Breaking
ताज़ा समाचार लोड हो रहा है...
वर्ल्ड

चीन में फिर कोरोना विस्फोट से अलर्ट मोड में इंडिया, ये रिपोर्ट दिखाये बिना यात्रा पर मनाही

शेयर करें: WhatsApp Facebook X
चीन में फिर कोरोना विस्फोट से अलर्ट मोड में इंडिया, ये रिपोर्ट दिखाये बिना यात्रा पर मनाही
विज्ञापन

एबीएन सेंट्रल डेस्क। भारत में कोरोना मामले अब बिल्कुल न के बराबर रह गये हैं। लेकिन पड़ोसी मुल्क चीन में ये जानलेवा वायरस कहर बरपा रहा है। भारत में भी 2020 को पहला मामला चीन से लौटे एक स्टूडेंट के साथ ही आया था। सरकार इसको लेकर अलर्ट नजर आ रही है। अगले महीने क्रिसमस और न्यू ईयर के मौके पर यदि आप अंडमान-निकाबोर द्वीप केपोर्ट ब्लेयर या लद्दाख के लेह की यात्रा कर रहे हैं और आपने कोरोना वैक्सीनेशन नहीं लिया है आप परेशानी में पड़ सकते हैं। आपके पास आरटी-पीसीआर जांच की रिपोर्ट होनी चाहिए। हालांकि लोगों से इससे काफी परेशानी भी उठानी पड़ रही है। 
अधिकतर राज्यों एवं केंद्रशासित प्रदेशों ने कोरोना संबंधी प्रतिबंधों में ढील दे दी है, लेकिन कुछ प्रदेश ऐसे भी हैं, जो अब भी चाहते हैं कि जिन लोगों ने टीकाकरण नहीं कराया है, वे यात्रा शुरू करने से पहले 48 से 96 घंटों के भीतर अनिवार्य रूप से आरटी-पीसीआर जांच करा लें या हवाई अड्डों पर पहुंचने पर उनकी जांच की जाये। दक्षिण अंडमान के उपायुक्त सुनील अंचिपाका ने पीटीआई से कहा कि केंद्र शासित प्रदेश टीकाकरण नहीं कराने वाले यात्रियों के पोर्ट ब्लेयर हवाई अड्डा पहुंचने पर अनिवार्य आरटी-पीसीआर के संबंध में स्वास्थ्य विभाग के निर्देशों का पालन करता है। 
वैक्सीनेशन नहीं करवाया तो फिर होगी आरटीपीसीआर जांच
अंडमान -निकोबार के अलावा लद्दाख भी ऐसा केंद्रशासित प्रदेश है जहां टीकाकरण नहीं कराने वाले यात्रियों के लिए लेह हवाई अड्डे पर आरटी-पीसीआर जांच कराना अनिवार्य है। लेह में स्वास्थ्य सेवाओं के निदेशक डॉ मोटुप दोरजे ने कहा, हम चुनिंदा आधार पर कुछ पर्यटकों की आरटी-पीसीआर जांच कर रहे हैं।

वैज्ञानिकों का कहना है कि यह जांच प्रक्रिया निरर्थक है और इसका कोई वैज्ञानिक औचित्य नहीं है। उनका तर्क है कि जब वैज्ञानिक रूप से यह पुष्टि हो जाती है कि टीकाकरण करा चुका व्यक्ति भी संक्रमण फैला सकता है, तो टीकाकरण नहीं कराने वाले लोगों के लिए हवाई अड्डों पर आरटी-पीसीआर जांच अनिवार्य करने का कोई मतलब नहीं है।

इसकी नहीं है कोई आवश्यकता :  जयप्रकाश

जाने माने महामारीविद् जयप्रकाश मुलियिल ने कहा, इसकी कतई आवश्यकता नहीं है। हर किसी को कम से कम एक बार कोरोना वायरस संक्रमण हो चुका है। उन्होंने कहा कि इससे लोगों रोग प्रतिरोधक क्षमता विकसित हो गई है। परस्पर विरोधी नियमों के कारण यात्रियों को भी अनावश्यक असुविधा होती है। इस संबंध में 28 वर्षीय संजय ने कहा, मैं अपने परिवार के छह अन्य सदस्यों के साथ पोर्ट ब्लेयर गया था और हमें उनकी आरटी-पीसीआर जांच करानी पड़ी, जिससे मुझ पर अतिरिक्त वित्तीय बोझ पड़ा।
लोग हो रहे कन्फ्यूज : उन्होंने कहा कि विमानन कंपनियों की वेबसाइट पर पुराने यात्रा परामर्श के कारण भी भ्रम की स्थिति पैदा होती है। इंडिगो ने अपनी वेबसाइट पर उन प्रोटोकॉल का उल्लेख किया है जो विभिन्न राज्य सरकारों ने अपने-अपने हवाई अड्डों पर आने वाले यात्रियों के लिए निर्धारित किये हैं। वेबसाइट पर कहा गया है कि इन नियमों को नौ नवंबर को अद्यतन किया गया लेकिन राज्य के कई स्वास्थ्य अधिकारियों ने बताया कि ये नियम बहुत पहले ही वापस लिए जा चुके हैं।

विज्ञापन

abnnews24

सच तो सामने आकर रहेगा

टीम एबीएन न्यूज़ 24 अपने सभी पाठकों और प्रेरणाश्रोतों का अभिनन्दन करता है। आपके सहयोग और विश्वास के लिए धन्यवाद।

विज्ञापन

© 2026 ABN News 24. All Rights Reserved.

कुल पाठक (Total Visitors): 35,099