आखिर क्यों कटा होता है मोबाइल सिम का एक किनारा? जानें इसका सीक्रेट
ABN Bureau• 25 Sep, 2022
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एबीएन नॉलेज डेस्क। मोबाइल सिम कार्ड के एक किनारे पर कट का निशान होता है, पर कभी सोचा है कि ऐसा क्यों है। मोबाइल नेटवर्क कंपनियों ने इसे खास मकसद से बनाया है, जानिए, इसका क्या काम है...
समय के साथ तकनीक में भी कई बदलाव आ रहे हैं। मोबाइल से लेकर सिम के आकार तक में बदलाव हुआ है। नतीजा, अब यूजर्स को बेहतर सुविधाएं मिल रही हैं। मोबाइल सिम कार्ड की बात करें तो पहले सामान्य सिम आते थे जो आयताकार होते हैं। इसके बाद सिम के आकार में थोड़ा बदलाव किया गया, जो चौंकाने वाला था। सामान्य सिम के एक किनारे को काट दिया गया। इतना ही नहीं, उस सिम को जहां पर लगाया गया उस स्लॉट में भी वही डिजाइन दी गई। चौंकाने वाली बात यह है कि ज्यादातर लोगों को यह नहीं मालूम कि आखिर सिम में बदलाव क्यों किया गया? उसके एक किनारे पर कट क्यों बनाया गया और मोबाइल नेटवर्क कंपनियों के ऐसा करने से यूजर पर क्या असर पड़ा? इन सवालों के समुचित जवाब यहां हैं।
इसलिए सिम में कट लगाने की नौबत आई : शुरुआती दौर में ऐसे फोंस आते थे जिसमें सिम लगाने की जरूरत ही नहीं पड़ती थी, इन्हें पोस्टपेड फोन कहा जाता था। फिर प्रीपेड फोन का चलन शुरू हुआ और कंपनियों ने सिम बनाने शुरू किये। सिम के चारों कोने बराबर बनाए जाते थे, इसलिए लोगों को इसे स्लॉट में लगाते समय में यह समझ नहीं आता था कि वो सीधा लगा रहे हैं या उल्टा। ठीक से न लगने पर वो बार-बार इसे लगाने की कोशिश करते थे।
ज्यादातर मामलों में सिम उल्टा लगाने के कारण वो या तो फंस जाता था या फिर सिम में लगी चिप खराब हो जाती थी। इस समस्या का हल ढूंढने के लिए कंपनियों ने सिम की डिजाइन में बदलाव करने की योजना बनाई। बदलाव के बाद ऐसा सिम बनाया जो एक किनारे पर कटा हुआ था।
कितने काम का साबित हुआ यह बदलाव : कंपनियों ने सिम के एक हिस्से पर कट लगाकर रिलीज करना शुरू किया। सिम की डिजाइन में बदलाव के कारण कंपनियों को मोबाइल में लगाई जाने वाली सिम ट्रे को भी बदलना पड़ा। इसके बाद इसे मोबाइल में लगाना आसान हुआ। सिम ट्रे में बने आकार में सिम को फिट करना आसान हो गया। इस तरह सिम के खराब होने या इसकी चिप खराब होने के मामले बंद हो गये।
कट मार्क के कारण यूजर को इसे ट्रे में लगाने का तरीका ज्यादा आसान लगा। सिम कार्ड का नया आकार दुनियाभर में इतना पॉपुलर हुआ कि इसे लगभग सभी कंपनियों ने अपनाया। इतना ही नहीं इसे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर आइएसओ ओर से भी मान्यता मिली। वर्तमान में सिम कार्ड बनाने वाली फ्रांस की कंपनी आइडिमिया दुनिया की सबसे बड़ी कंपनी है। अब आइडिमिया भारत को दुनिया का सिम कार्ड हब बनाने की योजना बना रही है। मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, आइडिमिया कंपनी भारत में सिम कार्ड के प्रोडक्शन का विस्तार करने की तेयारी में है।