टीम एबीएन, रांची। झारखंड के 300 थानों में महिला हेल्प डेस्क जल्द खोल दिये जायेंगे, महिला डेस्क को बेहतरीन तरीके से चलाने के लिए झारखंड सीआईडी की टीम निर्भया फंड से 300 स्कूटी की खरीदारी करेगी। सीआईडी ने झारखंड में महिला हेल्प डेस्क को सुचारू रूप से चलाने के लिए 300 स्कूटी की खरीद की प्रक्रिया शुरू कर दी है। स्कूटी केंद्र सरकार के द्वारा मिलने वाले निर्भया फंड से खरीदी जाएगी। स्कूटी की खरीद पर तकरीबन 3.24 करोड़ रुपये खर्च होंगे। सीआईडी मुख्यालय से मिली जानकारी के अनुसार झारखंड के चिह्नित 300 थानों में महिला हेल्प डेस्क खोला जा रहा है। हेल्प डेस्क में महिलाओं से जुड़ी शिकायतों पर तत्काल सुनवाई होगी। महिला डेस्क में महिला एसआई, एएसआई, हवलदार और सिपाहियों की तैनाती होगी ताकि महिलाएं अपनी शिकायत खुलकर महिला पुलिसकर्मियों के समक्ष रख सकें। 300 थानों में महिला हेल्प डेस्क खोलने के लिए लैपटॉप, टैब की खरीद भी की जा रही है। तत्काल कार्रवाई करने की जरूरत पड़ने पर महिला पदाधिकारी मौके पर जा सकें, इसके लिए स्कूटी की खरीद की जा रही है। राजधानी रांची में भी 23 थानों में महिला हेल्प डेस्क खोला जाना है। एनसीआरबी के आंकड़ों के हिसाब से महिला अपराध के मामले में झारखंड 13वें स्थान पर हैं। एनसीआरबी और राज्य पुलिस के आंकड़ों के हिसाब से दुष्कर्म या यौन अपराध के अधिकांश मामलों में परचितों या रिश्तेदारों की भूमिका रही है। कई बार हिचक के कारण महिलाएं अपनी बात थाने तक नहीं रख पाती है। वहीं थानों में पुरूष पुलिसकर्मियों के कारण महिलाओं को बात रखने में सहज अनुभव नहीं होता है। ऐसे में पहले चरण में 300 थानों में महिला हेल्प डेस्क खोला जा रहा है। महिला हेल्प डेस्क में महिला अधिकारी और महिला पुलिसकर्मियों की तैनाती की जाएगी जहां महिला पुलिसकर्मी महिलाओं की शिकायतें सुनेंगी। इसके बाद उनकी जिम्मेदारी इस संबंध में कार्रवाई करने की होगी। अनुसंधान की दिक्कत न हो इसके लिए ही स्कूटी की खरीद भी महिला हेल्प डेस्क के लिए की जा रही है ताकि तत्काल भी महिला की शिकायत पर कार्रवाई की जा सकें।