टीम एबीएन, रांची। वरिष्ठ आइएएस अफसर पूजा सिंघल की मुश्किलों बढ़ गयी हैं। दरअसल, एसीबी यानी एंटी करप्शन ब्यूरो ने उनके खिलाफ 5 और फाइलों की जांच शुरू कर दी है। इससे पहले पूजा सिंघल के खिलाफ 11 केसों की जांच पूरी हो चुकी है।
कुल मिलाकर एक बार फिर से पूजा सिंघल की तकलीफें बढ़ने वाली हैं। इससे पहले ईडी की विशेष न्यायालय ने आईएएस पूजा सिंघल के डिस्चार्ज एप्लीकेशन को खारिज करते हुए उन्हें तगड़ा झटका दिया था।
ईडी की अदालत ने उनके डिस्चार्ज एप्लीकेशन को खारिज करते हुए ये स्पष्ट कर दिया है कि आरोपों का सामना पूजा सिंघल को करना पड़ेगा और ट्रायल फेस करना पड़ेगा क्योंकि उनके खिलाफ आरोपों को लेकर प्रथमदृष्टया पर्याप्त आधार मुकदमा चलाने के ईडी द्वारा न्यायालय के समक्ष पेश किये गये हैं।
बता दें कि आज ईडी की विशेष अदालत में जस्टिस पीके शर्मा ने पूजा सिंघल के डिस्चार्ज पिटीशन को खारिज कर दिया है। याचिका पर 25 मार्च को कोर्ट ने सुनवाई पूरी कर ली थी और दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद 3 अप्रेल की तिथि फैसले के लिए तय की थी।
बता दें कि बीती सुनवाई के दौरान पूजा सिंघल ने अपने अधिवक्ता के माध्यम से दलील दी थी और खुद को पाक-साफ बताया था। मामले में पूजा सिंघल, उनके पति अभिषेक झा के सीए सुमन कुमार और खूंटी के तत्कालीन सहायक अभियंता शशि प्रकाश के खिलाफ आरोप पत्र न्यायालय में दायर किया जा चुका है।
इनके खिलाफ अब मंगलवार यानी कल आरोप गठित किया जाएगा। मामले में राम विनोद प्रसाद सिन्हा के पहले से ही आरोप तय किए जा चुके हैं। वहीं, आइएएस अधिकारी पूजा सिंघल दो माह की अंतरिम जमानत पर हैं। उन्हें सुप्रीम कोर्ट द्वारा जमानत दी गई है।