टीम एबीएन, रांची। हमारे पड़ोसी देश बंग्लादेश में अल्पसंख्यकों पर होने वाले अत्याचार, मानवता को शर्मशार कर रहे हैं। मानवता के दानव दरिंदगी पर उतर आये हैं। ऐसे मुल्क के दानव आकाओं को भारत सरकार द्वारा मुंहतोड़ करारा जबाब देना चाहिये एवं राह से भटके हुए बांग्लादेशी मानवता के दानवों को पूर्व में भारत द्वारा प्रदान अभूतपूर्व सहयोग को याद दिलाना चाहिये।
बांग्लादेशी अल्पसंख्यक उसी देश के नागरिक एवं विकास में इनका योगदान भी हैं। इस दिशा में हमारे भारत देश की सरकार तो अपने स्तर पर कूटनीतिक तरीके से प्रयास करेगी। हमारे देश के बुद्धिजीवी वर्ग भी अपना प्रदर्शन कर रहे हैं पर भारत के अल्पसंख्यक समाज को भी मानवता के दानवों के खिलाफ आवाज बुलंद उठानी चाहिए।
जिससे संपूर्ण विश्व में भारत की गंगा जमुना तहजीव और अमन शांति का पैग़ाम की एक मिशाल बने। मैं ईश्वर से प्रार्थना करता हूं कि आक्रांताओं को परमात्मा सद्बुद्धि दे और अल्पसंख्यकों पर होने वाले अत्याचारों पर अब जल्द विराम लगे। उक्त जानकारी झारखंड प्रांतीय मारवाड़ी सम्मेलन के प्रांतीय उपाध्यक्ष मनोज बजाज ने दी।