टीम एबीएन, मेदिनीनगर, (पलामू)। कम वर्षापात के मद्देनजर कृषि कार्य में पड़ रहे प्रतिकूल असर को लेकर क्षेत्रीय अनुसंधान केंद्र के सह निदेशक डॉ डीएन सिंह की उपस्थिति में संस्थान के वैज्ञानिक प्रमोद कुमार, डॉ ए साह एवं सभी क्षेत्र कर्मचारी आज क्षेत्र का भ्रमण किया। डॉ डीएन सिंह ने संस्थान तथा कृषकों को कृषि कार्य में सभी प्रबंधन को लागू करने की सलाह दी। उन्होंने वर्षा जल संचयन, श्री विधि से धान लगाने, घास की निकौनी प्रबंधन, यूरिया का टॉप ड्रेसिंग कर बेहतर कर पाया। उन्होंने कहा कि संस्थान इस प्रतिकूल स्थिति में भी अपने प्रक्षेत्र अंतर्गत 10 एकड़ में बीज उत्पादन योजना के तहत धान की रोपाई की है। कम बारिश के कारण उत्पन्न स्थिति के बावजूद यहां धान की फसल लगना बड़ी बात मानी जा रही है। साथ ही संस्थान के कृषि संबंधित 35-40 प्रयोग भी लगाया गया है। वहीं अरहर, सोयाबीन, उरद और मूंगफली की खेती भी की गयी। यह सब जल के बेहतर प्रबंधन से संभव हो पाया है। यहां पर 4 एकड़ में धान की सीधी बुवाई गेहूं की तरह की गई है, जो ठीक है। कृषकों को सलाह दी गयी कि वह मध्यम तथा सोत जमीन में इसी तरह धान की बुआई कर अपनी उत्पादन ले सकते हैं। वहीं अभी भी किसान अपनी जमीन पर अरहर लगाकर अच्छा उत्पादन ले सकते हैं।