एबीएन सेंट्रल डेस्क। न्यूजीलैंड में चक्रवात गेब्रियल भयावह स्थितियां उत्पन्न कर रहा है। चक्रवात के बाद अब बाढ़ न्यूजीलैंड के लिए बड़ी मुसीबत बन गयी है। बाढ़ से न्यूजीलैंड की एक तिहाई आबादी प्रभावित हुई है और स्थितियां सामान्य नहीं हो पा रही हैं।
चक्रवात गेब्रियल ने न्यूजीलैंड के कई द्वीपों में तबाही मचायी है। बड़े पैमाने पर बाढ़ के साथ भूस्खलन हुआ है। समुद्री लहरें उमड़ने से समुद्र तट पर अफरातफरी है। भारी बारिश और तेज हवा के कारण हजारों घरों की बिजली गुल हो गयी है। इस कारण विमान सेवाओं का संचालन संभव नहीं हो पा रहा है और सैकड़ों उड़ानें रद कर दी गयी हैं। तूफान के बाद न्यूजीलैंड सरकार ने राष्ट्रीय आपातकाल की घोषणा कर दी है। चक्रवात के कारण आयी बाढ़ अब देश की नयी मुसीबत बनकर उभरी है। बाढ़ से देश की एक तिहाई आबादी प्रभावित है और उनके लिए सामान्य जनजीवन भी अस्त-व्यस्त हो गया है।
चक्रवात व बाढ़ के कारण सवा लाख से अधिक लोग बेघर होकर सड़कों पर आ गये हैं। दरअसल पेड़ गिरने से तमाम घर टूट गये हैं और भूस्खलन से कई घर बह गये हैं। देश भर में सड़कों अवरुद्ध हो जाने के कारण आवाजाही प्रभावित हो गयी है।
उत्तरी द्वीप के सुदूर उत्तर और पूर्वी तट पर रहने वालों को तूफान का सर्वाधिक नुकसान झेलना पड़ रहा है। हॉक्स बे, कोरोमंडल और नॉर्थलैंड जैसे क्षेत्रों में सबसे ज्यादा नुकसान हुआ है। हालात इस हद तक बदतर हो गये हैं कि हॉक्स बे के कुछ निवासियों को बचने के लिए बेडरूम की खिड़कियों से तैरकर बाहर आना पड़ा क्योंकि उनके घरों में पानी भर गया था। बाढ़ग्रस्त इलाकों की हवाई तस्वीरों में छतों पर फंसे लोग राहत के लिए इंतजार करते नजर आ रहे हैं।