एबीएन सेंट्रल डेस्क। युल्ला कांडा हिमाचल प्रदेश के किन्नौर जिले के निचार तहसील में स्थित है और इसे दुनिया का सबसे ऊंचाई पर स्थित श्रीकृष्ण मंदिर माना जाता है। यह मंदिर समुद्र तल से लगभग 3,895 मीटर (12,780 फीट) की ऊंचाई पर स्थित है और एक पवित्र झील के मध्य में स्थित है, जिसे पांडवों द्वारा उनके वनवास के दौरान बनाया गया माना जाता है।
यहां हर वर्ष जन्माष्टमी के अवसर पर भव्य उत्सव आयोजित होता है, जिसमें किन्नौर और हिमाचल प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों से श्रद्धालु भाग लेते हैं।
यात्रा की शुरूआत युल्ला खास गांव से होती है, जो रिकांग पिओ से लगभग 35 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है। यहां से लगभग 12 किलोमीटर की ट्रेकिंग करके मंदिर तक पहुंचा जा सकता है।
यह ट्रेक मध्यम कठिनाई का है और इसमें घने जंगलों, हरे-भरे घास के मैदानों और ऊंचे पर्वतीय रास्तों से होकर गुजरना होता है।
यात्रा का सर्वोत्तम समय मई से अक्टूबर के बीच होता है, जब मौसम सुहावना होता है और रास्ते खुले रहते हैं। सर्दियों में भारी बर्फबारी के कारण यहां पहुंचना कठिन हो सकता है।
दिल्ली से युल्ला कांडा श्रीकृष्ण मंदिर (किन्नौर, हिमाचल) कैसे जायें :
स्टेप 1
- दिल्ली से शिमला (हिमाचल प्रदेश की राजधानी)
- हिमाचल रोडवेज (एचआरसीटीसी) या प्राइवेट वोल्वो बसें रोज चलती हैं (8-10 घंटे)।
- ट्रेन : दिल्ली से कालका तक ट्रेन लें,
- फिर कालका से शिमला के लिए टॉय ट्रेन।
- फ्लाइट : दिल्ली से शिमला (जुब्बड़हट्टी एयरपोर्ट) के लिए उड़ान।
स्टेप 2
- शिमला से रिकांग पिओ (किन्नौर)
- दूरी: लगभग 230 किलोमीटर
- एचआरसीटीसी की बसें, शेयर टैक्सी या निजी टैक्सी से आप जा सकते हैं।
स्टेप 3
- रूट : शिमला, नारकंडा, रामपुर, पूह, रिकांग पिओ
- स्टेप 3: रिकांग पिओ से युल्ला गांव
- करीब 35 किलोमीटर
- शेयर जीप या प्राइवेट टैक्सी से जायें।
- युल्ला गांव से ही ट्रेक शुरू होता है।
स्टेप 4
- युल्ला गांव से युल्ला कांडा श्रीकृष्ण मंदिर (ट्रेकिंग)
- दूरी: लगभग 12 किलोमीटर पैदल ट्रेक
- रास्ता जंगलों, घास के मैदानों और पहाड़ों से होकर जाता है।