टीम एबीएन, रांची। विश्व हिंदू परिषद्, प्रांत कार्यालय, शक्ति आश्रम, किशोरगंज में बैठक की गयी। जिसमें विश्व हिंदू परिषद के केंद्रीय मंत्री एवं केंद्रीय सेवा प्रमुख अजय पारीक का मार्गदर्शन प्राप्त हुआ। उन्होंने कहा कि विहिप के स्थापना से सेवा कार्य किया जा रहा है। विहिप का स्वभाव सेवा कार्य का है। हर कार्यकर्ता एक सेवा कार्य चला सकता है। अपने घर अपने मोहल्ले में ही सेवा कार्य किया जा सकता है।
सप्ताह में एक बार शिक्षा और संस्कार देने का कार्य किया जा सकता हैं। देश में 5000 से अधिक सेवा कार्य चल रहे है। जिसमें शिक्षा के क्षेत्र में सुदूर क्षेत्र में 100 से ज्यादा छात्रावास चलाया जा रहा है, 300 से अधिक स्कूल और कॉलेज चलाया जा रहा है। स्वास्थ्य में 5 अस्पताल चलाया जा रहा है, समाजिक और स्वालंबन के लिए मातृ शक्ति और दुर्गा वाहिनी के दीदी को प्रशिक्षण दिया जा रहा है।
श्री पारीक ने कहां कि विहिप का मुख्य कार्य है नर सेवा नारायण सेवा है, सेवा के लिए सेवा करना विश्व हिंदू परिषद् का कार्य नहीं है, आज समरसता के अभाव में भाई से भाई अलग हो रहे है, धरती बाट्टा जा रहा है, क्षेत्रीयता में बाट्टा जा रहा है। सेवा का मुख्य कार्य समरसता का भाव प्रकट करना है। सेवा से कार्यकर्ता का निर्माण किया जाता है, समाजिक जागरण और संगठन और धर्म जागरण करना विश्व हिंदू परिषद् का मुख्य कार्य है।
बैठक में प्रांत अध्यक्ष चंद्रकांत रायपत, पटना क्षेत्र सहमंत्री बीरेंद्र साहू, उपाध्यक्ष गंगा प्रसाद यादव, सुनील गुप्ता, राजेंद्र मुंडा, प्रांत मंत्री देवी सिंह, प्रांत मंत्री मिथलेश्वर मिश्र, प्रांत सहमंत्री रंगनाथ महतो, प्रांत सेवा सहप्रमूख अशोक अग्रवाल, आचार्य पुरोहित संपर्क प्रमुख जुगल किशोर, प्रांत सह कोषाध्यक्ष साबू जी, धर्मप्रसार प्रयोजना सहप्रमुख रेणु अग्रवाल, प्रांत सह संयोजिका कीर्ति गौरव, महानगर कैलाश केशरी, अमर प्रसाद, बजरंग दल सह संयोजिक दीपक ठाकुर, बबीता हिन्दू, कुणाल कुमार, पारस, मंजू सिंह एवं अन्य लोग मौजूद थे। उक्त जानकारी विहिप झारखंड के प्रान्त प्रचार प्रसार सहप्रमुख प्रकाश रंजन ने एक प्रेस विज्ञप्ति जारी कर दी।