Breaking
ताज़ा समाचार लोड हो रहा है...
देश

जनसंख्या असंतुलन और धर्म परिवर्तन पर जानें संघ के महासचिव की सलाह

शेयर करें: WhatsApp Facebook X
जनसंख्या असंतुलन और धर्म परिवर्तन पर जानें संघ के महासचिव की सलाह
विज्ञापन
एबीएन सेंट्रल डेस्क। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के महासचिव दत्तात्रेय होसाबले ने जनसंख्या असंतुलन और धर्म परिवर्तन को लेकर बड़ा बयान दिया है। दत्तात्रेय होसाबले ने कहा कि धार्मिक रूपांतरण और बांग्लादेश से पलायन जनसंख्या असंतुलन का कारण बन रहा है। उन्होंने धर्मांतरण विरोधी कानूनों को सख्ती से लागू करने का भी आह्वान किया है। उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में आरएसएस की चार दिवसीय राष्ट्रीय कार्यकारिणी मंडल की बैठक के समापन पर मीडिया से बात करते हुए दत्तात्रेय होसाबले ने आरोप लगाया कि देश के कई हिस्सों में धर्म परिवर्तन की साजिश चल रही है। ये साजिश धीरे-धीरे एक संगठन बनाने की कोशिश में है। संघ का काम इसके खिलाफ लोगों में जागरूकता लाना है। दत्तात्रेय होसाबले ने कहा कि संघ घर वापसी जैसे शब्दों का इस्तेमाल इसलिए करता है ताकि हिंदू धर्म को मानने वाले लोग, जिन्होंने इस्लाम और ईसाई धर्म जैसे धर्मों को अपना लिया है, वो जागरूक हों और फिर से वापसी करें। उन्होंने कहा कि धर्म परिवर्तन को रोकने के लिए मौजूदा कानूनों को सख्ती से लागू करने की जरूरत है। दत्तात्रेय होसाबले ने कहा, भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) द्वारा शासित उत्तर प्रदेश सहित कुछ राज्यों ने ऐसे कानून लाये हैं जो बल या प्रलोभन या फिर विवाह के माध्यम से धर्मांतरण पर रोक लगाते हैं। दत्तात्रेय होसाबले ने घुसपैठ को जनसंख्या असंतुलन का दूसरा सबसे बड़ा कारण बताया। उन्होंने कहा, बांग्लादेश से घुसपैठ के कारण जनसंख्या असंतुलन पूर्णिया और कटिहार सहित उत्तरी बिहार के जिलों और अन्य राज्यों में देखा गया है। इसलिए, हमने संकल्प लिया है कि इस विषय पर समग्र रूप से और एकता में विचार करने की आवश्यकता है ताकि एक समान राष्ट्रीय जनसंख्या नीति तैयार की जा सके और सभी पर लागू की जा सके। बता दें कि हाल ही के कुछ दिनों में संघ प्रमुख मोहन भागवत ने अपने कई बयानों में धर्मांतरण के कारण हिंदुओं की आबादी घटने की बात कही है। यूपी के गौहानिया में वात्सल्य संस्थान परिसर में आयोजित चार दिवसीय वार्षिक बैठक की अध्यक्षता करते हुए मोहन भागवत ने कहा था, धर्मांतरण के कारण हिंदुओं की आबादी घट रही है। नागपुर में विजयादशमी के अवसर पर अपने भाषण में, मोहन भागवत ने जनसंख्या असंतुलन, सामाजिक सद्भाव और मातृभाषा में होने वाली शिक्षा के बारे में भी बात की थी।
विज्ञापन

abnnews24

सच तो सामने आकर रहेगा

टीम एबीएन न्यूज़ 24 अपने सभी पाठकों और प्रेरणाश्रोतों का अभिनन्दन करता है। आपके सहयोग और विश्वास के लिए धन्यवाद।

विज्ञापन

© 2026 ABN News 24. All Rights Reserved.

कुल पाठक (Total Visitors): 40,699