एबीएन सेंट्रल डेस्क। प्रयागराज में आयोजित महाकुंभ 2025 ने श्रद्धालुओं की संख्या में ही नहीं, बल्कि स्वच्छता के मामले में भी एक नया इतिहास रचा है। इस बार महाकुंभ मेला क्षेत्र के चार अलग-अलग जोनों में एक साथ 19 हजार सफाईकर्मियों ने मिलकर सफाई की और झाड़ू लगाकर एक नया वर्ल्ड रिकॉर्ड स्थापित किया। यह पहल न केवल महाकुंभ के स्वच्छता अभियान को मजबूत करने का प्रतीक बन गयी, बल्कि इससे जुड़े हर व्यक्ति के लिए एक प्रेरणा भी बनी।महाकुंभ में बने कई रिकॉर्ड 66.30 करोड़ से ज्यादा श्रद्धालु आये महाकुंभ में पहुंचे श्रद्धालुओं की संख्या अमेरिका की आबादी से दोगुनी 193 देशों की कुल आबादी से भी ज्यादा श्रद्धालु महाकुंभ में आये सिर्फ भारत और चीन की आबादी महाकुंभ में आये श्रद्धालुओं से ज्यादा 120 करोड़ हिंदुओं में से 66 करोड़ से ज्यादा ने डुबकी लगायी, महाकुंभ मेला क्षेत्र दुनिया के सबसे बड़े स्टेडियम से 166 गुना बड़ा महाकुंभ मेला जोन का स्ट्रक्चर 4 हजार हेक्टेयर में फैला हुआ, 4 लाख से ज्यादा टेंट-तंबू, और 1.5 लाख टॉयलेट बनाये गये महाकुंभ में सुरक्षा व्यवस्था महाकुंभ में 70 हजार से ज्यादा सुरक्षाकर्मी तैनात थे इनमें से 37 हजार से ज्यादा पुलिसवाले, 14 हजार से ज्यादा होमगार्ड्स और सीआरपीएफ के जवान शामिल थे यह आयोजन कोई सरकारी कार्यक्रम नहीं था, बल्कि यह सनातन परंपरा और भारत की सांस्कृतिक शक्ति का प्रतीक था महाकुंभ के समापन के मौके पर श्रद्धालुओं ने सुरक्षा में तैनात पुलिसकर्मियों की जमकर तारीफ की
गिद्धों को केवल लाश मिली, सुअरों को गंदगी मिली, जिसने जो तलाशा उसको..., महाकुंभ को लेकर विपक्ष पर बरसे सीएम योगी अंकित सिंह एबीएन एडिटोरियल डेस्क। सीएम ने कहा कि सोशल मीडिया हैंडल पर एक सज्जन ने महाकुंभ का विरोध करने वालों पर बहुत ही सटीक टिप्पणी की। उन्होंने लिखा कि पिछले डेढ़ महीने में आप वामपंथियों और समाजवादियों की वॉल खंगाल लीजिए, वहां महाकुंभ को लेकर विषवमन के अलावा कुछ नहीं दिखेगा। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने राज्यपाल के अभिभाषण पर चर्चा के दौरान विधानसभा को संबोधित करते हुए विपक्ष पर तीखा कटाक्ष करते हुए कहा कि विपक्ष के नेता ने समाजवादी से सनातन धर्म अपनाने की ओर कदम बढ़ाया है। उन्होंने इस वैचारिक बदलाव को देखकर संतोष व्यक्त किया और शासन में धार्मिक और सांस्कृतिक मूल्यों के महत्व पर प्रकाश डाला। चर्चा के दौरान 146 सदस्यों ने भाग लिया, जिनमें सत्ता पक्ष के 98 और विपक्ष के 48 सदस्य शामिल थे। नेता प्रतिपक्ष के सवालों पर सीएम ने जवाब देते हुए कहा कि जिन महापुरुषों ने भी भारत में जन्म लिया, मैं उन सभी को मानता हूं। मैं बुद्ध, जैन परंपरा (सभी तीर्थंकरों) को मानता हूं। हम लोग सनातन धर्म के साथ-साथ बौद्ध तीर्थस्थलों के पुनरोद्धार व सुंदरीकरण का कार्य कर रहे हैं। भारत के प्रति सम्मान का भाव रखने वाले और सनातन परंपरा में प्रत्यक्ष-अप्रत्यक्ष भूमिका रखने वाले सभी पंथ-संप्रदाय (बौद्ध, जैन, सिख) का हम सम्मान करते हैं। गुरु गोविंद सिंह के चार-चार पुत्रों की शहादत के प्रति सम्मान का भाव ही है कि पीएम मोदी ने 26 दिसंबर की तिथि को वीर बाल दिवस के रूप में घोषित किया है। पहली बार गुरुवाणी का पाठ निरंतर मुख्यमंत्री आवास पर हो रहा है। भगवान बुद्ध, जैन तीर्थंकरों, सिख परंपरा, कबीरपंथी, रविदासी, महर्षि वाल्मीकि की परंपरा या भारत के अंदर जन्मी हर उस उपासना विधि का, जिससे सनातन धर्म को मजबूती प्रदान होती हो और देश एक भारत, श्रेष्ठ भारत के रूप में आगे बढ़ता है, उन सबके प्रति हमारे मन में श्रद्धा व सम्मान का भाव है। समाजवादी पार्टी के सदस्यों पर तंज कसते हुए योगी ने कहा कि आप संविधान की प्रति लेकर घूमते हैं, लेकिन संवैधानिक पदों पर बैठे महानुभावों के प्रति आप लोगों का दृष्टिकोण क्या है, राज्यपाल के अभिभाषण के दौरान सदन के दृश्य देखकर इसका सहज अनुमान लगा सकते हैं। जो शोरशराबा, टिप्पणियां और राज्यपाल के प्रति व्यवहार किया जा रहा था, क्या वह संवैधानिक था।यदि ऐसा व्यवहार संवैधानिक है तो फिर असंवैधानिक क्या है। आप लोग भाषण बहुत देते हैं, लेकिन वास्तविक आचरण देखना है कि सपा सोशल मीडिया सेल का हैंडल देखिए। वह उनकी विचारधारा, आंतरिक शिष्टाचार, लोकतंत्र के प्रति उनके विचारों की अभिव्यक्ति का ऐसा माध्यम है, जिससे कोई भी सभ्य समाज लज्जा महसूस करता है। फिर भी आप दूसरों को उपदेश देते हैं। सीएम ने कहा कि सोशल मीडिया हैंडल पर एक सज्जन ने महाकुंभ का विरोध करने वालों पर बहुत ही सटीक टिप्पणी की। उन्होंने लिखा कि पिछले डेढ़ महीने में आप वामपंथियों और समाजवादियों की वॉल खंगाल लीजिए, वहां महाकुंभ को लेकर विषवमन के अलावा कुछ नहीं दिखेगा। उनकी वॉल पर गंदगी, अव्यवस्था, पर्यटकों की परेशानी के अलावा दूसरा कुछ भी नहीं मिलेगा, लेकिन इन सभी से इतर धरातल पर इनकी बजबजाती विचारधारा का कोई असर नहीं है। हज के दौरान अव्यवस्था से होने वाली सैकड़ों मौतें किसी से छुपी नहीं हैं। वहीं भारत के वामपंथी, सेकुलर स्कॉलर महाकुंभ की भव्यता पर उल्टी करते नजर आए हैं। हर बार उनकी कोशिश महाकुम्भ को बदनाम करने और फेल करने की रही है, लेकिन ऐसे तमाम लोगों की मनसा को दरकिनार करते हुए करोड़ों लोगों ने आस्था की डुबकी लगाकर उनके जले पर नमक छिड़कने का काम किया है। सीएम योगी ने कहा कि किसी ने सच कहा कि महाकुंभ में जिसने जो तलाशा उसको वह मिला है। महाकुम्भ में गिद्धों को केवल लाश मिली है, सुअरों को गंदगी मिली, संवेदनशील लोगों को रिश्तों की खूबसूरत तस्वीर मिली, आस्थावान को पुण्य मिला, सज्जनों को सज्जनता मिली, गरीबों को रोजगार मिला, अमीरों को धंधा मिला, श्रद्धालुओं को साफ सुथरी व्यवस्था मिली, पर्यटकों को व्यवस्था मिली, सद्भावना वाले लोगों को जाति रहित व्यवस्था मिली, भक्तों को भगवान मिले। इससे साफ है कि सब ने अपने स्वभाव और चरित्र के अनुसार चीजों को देखा है। एक ही घाट पर सभी जाति वर्ग के तीर्थ यात्री बिना भेदभाव के नहाते रहे। सनातन की सुंदरता आखिर समाजवादी और वामपंथियों को कैसे नजर आयेगी।
किसानों के लिए खुशखबरी, खत्म हुआ इंतजार, जारी हुई किसान सम्मान निधि योजना की 19वीं किस्त एबीएन सेंट्रल डेस्क। पीएम मोदी ने भागलपुर में आयोजित एक खास कार्यक्रम में पीएम किसान सम्मान निधि योजना की 19वीं किस्त जारी कर दी है। पीएम ने डीबीटी के जरिए तकरीबन 22 हजार करोड़ लगभग 9.8 करोड़ किसानों के खाते में ट्रांसफर किये हैं। बीते साल 5 अक्टूबर को पीएम ने इसकी 18वीं किस्त जारी की थी। वहीं देश में कई किसान ऐसे हैं, जिनके खाते में 19वीं किस्त के पैसे नहीं आये हैं। बता दें कि अगर आपके खाते में पीएम किसान सम्मान निधि योजना की 19वीं किस्त का पैसा नहीं आया है, तो इसकी मुख्य वजह हो सकती है कि आपने ई-केवाईसी और भूलेखों का वेरिफिकेशन नहीं कराया है। अगर आपने इन जरूरी कामों को नहीं किया है, तो ये एक प्रमुख कारण है जिसके चलते 19वीं किस्त के पैसे आपके खाते में नहीं आये। इसके अलावा, जिन किसानों ने आवेदन करते समय गलत जानकारी दी थी, उनके खाते में भी 19वीं किस्त का पैसा नहीं आया है। अगर आप अपनी अटकी हुई किस्त का लाभ प्राप्त करना चाहते हैं, तो जल्दी से योजना में ई-केवाईसी और भूलेखों का वेरिफिकेशन करवा लें। साथ ही, अगर आपने गलत जानकारी दी है, तो उसे भी सही करा लें। पीएम किसान सम्मान निधि योजना भारत सरकार द्वारा चलाई जा रही एक मददगार योजना है, जिसके तहत गरीब किसानों को हर साल 6 हजार रुपये की आर्थिक सहायता दी जाती है। यह राशि तीन किस्तों में दी जाती है और अब तक सरकार 19 किस्तें जारी कर चुकी है।
दिल्ली मुख्यमंत्री का पद संभालते ही एक्शन मोड में मैडम उट रेखा गुप्ता, कैबिनेट को दिया मास्टर प्लान एबीएन सेंट्रल डेस्क। दिल्ली को नयी मुख्यमंत्री मिल गयी है। रेखा गुप्ता ने आज रामलीला मैदान में आयोजित शपथ ग्रहण समारोह में दिल्ली की मुख्यमंत्री पद की शपथ ली। उपराज्यपाल वीके सक्सेना ने उन्हें पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलायी। उनके साथ कैबिनेट के अन्य मंत्रियों झ्र प्रवेश वर्मा, आशीष सूद, मनजिंदर सिंह सिरसा, रविंद्र इंद्राज, कपिल मिश्रा और पंकज सिंह ने भी शपथ ग्रहण किया। मुख्यमंत्री बनते ही रेखा गुप्ता एक्शन मोड में आ गई हैं। उन्होंने आज ही दिल्ली कैबिनेट की पहली बैठक बुलाई है। दोपहर तीन बजे वह दिल्ली सचिवालय पहुंचकर कामकाज शुरू करेंगी। इसके बाद शाम पांच बजे वह यमुना बाजार के वासुदेव घाट का दौरा करेंगी और शाम सात बजे दिल्ली सचिवालय में कैबिनेट की पहली मीटिंग करेंगी। कैबिनेट के नए मंत्री सबसे पहले यमुना की स्थिति का जायजा लेंगे और फिर कैबिनेट बैठक में हिस्सा लेंगे। रेखा गुप्ता की सरकार के पहले फैसले क्या होंगे, इस पर सबकी नजरें टिकी हैं।
प्रवेश वर्मा बनाये जायेंगे डिप्टी सीएम एबीएन सेंट्रल डेस्क। रेखा गुप्ता दिल्ली की नयी मुख्यमंत्री होंगी। रेखा गुप्ता शालीमार बाग सीट से विधायक हैं। नई दिल्ली सीट से पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को हराने वाले प्रवेश वर्मा डिप्टी सीएम होंगे। बीजेपी ने इसका ऐलान कर दिया है। बीजेपी ने मुख्यमंत्री का चयन करने के लिए वरिष्ठ नेता रविशंकर प्रसाद और ओमप्रकाश धनखड़ को नियुक्त किया था।
जियो सिनेमा और डिजनी प्लस हॉटस्टार का जियोहॉटस्टार में विलयएबीएन सेंट्रल डेस्क। भारत के दो प्रमुख प्लेटफॉर्म जियो सिनेमा और डिजनी प्लस हॉटस्टार का जियोहॉटस्टार में विलय हो गया है।वायकॉम 18 और स्टार इंडिया के विलय के साथ हाल ही में गठित संयुक्त उद्यम ने जियोसिनेमा और डिजनी प्लस हॉटस्टार को एक साथ लाते हुए जियोहॉटस्टार के लॉन्च की घोषणा की। ब्रांडों के इस विलय से सामग्री और ग्राहक आधार का विस्तार होगा।जियोस्टार की साझा की गयी प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, लगभग तीन लाख घंटे के मनोरंजन, अद्वितीय लाइव स्पोर्ट्स कवरेज और 50 करोड़ से अधिक उपयोगकर्ताओं के साथ, जियोस्टार दर्शकों के लिए अनंत संभावनाओं को खोलता है।डिजिटल जियोहॉटस्टार के कार्यकारी अधिकारी किरण मणि ने एक बयान में कहा कि जियोहॉटस्टार के मूल में एक शक्तिशाली दृष्टिकोण है, प्रीमियम मनोरंजन को वास्तव में सभी भारतीयों के लिए सुलभ बनाना। अनंत संभावनाओं का हमारा वादा यह सुनिश्चित करता है कि मनोरंजन अब सभी के लिए एक विशेषाधिकार नहीं है, बल्कि एक साझा अनुभव है। आर्टिफिशल इंटेलिजेंस-संचालित अनुशंसाओं को एकीकृत करके और 19 से अधिक भाषाओं में स्ट्रीमिंग की पेशकश करके, हम सामग्री को पहले से कहीं अधिक वैयक्तिकृत कर रहे हैं।जियोहॉटस्टार 10 भाषाओं में 1.4 अरब भारतीयों के लिए व्यापक और विविध सामग्री के साथ मनोरंजन को फिर से परिभाषित करने के लिए तैयार है।केविन वाज कार्यकारी अधिकारी ने कहा- मनोरंजन, जियोस्टार ने मनोरंजन की पेशकश के बारे में विस्तार से बताया कि जियोस्टार डिजिटल-फर्स्ट मनोरंजन के लिए एक नया मानदंड स्थापित कर रहा है। यह मंच व्यापक, समावेशी और दर्शक-केंद्रित है। जबकि हमारे पास पेश करने के लिए अंतहीन मनोरंजन है, हम कहानी कहने को लगातार नया करने और उन्नत करने के लिए प्रतिबद्ध हैं, यह सुनिश्चित करते हुए कि हर भारतीय, भाषा की परवाह किए बिना, अपनी पसंद की सामग्री खोज सके।जियोहॉटस्टार स्पोर्ट्स के कार्यकारी अधिकारी संजोग गुप्ता ने साझा किया कि भारत में खेल सिर्फ एक खेल से कहीं अधिक है- यह एक साझा अनुभव है जो लाखों लोगों को एकजुट करता है।संजोग गुप्ता ने कहा, चाहे यह भारत में क्रिकेट का गौरव हो, प्रीमियर लीग का विद्युतीय माहौल हो, भारत के स्वदेशी खेलों के प्रति जुनून हो या जमीनी स्तर की प्रतियोगिताओं के लिए प्रदर्शन हो, हम एक अरब स्क्रीन पर लीन इन और लीन बैक दोनों व्यवहारों को पूरा करते हुए अनुभवों की एक श्रृंखला प्रदान करेंगे। अब हम अपने दर्शकों के लिए संस्कृति-परिभाषित लाइव अनुभव लाकर इस दर्शन को खेल से परे ले जा रहे हैं। कोल्डप्ले के म्यूजिक आॅफ द स्फीयर्स लाइव-स्ट्रीम की जबरदस्त प्रतिक्रिया ने हमें इस ओर प्रेरित किया है।
एलन मस्क ने की पीएम मोदी की तारीफ, कहा- आपसे मिलना सम्मान की बातएबीएन सेंट्रल डेस्क। अरबपति एलन मस्क ने शुक्रवार को कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मिलना सम्मान की बात है। दोनों के बीच मुलाकात के दौरान अंतरिक्ष, गतिशीलता, प्रौद्योगिकी और नवाचार जैसे कई मुद्दों पर चर्चा हुई। प्रधानमंत्री मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट में मस्क से कहा कि आपसे मिलना सम्मान की बात थी।अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के प्रमुख सलाहकार मस्क ने मस्क के साथ बैठक के बाद प्रधानमंत्री के पोस्ट के जवाब में यह बात कही। प्रधानमंत्री ने कहा- एलन मस्क के परिवार से मिलना और विभिन्न विषयों पर बातचीत करना मेरे लिए खुशी की बात थी। उन्होंने कहा, हमने विभिन्न मुद्दों पर चर्चा की, जिनमें अंतरिक्ष, गतिशीलता, प्रौद्योगिकी और नवाचार जैसे मुद्दे शामिल हैं, जिनके बारे में वह भावुक हैं। मैंने सुधार और न्यूनतम सरकार, अधिकतम शासन को आगे बढ़ाने की दिशा में भारत के प्रयासों के बारे में बात की।विदेश मंत्रालय (एमईए) के अनुसार टेस्ला और स्पेसएक्स के सीईओ ने गुरुवार शाम वाशिंगटन डीसी के ब्लेयर हाउस में पीएम मोदी से मुलाकात की। विदेश मंत्रालय की ओर से जारी बयान में कहा गया, "पीएम मोदी और मस्क ने नवाचार, अंतरिक्ष अन्वेषण, कृत्रिम बुद्धिमत्ता और सतत विकास में भारतीय और अमेरिकी संस्थाओं के बीच सहयोग को मजबूत करने पर चर्चा की। उनकी चर्चा में उभरती प्रौद्योगिकियों, उद्यमिता और सुशासन में सहयोग को गहरा करने के अवसरों पर भी चर्चा हुई।इसमें कहा गया कि इस बैठक में मस्क के साथ उनके परिवार के सदस्य भी थे। इस मुलाकात के दौरान प्रधानमंत्री ने एलन मस्क के तीन बच्चों को किताबें भी भेंट कीं। उन्होंने उन्हें रवींद्रनाथ टैगोर की द क्रिसेंट मून, द ग्रेट आरके नारायण कलेक्शन और पंडित विष्णु शर्मा की पंचतंत्र किताबें भेंट कीं। बाद में उन्होंने बच्चों को किताबें पढ़ते हुए तस्वीरें भी साझा कीं।इस दौरान मस्क ने पीएम मोदी को एक उपहार भी भेंट किया। माना जा रहा है कि यह एक हीट शील्ड टाइल है जो पिछले साल अक्टूबर में स्पेसएक्स के स्टारशिप फ्लाइट टेस्ट 5 पर उड़ाई गई थी। इस वस्तु पर लिखा था: स्टारशिप फ्लाइट टेस्ट 5, 12 अक्टूबर, 2024।
मणिपुर में लगा राष्ट्रपति शासन, हाल ही में सीएम बीरेन सिंह ने दिया था इस्तीफाएबीएन सेंट्रल डेस्क। मणिपुर में राष्ट्रपति शासन लगाने का फैसला केंद्र सरकार ने लिया है। गौरतलब है कि हाल ही में मुख्यमंत्री एन बीरेन सिंह ने पद से इस्तीफा दे दिया था। बताते चलें कि मणिपुर में पिछले 2 साल से जातिगत हिंसा में सैकड़ों लोगों की मौत के कारण लंबे समय से मुख्यमंत्री के इस्तीफे की मांग की जा रही थी। एन बीरेन सिंह के इस्तीफे के बाद इस बात की चर्चा थी कि बीजेपी की तरफ से किसी अन्य विधायक को सीएम का पद दिया जा सकता है। बीजेपी प्रभारी संबित पात्रा ने राज्यपाल से मुलाकात भी की थी। हालांकि बाद में राज्यपाल के प्रस्ताव पर राष्ट्रपति शासन लगाने का फैसला लिया गया है।कैसे लगता है राष्ट्रपति शासनभारतीय संविधान के अनुच्छेद 356 के अनुसार, राष्ट्रपति किसी राज्य में राष्ट्रपति शासन की घोषणा कर सकते हैं, यदि उन्हें विश्वास हो कि ऐसी स्थिति उत्पन्न हो गयी है जिसमें राज्य का शासन संविधान के प्रावधानों के अनुसार नहीं चलाया जा सकता।राष्ट्रपति शासन की क्या है प्रक्रियाराष्ट्रपति शासन के लिए राज्यपाल की तरफ से केंद्र सरकार को रिपोर्ट भेजा जाता है। राज्यपाल की रिपोर्ट के आधार पर केंद्रीय मंत्रिमंडल की तरफ से सिफारिश की जाती है। राष्ट्रपति, केंद्रीय मंत्रिमंडल की सलाह पर राज्य में राष्ट्रपति शासन लागू करने का निर्णय लेते हैं। राष्ट्रपति शासन 6 महीने के लिए लागू होता है। इसे संसद की दोनों सदनों (लोकसभा और राज्यसभा) से मंजूरी लेनी पड़ती है। संसद की मंजूरी मिलने के बाद इसे एक साल तक बढ़ाया जा सकता है।
ट्रंप और अन्य अधिकारियों के साथ चर्चा के लिए वाशिंगटन पहुंचे मोदी एबीएन सेंट्रल डेस्क। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी दो दिवसीय आधिकारिक यात्रा पर वाशिंगटन पहुंच गये हैं। इस दौरान वह अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप, अमेरिकी मंत्रिमंडल के सदस्यों और उद्योग जगत के नेताओं के साथ बातचीत करेंगे। श्री मोदी ने गुरुवार तड़के एक्स पर एक पोस्ट में कहा कि वह श्री ट्रंप के साथ अपनी बातचीत और द्विपक्षीय व्यापक रणनीतिक साझेदारी को आगे बढ़ाने के लिए उत्सुक हैं। उन्होंने कहा कि थोड़ी देर पहले वाशिंगटन डीसी में उतरा हूं। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प से मिलने और भारत-अमेरिका व्यापक वैश्विक रणनीतिक साझेदारी को आगे बढ़ाने के लिए उत्सुक हूं। हमारे देश अपने लोगों के लाभ और हमारी दुनिया के बेहतर भविष्य के लिए मिलकर काम करते रहेंगे। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने एक्स पर एक पोस्ट में कहा, भारत-अमेरिका व्यापक वैश्विक रणनीतिक साझेदारी में एक नया अध्याय। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी वाशिंगटन डीसी, अमेरिका की आधिकारिक कामकाजी यात्रा पर पहुंचे। यात्रा के दौरान, प्रधानमंत्री राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप, अमेरिकी कैबिनेट के सदस्यों और उद्योग जगत के नेताओं से मिलेंगे। ब्लेयर हाउस में रह रहे श्री मोदी पिछले महीने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के शपथ ग्रहण के बाद से इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू, जापानी प्रधानमंत्री शिगेरू इशिबा और जॉर्डन के किंग अब्दुल्ला के बाद उनसे मिलने वाले चौथे विदेशी नेता होंगे। बुधवार शाम को प्रधानमंत्री के यहां पहुंचने पर ब्लेयर हाउस के पास बड़ी संख्या में एकत्र हुए प्रवासी भारतीयों ने उनका जोरदार स्वागत किया।
Subscribe to our website and get the latest updates straight to your inbox.
टीम एबीएन न्यूज़ 24 अपने सभी पाठकों और प्रेरणाश्रोतों का अभिनन्दन करता है। आपके सहयोग और विश्वास के लिए धन्यवाद।
© 2026 ABN News 24. All Rights Reserved.