टीम एबीएन, रांची। झारखंड में आनेवाले समय में बड़े पैमाने पर नियुक्ति होगी। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के निर्देश पर बुलाई गई हाई लेवल बैठक में नियुक्ति प्रक्रिया तेज करने के निर्देश दिये गए हैं। राज्य सरकार के विभिन्न विभागों में खाली पड़े पदों को भरने की प्रक्रिया तेज हो गई है। कोरोना संकट के बीच मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन ने नियुक्ति प्रक्रिया में तेजी लाने को लेकर गुरुवार को विभिन्न विभागों के वरीय अधिकारियों के साथ उच्च स्तरीय बैठक की। मुख्यमंत्री आवास में हुई इस बैठक में सीएम ने अधिकारियों से कहा कि शिक्षा समेत सभी विभागों में खाली पड़े पदों को भरने की दिशा में प्रक्रिया तेज की जाए। इस दिशा में पदों के सृजन के साथ इसमें आ रही सभी तरह की अड़चनों को अविलंब दूर करने का निर्देश मुख्यमंत्री ने दिया है। उन्होंने कहा कि ज्यादा से ज्यादा युवाओं को रोजगार देने का सरकार का संकल्प है। ऐसे में कोरोना की वजह से नियुक्ति प्रक्रिया प्रभावित नहीं हो, इसका भी ख्याल रखा जाना चाहिए। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन द्वारा बुलाई गई हाई लेवल बैठक में मुख्य सचिव सुखदेव सिंह, मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव राजीव अरुण एक्का, कार्मिक विभाग की प्रधान सचिव श्रीमती वंदना डाडेल, वित्त विभाग के प्रधान सचिव अजय कुमार सिंह, विधि विभाग के प्रधान सचिव नलिन कुमार, मुख्यमंत्री के सचिव विनय कुमार चौबे और स्कूली शिक्षा और साक्षरता विभाग के सचिव राजेश शर्मा मौजूद थे। राज्य सरकार के विभिन्न विभागों में कुल 5.25 लाख पद सृजित हैं। इसमें से करीब 4 लाख पद खाली हैं। यानी आधे से अधिक पद खाली पड़े हैं। इतनी संख्या में पद खाली होने के चलते सरकारी कामकाज बुरी तरह प्रभावित है। जो अधिकारी और कर्मचारी मौजूद हैं, उन पर कार्य का अतिरिक्त बोझ है। सरकारी आंकड़ों के अनुसार, राज्य के गृह, कारा एवं आपदा प्रबंधन विभाग में ही 80,638 पद रिक्त हैं। जबकि स्वीकृत पदों की संख्या 1,51,407 है। इसी तरह शिक्षा, कृषि, स्वास्थ्य एवं ग्रामीण विकास जैसे विभागों में भी ऐसी ही स्थिति है।