एबीएन डेस्क। पैरालंपिक में भारत के सिंहराज अडाना ने पुरुषों की 10 मीटर एयर पिस्टल स्पर्धा एसएच-1 के फाइनल में कांस्य पदक जीतकर इतिहास रच दिया। उन्होंने यह पदक 216.8 अंकों के साथ अपनी झोली में डाला। उनकी इस ऐतिहासिक उपलब्धि के बाद हर कोई तारीफ कर रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी उन्हें कांस्य पदक जीतने पर बधाई दी। हरियाणा के बहादुरगढ़ से ताल्लुक रखने वाले शूटर सिंहराज का सफर टोक्यो पैरालंपिक तक आसान नहीं रहा। अपने इस सफर के दौरान उन्हें कई झंझावातों से पार पाना पड़ा।
दिव्यांगता उन्हें कभी निशानेबाज बनने से नहीं रोक पाई। आर्थिक तंगी के चलते उन्हें अपनी ट्रेनिंग लगातार जारी रखने और परिवार की मदद करने के लिए काफी मुश्किलों का सामना किया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ इंटरव्यू में उन्होंने कहा था उनके निशानेबाज बनने के स्वपन को पूरा करने के लिए उनकी पत्नी को अपनी ज्वैलरी तक बेचनी पड़ी थी। साक्षात्कार के दौरान उन्होंने पीएम से कहा था, शूटिंग बहुत ही खर्चीला खेल है और मेरे लिए यह आसान नहीं था। मेरे शूटिंग के सपने को पूरा करने करने के लिए मेरी पत्नी ने अपने जेवरात बेच दिए थे।