रिम्स की जमीन पर बुधवार को भी चला प्रशासन का बुलडोजर, अतिक्रमण के खिलाफ कार्रवाई जारी
टीम एबीएन, रांची। झारखंड उच्च न्यायालय के आदेश के बाद राज्य के सबसे बड़े सरकारी अस्पताल रिम्स की जमीन को अतिक्रमण मुक्त करने के लिए जिला प्रशासन की ओर से लगातार कार्रवाई की जा रही है। अतिक्रमण हटाओ अभियान में और तेजी आयी है और पक्के मकानों को तोड़ने में तीन तीन बुलडोजर लगाये गये हैं।
जिला प्रशासन की ओर से नियुक्त कार्यपालक दंडाधिकारी साइनी तिग्गा के साथ साथ बड़गाई के सीओ विजय कुमार दास खुद अतिक्रमण हटाओ अभियान का नेतृत्व कर रहे हैं।
बड़गाई सीओ ने बताया कि झारखंड उच्च न्यायलय के आदेश पर आज भी कार्रवाई जारी है। उन्होंने आगे बताया कि रिम्स के डॉक्टर्स आवासीय कॉलोनी में कई दिनों तक अतिक्रमण हटाओ अभियान चलाये जाने के बाद से डीआईजी ग्राउंड के चारों ओर रिम्स की जमीन पर बनाये गये अवैध निर्माण को तोड़ा जा रहा है। उन्होंने कहा कि डीआईजी ग्राउंड के पूर्वी भाग में बने पक्के निर्माण को आज हटाया जा रहा है। इसके लिए तीन-तीन बुलडोजर को लगाया गया है।
बड़गाई सीओ ने बताया कि कानून के हिसाब से ये सभी निर्माण अवैध हैं। जब 1960-65 में इस जमीन का मालिकाना हक रिम्स के पास चला गया, उसके बाद जो भी रजिस्ट्री या म्यूटेशन एवं अन्य प्रक्रिया हुई है वे सब अवैध हैं। सीओ ने कहा कि किस अधिकारी का इसमें क्या दोष रहा है? यह तो आगे की जांच का विषय है लेकिन ये निर्माण अवैध हैं और इसे पूरी तरह अतिक्रमण मुक्त कराया जाएगा।
बड़गाई अंचल के अंचलाधिकारी विजय कुमार दास ने बताया कि रिम्स की जमीन पर बने बहुमंजिला अपार्टमेंट को तोड़ने की कार्रवाई आज भी जारी है। उन्होंने कहा कि चूंकि यह अपार्टमेंट रिहायशी इलाके में है और आसपास भी लोग रह रहे हैं, इसलिए कोई अनहोनी या अप्रिय घटना नहीं हो, इसलिए पहले ऊपर के दो तलों को बेहद सावधानी से तोड़ा जा रहा है। उसके बाद इसे बुलडोजर से ढहाया जायेगा।
झारखंड उच्च न्यायालय में दायर वाद संख्या डब्ल्यू पी (पीआइएल) 4736/2018 (ज्योति शर्मा वर्सेस राज्य सरकार एवं अन्य) में 3.12.2025 को पारित न्यायादेश में राज्य सरकार और रिम्स परिसर को 72 घंटे के अंदर सभी प्रकार के अतिक्रमण से मुक्त करने का आदेश दिया गया था।
झारखंड उच्च न्यायालय, रांची के दिये आदेश के अनुपालन में सभी अतिक्रमणकारियों को अतिक्रमण हटा लेने का निर्देश देते हुए नोटिस जारी किया गया था। रांची जिला प्रशासन, पुलिस प्रशासन और रिम्स प्रबंधन संयुक्त रूप से अतिक्रमण हटाने का अभियान चला रहा है।