टीम एबीएन, पटना। बिहार में नीतीश कुमार के पाला बदल कर महागठबंधन की तरफ जाने की चर्चा तेज है। कहा जा रहा है नीतीश कुमार एनडीए का साथ छोड़कर महागठबंधन के साथ जा रहे हैं। इस बीच मंगलवार को बिहार में बड़ा सियासी हलचल होने वाला है। बिहार में जदयू राजद के साथ कांग्रेस और हम ने भी अपने विधायकों को पटना में बैठक के लिए बुलाया है। बिहार में इन चारों दलों की बैठक के बाद आसानी से समझा जा सकता हौ कि यहां सबकुछ सामान्य नहीं है। राजनीतिक दलों की इन बैठकों का एजेंडा क्या है यह अभी भले ही सामने नहीं आ रहा है। लेकिन इसकी वजह क्या है सभी लोग समझ रहे हैं इस बीच बिहार बीजेपी के नेता भी दिल्ली रवाना हो रहे हैं। सोमवार को रविशंकर प्रसाद, मंत्री शाहनवाज हुसैन, मंत्री नितिन नवीन, सतीश चंद्र दुबे समेत कई नेता दिल्ली रवाना हुए हैं। बिहार में हो रही राजनीतिक गतिविधि पर सभी दल खुलकर कुछ नहीं बोल रहे हैं। भाजपा कह रही एनडीए में आॅल इज वेल है बोल रही है। इधर पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष ललन सिंह यह भी कह रहे हैं कि उनकी पार्टी के खिलाफ बड़ी साजिश हो रही है। चिराग मॉडल- दो की तैयारी थी। इधर जेडीयू नेता और नीतीश सरकार में शिक्षा मंत्री विजय कुमार चौधरी ने बिहार में एनडीए में सब ठीक है। कोई उलट-फेर से नहीं हो रहा है। जदयू विधायकों सांसदों की पटना में बैठक पर उन्होंने कहा कि यह सामान्य राजनीतिक गतिविधि है। वहीं राजद के प्रदेश अध्यक्ष जगदानंद सिंह ने कहा है कि हम हर युद्ध के लिए तैयार है। इसके साथ ही उन्होंने जदयू के साथ मिलकर सरकार बनाने की बात से भी इकार कर दिया है। उन्होंने कहा कि नीतीश कुमार को राजद के साथ गठंबधन करने के बजाए जनता के पास जानी चाहिए। वहीं राजद विधायकों और विधानपरिुषद सदस्यों की बैठक पर उन्होंने कुछ भी बोलने से इंकार कर दिया।
पूर्व मुख्यमंत्री जीतन राम मांझी की पार्टी "हम" ने भी अपने विधायक दल की बैठक बुलाई है। हम ने स्पष्ट कर दिया है, वे नीतीश कुमार के साथ हैं। जीतन राम मांझी ने भी एनडीए में टूट की संभावना से इनकार किया है। इधर जदयू बैठक बुलाने को लेकर कहा है कि आरसीपी सिंह प्रकरण के बाद पार्टी में जो स्थिति बनी है। उसपर विधायकों की राय जानने के लिए मुख्यमंत्री ने विधायकों की बैठक बुलाई है।