एबीएन डेस्क। कम समय में ओमिक्रॉन का पता लगाने के लिए सीडीआरआई (उऊफक) के वैज्ञानिकों ने बड़ी कामयाबी हासिल की है। वैज्ञानिकों ने एक ऐसी टेस्टिंग किट तैयार कर ली है जोकि सिर्फ 4 घंटे में ओमिक्रॉन वायरस का पता लगा सकती है। यह पहली स्वदेशी आरटीपीसीआर किट है जिसका नाम ओम रखा गया है। बता दें कि अब तक जीनोम सीक्वेंसिंग के जरिए, ओमिक्रॉन का पता लगाया जा सकता है लेकिन सीडीआरआई के वैज्ञानिकों की एक टीम ने ओमिक्रॉन की विशिष्ट पहचान के लिए, इंडिगो ओम नाम की स्वदेशी किट बनाई है। सीडीआरआई के डायरेक्टर तापस कुंडू के मुताबिक नया वायरस ओमिक्रॉन आरटीपीसीआर टेस्ट के जरिए, पकड़ में नहीं आता था और इसी बात को ध्यान में रखते हुए हमारे वैज्ञानिकों ने आटी-पीसीआर किट ओम की खोज की है। किट को विकसित करने वाले वैज्ञानिकों के लीडर अतुल गोयल ने बताया है कि करीब 60 दिनों की मेहनत के बाद इस किट को तैयार किया गया है। इसके जरिए सिर्फ 4 घंटे में ही आरटी पीसीआर टेस्ट करके ओमिक्रॉन वेरीएंट का पता लगाया जा सकता है।