टीम एबीएन, रांची। गोस्सनर कॉलेज के स्नातकोत्तर हिंदी विभाग की ओर से हिंदी दिवस मनाया गया। कार्यक्रम की शुरूआत दीप प्रज्वलन व बाइबल पाठ से हुई। कार्यक्रम का विषय-प्रवेश हिंदी विभाग के सहायक प्राध्यापक डॉ प्रशांत गौरव ने किया।
विषय प्रवेश के क्रम में उन्होंने कहा कि हिंदी भारत ही नहीं सम्पूर्ण विश्व में संवाद, संपर्क और रोजगार की भाषा में प्रयोग की जा रही है। वर्ल्ड इकनॉमिक फोरम के पवार इंडेक्स के अनुसार दुनिया के दस शक्तिशाली भाषाओं में हिंदी शामिल है।
अध्यक्ष भाषण देते हुए हिंदी विभाग अध्यक्ष प्रोफेसर आशा रानी केरकेट्टा ने कहा कि भारत के साथ ही विश्व स्तर के कई राष्ट्राध्यक्ष हिंदी के प्रयोग पर बल देते देखे गए हैं। हिंदी स्वाभिमान की भाषा है हमें हिंदी बोलने में गौरव की अनुभूति करनी चाहिए हिंदी भारतीय भाषाओं को जोड़ने वाली भाषा है।
मौके पर डॉ हाराधन कोईरी ने कहा कि हिंदी समुद्र की भांति है, जो सभी भाषा की शब्द- संपदा को अपने में ओढ़ लेती हैं।वहीं डॉ वर्षा शालिनी कुल्लू ने कहा है कि हिन्दी साहित्यिक रचना के लिए सर्वाधिक लोकप्रिय भाषा है। इस भाषा में लिखी गई कई रचनाएं वैश्विक जगत में लोकप्रिय हैं।
उनमें रामचरितमानस, कामायनी, गोदान आदि। मौके पर विद्यार्थियों के लिए क्विज प्रतियोगिता का आयोजन किया गया क्विज के लिए विद्यार्थियों को चार समूह में बांटा गया, जिसमें कामायनी अनामिका पल्लव और सेंड ग्रुप था सभी समूहों से हिंदी साहित्य के इतिहास से संबंधित प्रश्न पूछे गये।
क्विज प्रतियोगिता का परिणाम :
- प्रथम- अनामिका
- द्वितीय- सांध्यगीत
- तृतीय- पल्लव
भाषण प्रतियोगिता
- प्रथम- एलिन एक्का
- द्वितीय- निकिता होरो
- तृतीय- अंजलि और श्वेता तिग्गा
कविता पाठ
- प्रथम- अनिमा मिंज
- द्वितीय- अंशु लकड़ा
- तृतीय- ईशा बाला, रितेश कुमार
कार्यक्रम का संचालन प्रो सचिन तोपनो ने किया। वहीं धन्यवाद ज्ञापन प्रो रामईश्वर कुमार ने किया। मौके पर अंग्रेजी विभागाध्यक्ष डॉ ईवा मार्ग्रेट हांसदा, डॉ प्रदीप गुप्ता, प्रो द्रुपद चौधरी, डॉ अब्दुल बासित, डॉ विनोद राम सहित सैकड़ों हिंदी प्रेमी मौजूद थे।