बड़े भाई स्व. रतन की संभालेंगे विरासत
टाटा संस के चेयरमैन के रुप में काम करते रहेंगे एन चंद्रशेखरन
एबीएन सेंट्रल डेस्क (जमशेदपुर/मुंबई)। टाटा समूह में 65 प्रतिशत से अधिक हिस्सेदारी रखने वाले टाटा ट्रस्ट में शामिल विभिन्न ट्रस्टों के ट्रस्टियों ने गत 11 अक्तूबर 2024 को मुंबई में एक संयुक्त बैठक में मुलाकात की। उन्होंने टाटा ट्रस्ट के अध्यक्ष पद्मश्री रतन एन. टाटा के निधन पर शोक व्यक्त किया और न केवल टाटा समूह बल्कि राष्ट्र निर्माण के लिए भी उनकी उल्लेखनीय सेवाओं को याद किया।
इसके तुरंत बाद हुई अलग-अलग बैठकों में, सर्वसम्मति से श्री नोएल नवल टाटा को टाटा ट्रस्ट का गठन करने वाले विभिन्न ट्रस्टों के अध्यक्ष के रूप में नियुक्त करने और उन्हें टाटा ट्रस्ट के अध्यक्ष के रूप में भी नामित करने का निर्णय लिया गया। उनकी नियुक्ति तत्काल प्रभाव से लागू हो गयी है।
इस अवसर पर बोलते हुए टाटा ट्रस्ट के अध्यक्ष, नोएल नवल टाटा ने कहा, मेरे साथी ट्रस्टियों द्वारा मुझ पर जो जिम्मेदारी डाली गई है, उससे मैं बहुत सम्मानित और विनम्र महसूस कर रहा हूं। मैं रतन एन. टाटा और टाटा समूह के संस्थापकों की विरासत को आगे बढ़ाने के लिए उत्सुक हूं। एक सदी से भी पहले स्थापित, टाटा ट्रस्ट सामाजिक भलाई के कार्य करने का एक अनूठा माध्यम है। इस पवित्र अवसर पर, हम अपनी विकासात्मक और परोपकारी पहलों को आगे बढ़ाने और राष्ट्र निर्माण में अपनी भूमिका निभाने के लिए खुद को फिर से समर्पित करते हैं।
जानें कौन हैं नोएल टाटा
67 साल के नोएल टाटा, सर दोराबजी टाटा ट्रस्ट और सर रतन टाटा ट्रस्ट के ट्रस्टी के रूप में टाटा ट्रस्ट का अभिन्न अंग रहे हैं। टाटा समूह के भीतर उनके व्यापक अनुभव और ट्रस्टों के साथ उनके दीर्घकालिक संबंधों ने उन्हें अध्यक्ष पद के लिए आदर्श उम्मीदवार के रूप में स्थापित किया।
पारसी समुदाय (जो ऐतिहासिक रूप से टाटा की विरासत से निकटता से जुड़ा हुआ है) ने इस महत्वपूर्ण भूमिका के लिए परिवार के सदस्य को नियुक्त करने के लिए मजबूत समर्थन व्यक्त किया, जिससे नोएल टाटा स्वाभाविक पसंद बन गये। अपनी शांत और संयमित नेतृत्व शैली के लिए जाने जाने वाले, वह अपने दिवंगत सौतेले भाई के अधिक प्रमुख और सार्वजनिक व्यक्तित्व के विपरीत प्रस्तुत करते हैं।
नोएल टाटा वर्तमान में टाटा स्टील और टाटा मोटर्स के वाइस चेयरमैन, टाटा इंटरनेशनल लिमिटेड के एमडी और ट्रेंट के चेयरमैन हैं। नोएल टाटा स्व. रतन टाटा के सौतेले भाई हैं। उनकी शिक्षा की जहां तक बात है तो उन्होंने ससेक्स यूनिवर्सिटी, यूके से अर्थशास्त्र में डिग्री ली है। साथ ही इनसिड, फ्रांस से इंटरनेशनल एग्जूक्टिव प्रोग्राम में पढाई की है। उन्होंने अपने कैरियर की शुरुआत टाटा इंटरनेशनल से की और जहां भी दायित्व मिला उन्होंने बेहतर प्रदर्शन किया है। नोएल टाटा की शादी शापुरजी पालनजी मिस्त्री जिनकी टाटा संस में 18 प्रतिशत हिस्सेदारी है की बेटी और पूर्व चेयरमैन साईरस मिस्त्री की बहन आलू मिस्त्री से हुई है। इन दोनों से तीन बच्चे हैं जो अब टाटा समूह में अपनी भूमिका निभाने लगे हैं।
जानें टाटा ट्रस्ट के बारे में
1892 से, भारत की सबसे पुरानी परोपकारी संस्था, टाटा ट्रस्ट, समुदायों के बीच स्थायी प्रभाव पैदा करने में सबसे आगे रही है। हमारे संस्थापक, जमशेदजी टाटा की दूरदर्शी परोपकारिता में निहित, ट्रस्ट परिवर्तनकारी परिवर्तन को प्रेरित करने और देश भर में समुदायों के उत्थान के लिए अग्रणी प्रगति के लिए प्रतिबद्ध हैं। नवाचार, समावेशिता और स्थिरता के प्रति हमारी स्थायी प्रतिबद्धता हमारे काम में अंतर्निहित है।
हमने स्वास्थ्य, पोषण, शिक्षा, जल, साफ-सफाई और स्वच्छता, आजीविका, शहरी आवास, सामाजिक न्याय, पर्यावरण और ऊर्जा, कौशल विकास, खेल और कला और संस्कृति सहित विभिन्न क्षेत्रों में ठोस और टिकाऊ विकास की सुविधा प्रदान की है। टाटा ट्रस्ट रणनीतिक साझेदारियों और दूरदर्शी अनुदान निर्माण के माध्यम से समुदायों को सशक्त बनाता है, जो लगातार हमारे देश की उभरती जरूरतों को पूरा करने वाले नवीन समाधान पेश करता है।