एबीएन सेंट्रल डेस्क। लोकसभा चुनाव 2024 के लिए बीजेपी ने 18 महीनों की रणनीति बनाई है। भाजपा लोकसभा प्रवास योजना फेज-2 के तहत प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 40 रैलियां करेंगे। भारतीय जनता पार्टी ने अपनी कमजोर या हारी हुई 144 लोकसभा क्षेत्रों को जीतने के लिए इस योजना के तहत काम करना शुरू कर दिया है। एबीएन न्यूज को पार्टी सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक, लोकसभा प्रवास योजना फेज 2 के तहत बीजेपी ने योजना बनाई है कि देशभर के 144 कमजोर या हारी हुई लोकसभा सीटों में से 40 जगहों पर पीएम मोदी 40 बड़ी रैली करेंगे। प्रधानमंत्री की ये 40 जनसभाएं सभी 40 कलस्टरों में आयोजित की जाएगी। मतलब पीएम मोदी हरेक कलस्टर में कम से कम 1 रैली संबोधित करेंगे। सूत्रों के मुताबिक, इन 144 हारी/कमजोर सीटों में से 40 जगहों पर प्रधानमंत्री खुद रैली करेंगे और बाकी बचे लगभग 104 सीटों पर भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा, केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह और अन्य केंद्रीय कैबिनेट मंत्री प्रवास करेंगे, जनसभा करेंगे और पार्टी के लिए जमीन तैयार करेंगे। केंद्रीय कैबिनेट मंत्रियों के आलावा बीजेपी शासित राज्यों के मुख्यमंत्रियों का कार्यक्रम और प्रवास भी इन 144 सीटों पर सुनिश्चित किया जाएगा ताकि लोकल स्तर पर हलचल पैदा कर स्थानीय कार्यकतार्ओं में ऊर्जा पैदा किया जा सके।
इसके आलावा लोकसभा प्रवास योजना के दूसरे चरण में सभी 40 कलस्टर प्रभारी कैबिनेट मंत्रियों को उन्हे सुपुर्द किए गए लोकसभा क्षेत्रों में महीने में कम से कम 1 रात प्रवास करना और पहले से किए गए कामों में हुए सुधार की समीक्षा, भाजपा संगठन से बनाए गए प्रभारी नेता और कोर ग्रुप के नेताओं के साथ बैठकर करना होगा। इस तरह से सभी कलस्टर प्रभारी कैबिनेट मंत्रियों को अगले 3 महीने में अपने अपने कलस्टर के सभी 3-4 लोकसभा क्षेत्रों में 1-1 रात्रि प्रवास सुनिश्चित करना होगा।
भाजपा सूत्रों का कहना है कि पार्टी की रणनीति के मुताबिक क्लस्टर प्रभारियों को अपने प्रवास के दौरान स्थानीय प्रभावी शख्सियतों से लगातार बैठक करना होगा। साथ ही भाजपा के स्थानीय असंतुष्ट नेताओं की शिकायतों को सुनना और निदान देने की जिम्मेवारी भी दी गई है। बीजेपी ने तय किया है कि लोकसभा प्रवास योजना फेज 2 के तहत केंद्र सरकार के सभी 40 मंत्रियों को 5 सूत्रीय काम करने होंगे। जिनमें पहला : कैंपेन प्लान को इंप्लीमेंट करना। दूसरा : पब्लिक आउटरीच कार्यक्रम चलाना। तीसरा : पॉलिटिकल मैनेजमेंट करना। चौथा : नैरेटिव मैनेजमेंट सेट करना अंतिम और पांचवां : कलस्टर के 1 लोकसभा क्षेत्र में प्रवास व रात्रि विश्राम।
इस दौरान कलस्टर प्रभारी कैबिनेट मंत्री को स्थानीय धर्म गुरुओं, साधु-संतो और विभिन्न समुदायों के स्थानीय नेताओं के साथ उनके घर/स्थान पर जाकर क्लोज डोर मीटिंग करना है। स्थानीय सामुदायिक उत्सवों और रीति रिवाजों में बढ़-चढ़ कर हिस्सा भी लेना होगा। स्थानीय मेला, रिचुअल्स, नुक्कड़ कार्यक्रमों और लोकल स्तर पर आयोजित होने वाले कार्यक्रमों में हिस्सा लेना होगा। संघ के तमाम अनुसांगिक संगठनों के स्थानीय अधिकारियों और प्रमुख कार्यकर्ताओं के साथ भी प्रभारी मंत्रियों और प्रभारी संगठन नेता के साथ बैठक आयोजित करना होगा। इसके आलावा स्थानीय प्रभावी मतदाता खासकर वकील, डॉक्टर, प्रोफेसर, व्यवसाई और प्रोफेशनल्स के साथ भी रेगुलर वर्चुअल बैठक आयोजित करते रहना होगा।