टीम एबीएन, रांची। रांची में ई-रिक्शा लोगों के लिए परेशानी का सबब बन गया है। ई-रिक्शा के कारण हर रोड में जाम लग रहा है। ट्रैफिक पुलिस व नगर निगम भी ई-रिक्शा पर कार्रवाई नहीं कर पा रही है। रोक के बावजूद ई-रिक्शा मेन रोड में धड़ल्ले से चल रहे है़। दो साल पहले निगम ने उनके लिए रूट तय किया था।
सभी ई-रिक्शा चालकों को रूट के अनुसार ही परिचालन करने को कहा गया था। लेकिन वह व्यवस्था भी टांय-टांय फिस्स हो गयी। वर्तमान में 6500 से अधिक ई-रिक्शा शहर में चलते हैं। हर रोड में ई-रिक्शा लोगों के लिए आंतक बन गया है। इनके कारण कई बार दुर्घटना होती है, क्योंकि सवारी मिलते ही वह रोड के बीच में ही अचानक वाहन रोक देते हैं। इस कारण उसके पीछे चलने वाले वाहन चालक उसे बचाने या टकराने से दुर्घटनाग्रस्त होकर घायल हो रहे है।
ट्रैफिक पुलिस भी उनके सामने विवश नजर आती है। ई-रिक्शा चालकों ने तो अब विभिन्न गली के मोड़ पर भी स्टैंड बना लिया है। बाइलेन में ई-रिक्शा का जमावड़ा लगा रहता है, जिसके कारण लोग हमेशा जाम से परेशान रहते हैं। मेन रोड सहित अधिकतर रोड में ई-रिक्शा वालों का कब्जा है।
चडरी व दुर्गा बाड़ी के पीछे स्टेट लाइब्ररी रोड में तो इनका पूरी तरह कब्जा है। ई-रिक्शा चालकों ने वहां स्टैंड बना दिया है। वहां से मुख्य रूप से ई-रिक्शा वाले रातू रोड, कचहरी, कांके रोड के लिए सवारी बैठाते हैं। राजधानी में कांटाटोली, रातू रोड, सिरमटोली से मेकन तक तीन फ्लाई ओवर का निर्माण हो रहा है।
इन सड़कों पर जाम होने के कारण लोग वैकल्पिक रोड के रूप में बाइलेन का प्रयोग करते हैं, लेकिन बाइलेन पर भी ई-रिक्शा वालों ने कब्जा कर रखा है। ट्रैफिक एसपी कैलाश करमाली ने कहा है कि ई-रिक्शा व बिना परमिट के आटो चलानेवालों के खिलाफ इस सप्ताह अभियान चलाया जायेगा।