चीन में फैले नये वायरस एचएमपीवी से बचने के क्या हैं उपाय, इसके लिए है कोई वैक्सीन?
एबीएन हेल्थ डेस्क। हाल ही में चीन में मानव मेटान्यूमोवायरस (एचएमपीवी) के मामलों में वृद्धि देखी जा रही है। एचएमपीवी एक श्वसन वायरस है जो ऊपरी और निचले श्वसन संक्रमण का कारण बन सकता है। यह वायरस विशेष रूप से छोटे बच्चों, बुजुर्गों और कमजोर प्रतिरक्षा प्रणाली वाले लोगों को प्रभावित करता है। 2001 में खोजे गये इस वायरस का संबंध श्वसन सिंकिटियल वायरस (आरएसवी) से है, और यह न्यूमोविरिडे परिवार का सदस्य है।
एचएमपीवी के लक्षण और प्रसार
एचएमपीवी आमतौर पर सर्दियों और वसंत के दौरान अधिक सक्रिय होता है। इसके लक्षण सर्दी-जुकाम जैसे होते हैं, जिनमें खांसी, गले में खराश, बुखार और सांस लेने में दिक्कत शामिल हैं। यह वायरस संक्रमित व्यक्ति के खांसने, छींकने, या दूषित सतहों के संपर्क में आने से फैलता है।
एचएमपीवी से बचने के उपाय
एचएमपीवी से बचाव के लिए कुछ बुनियादी स्वच्छता उपायों का पालन करना जरूरी है।
- हाथों की सफाई : अपने हाथों को साबुन और पानी से कम से कम 20 सेकंड तक धोयें।
- संपर्क से बचाव : बीमार लोगों के साथ निकट संपर्क से बचें।
- स्वच्छता बनाये रखें : दूषित सतहों, जैसे दरवाजे की कुंडी और खिलौनों को नियमित रूप से साफ करें।
- सुरक्षित आदतें अपनायें : खांसते और छींकते समय मुंह और नाक ढंकें। अपनी निजी वस्तुओं जैसे कप और खाने के बर्तन साझा करने से बचें।
- घर पर रहें : बीमार होने पर घर पर रहकर संक्रमण को फैलने से रोकें।
क्या है एचएमपीवी का इलाज?
एचएमपीवी के लिए फिलहाल कोई विशिष्ट एंटीवायरल दवा या वैक्सीन उपलब्ध नहीं है। इसके इलाज में लक्षणों को कम करने और सहायक चिकित्सा देखभाल का सहारा लिया जाता है।