टीम एबीएन, रांची। केंद्र सरकार द्वारा पेश किए गए आम बजट पर झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने अपनी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने केंद्र सरकार पर हमला करते हुए कहा कि यह बजट मध्यमवर्गीय परिवार, नौकरी पेशा और गरीब वर्ग विरोधी है। राष्ट्रीय संपदा को पूंजीपतियों को उपहार स्वरूप देने के लिए यह बजट बनाया गया है। सीएम हेमंत सोरेन ने कहा कि यह बजट पूरी तरह आरक्षण विरोधी है। किसानों को झुनझुना थमाने वाला है। उन्होंने कहा कि बजट में युवाओं, किसानों, आदिवासियों, दलितों और पिछड़ों का खयाल नहीं रखा गया है। प्रधानमंत्री सिर्फ मन की बात कहते हैं, उन्हें किसी की भावना का खयाल नहीं है। यह इस बजट में साफ साफ दिख रहा है। उन्होंने कहा कि इस बजट में राज्यों को विकास के लिए ऋण दिए जाएंगे जबकि पहले फंड के रूप में दिया जाता था। उन्होंने कहा कि आज के बजट में वित्त मंत्री ने केंद्र के मन की बात कही है। इस बजट में किसी की सुनवाई नहीं हो रही है सिर्फ अपनी बातें होती हैं। नीति आयोग के CEO अमिताभ कांत ने कहा कि ये बहुत ही प्रगतिशील बजट है। ये पिछले साल के बजट की निरंतरता में है। इस बजट से भारत की लंबे समय तक ग्रोथ होगी। इसकी खासियत ये है कि ये पूंजीगत व्यय पर फोकस करता है। पिछले साल 5.54 लाख करोड़ दिए गए थे, इसे बढ़ाकर 7.5 लाख करोड़ कर दिया गया है। इस बजट ने शहरीकरण और MSME पर बहुत फोकस किया है। MSME की क्रेडिट गारंटी स्कीम को 4.5 लाख करोड़ से बढ़ाकर 5 लाख करोड़ कर दिया गया है। पर्यटन क्षेत्र पर बहुत फोकस किया गया है।