एबीएन स्पोर्ट्स डेस्क। भारतीय टीम के पूर्व कप्तान और महान बल्लेबाजों में शुमार सुनील गावस्कर ने कहा है कि अगर टीम इंडिया ऑस्ट्रेलिया में खेले जा रहे आईसीसी टी20 विश्व कप को जीत नहीं पाती है तो वो ये बहाना नहीं बना सकती कि उसे तैयारी करने का मौका नहीं मिला। क्योंकि टीम यहां काफी पहले आ गई थी। टीम इंडिया ने ऑस्ट्रेलिया में 6 अक्टूबर को कदम रख दिये थे। इसके बाद उसने दो अभ्यास मैच भी खेले और फिर वार्मअप मैच भी। भारत ने 2007 में महेंद्र सिंह धोनी की कप्तानी में टी20 विश्व कप के पहले संस्करण का खिताब अपने नाम किया था लेकिन इसके बाद वह दोबारा ये ट्रॉफी नहीं उठा पायी है। 2014 में जरूर ये टीम फाइनल में पहुंची थी लेकिन श्रीलंका से हार गई थी। रोहित शर्मा की कप्तानी में टीम इंडिया अपने खिताबी सूखे को खत्म करना चाहेगी।
गावस्कर ने अंग्रेजी अखबार मिड-डे में अपने कॉलम में लिखा है, एक चीज पक्की है, अगर टीम इंडिया विश्व कप नहीं जीतती है तो इसका कारण तैयारियों में कमी नहीं होगा। ये टीम न सिर्फ ऑस्ट्रेलिया तीन सप्ताह पहले आ गई थी बल्कि वह अच्छी टीमों के खिलाफ अभ्यास मैच भी खेली और इससे उन्हें तैयारी करने में मदद मिली। एक पुरानी कहावत है ना कि अगर आप तैयारी करने में फेल होते हैं तो फिर फेल होने के लिए तैयार हो जाइये, ये बात टीम इंडिया पर लागू नहीं होती है। उन्होंने कहा, ऑस्ट्रेलिया में आकर अभ्यास करने से पहले टीम ने अपने घर में छह टी20 मैच खेले जिसमें से चार में उसे जीत मिली जो बताता है कि वह बड़े टूर्नामेंट के लिए जमकर तैयारी कर रहे थे।
इस विश्व कप में टीम इंडिया को दो बड़े खिलाड़ी चोट के कारण नहीं खेल रहे हैं। जसप्रीत बुमराह और रवींद्र जडेजा टीम से बाहर हो गए हैं। गावस्कर ने हालांकि कहा कि चोटों के बाद भी टीम इंडिया का जो माहौल है वो अच्छा है। उन्होंने लिखा, हाल के समय में टीम इंडिया का सफेद गेंद से प्रदर्शन अच्छा रहा है। चाहे फिर वह घर में हो या विदेशों में। लेकिन मल्टी टीम इवेंट में वो संघर्ष कर रही है। ये हालांकि इस बार नहीं हैं; क्योंकि टीम के पास युवा जोश और अनुभव का सही संयोजन है। दूसरी टीमें भी हैं जो अभ्यास मैच खेल रही हैं लेकिन इस टीम में कुछ बात है वो भी बुमराह और जडेजा के चोटिल होने के बाद भी।