कहा है कि उनकी पार्टी भ्रष्टाचार के खिलाफ जीरो टॉलरेंस नीति पर कायम है। जो अधिकारी रिश्वत में संलिप्त पाया जाता है, उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। ऐसे अधिकारियों की जगह सलाखों के पीछे है। भुल्लर मामले में अगर कोई और भी संलिप्त पाया जाता है, उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी।