टीम एबीएन, पटना। दानापुर पुलिस ने 8 लाख रुपये का स्मार्ट फोन जब्त करने के साथ ही तीन लुटेरों को भी पकड़ा है। आनन्द बाजार से सभी शातिरों को पुलिस ने धर दबोचा है। दरअसल, पुलिस ने गुप्त सूचना के आधार पर इलाके में सर्च ऑपरेशन चलाया, जिसमें बड़ी सफलता हाथ लगी। तलाशी के दौरान 67 कीमती स्मार्ट फोन बरामद किए गए। प्राप्त जानकारी के मुताबिक पुलिस को मोबाइल लुटेरों के बारे में लीड मिली थी। गुप्त सूचना के आधार पर पुलिस ने लुटेरों को पकड़ने के लिए अपनी योजना बनाई। पुलिस की टीम शनिवार को दानापुर के आनंद बाजार इलाके में रेड के लिए पहुंची थी। पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि इस इलाके में मोबाइल लुटेरे घूम रहे हैं। जिसके बाद पुलिस ने 3 लोगों को पकड़ लिया। पूछताछ में पुलिस को पकड़े गए लूटेरों ने बताया कि एक का नाम गोपाल नोनिया है, दूसरे का नाम धीरज कुमार और तीसरे का शेख रमजान है। तीनों साहिबगंज झारखंड के रहने वाले हैं और मोबाइल लूटने का काम करते हैं। लुटेरों ने बताया कि चोरी किए गए मोबाइल को बेचने के लिए ये तीनों दानापुर आए थे। दानापुर एएसपी सैयद इमरान मसूद ने जानकारी देते हुए बताया कि दानापुर के आनंद बाजार में सूचना मिली थी कि कुछ लोग बैग लेकर चोरी का मोबाइल बेचने का काम कर रहे हैं। इसकी सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और 3 लोगों को हिरासत में लिया गया। पूछताछ में इनके बैग से 67 चोरी के कीमती मोबाइल बरामद किए गए थे। लगभग 67 एंड्राइड मोबाइल इनके बैग से बरामद किए गए हैं। जब इसका सत्यापन किया गया तो, यह सारे मोबाइल लूटे गए मोबाइल निकले।
टीम एबीएन, पटना। रेलवे भर्ती बोर्ड (आरआरबी) की नॉन टेक्निकल पॉपुलर कैटेगरी (एनटीपीसी) परीक्षा परिणाम से मचे वबाल के बाद अब अभ्यर्थियों के आह्वान पर कल बिहार बंद का मुख्य विपक्षी राष्ट्रीय जनता दल (राजद) नीत महागठबंधन ने भी समर्थन करने की घोषणा की है। प्रदर्शनकारी अभ्यर्थियों पर पुलिस लाठीचार्ज और फिर प्राथमिकी दर्ज होने से गुस्साए छात्रों ने 28 फरवरी को बिहार बंद करने का ऐलान किया है। अभ्यर्थियों की नाराजगी के बाद उनकी मांग पर बुधवार को ही रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने परीक्षार्थियों की समस्या को लेकर एक जांच कमेटी बनाने की घोषणा की थी। इसके बाद भी आंदोलन अभी थमा नहीं है। इस बिहार बंद को महागठबंधन ने आज समर्थन करने का ऐलान कर दिया है। राजद के प्रदेश अध्यक्ष जगदानंद सिंह ने कांग्रेस के प्रदेश प्रवक्ता राजेश राठौर और वामपंथी दलों के वरिष्ठ नेताओं की मौजूदगी में कल के बिहार बंद को समर्थन देने की घोषणा की। उन्होंने बिहार की नीतीश और केंद्र की मोदी सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि डबल इंजन की सरकार ने बिहार को खतरे में डाल दिया है। उन्होंने आरआरीबी के प्रदर्शनकारी अभ्यर्थियों का समर्थन करते हुए कहा कि उनकी मांग जायज है लेकिन यह सरकार उनकी बात नहीं सुन रही है। वहीं, आरआरीबी के अभ्यर्थियों के समर्थन में पूर्व सांसद राजेश रंजन उर्फ पप्पू यादव के नेतृत्व वाली जन अधिकार पार्टी (जाप) भी 28 जनवरी को प्रदर्शन करेगी। इसको लेकर यादव ने मंगलवार को ही ऐलान कर दिया था कि पार्टी पूरे बिहार में आरआरबी छात्रों की मांग को लेकर प्रदर्शन करेगी।
टीम एबीएन, पटना। बिहार में आरआरबी एनटीपीसी परीक्षा में धांधली के आरोपों के बाद हुए बवाल में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। मशहूर यूट्यूब और शिक्षक खान सर समेत कई कोचिंग संचालकों के खिलाफ पटना में केस दर्ज किया गया है। पुलिस ने कोचिंग संचालकों पर छात्रों को भड़काने का आरोप लगाया है। वहीं, बवाल में चिह्नित छात्रों की गिरफ्तारी की कोशिश में भी पुलिस जुट गई है। पटना के कई लॉज और हॉस्टलों में बुधवार की देर शाम छापेमारी शुरू कर दी गई। बुधवार को लगातार तीसरे दिन भी छात्रों ने कई जिलों में बवाल काटा। सबसे ज्यादा हिंसक वारदातें पटना और गया में देखने को मिलीं हैं। गया में पैसेंजर ट्रेन की चार बोगियों को फूंक दिया गया है। इसी के बाद हरकत में आई पुलिस ने कोचिंग संचालकों के खिलाफ कार्रवाई शुरू कर दी। पटना के पत्रकार नगर पुलिस स्टेशन में कोचिंग संचालकों के खिलाफ केस दर्ज किया गया है। जिन कोचिंग संचालकों और शिक्षकों के खिलाफ केस हुआ है उसमें सबसे बड़ा नाम खान सर का है। हालांकि खान सर को इस बात की पहले से आशंका थी। उन्होंने अपनी तरफ से मीडिया में पक्ष भी रखा था। एक वीडियो जारी कर छात्रों को हिंसक आंदोलन नहीं करने की अपील की थी। खान सर के अलावा पटना के एसके झा, नवीन, अमरनाथ, गगन प्रताप, गोपाल वर्मा और बाजार समिति के विभिन्न कोचिंग संचालकों के खिलाफ केस दर्ज किया गया है। एफआईआर में 300 से 400 अज्ञात पर केस दर्ज किया गया है।
टीम एबीएन, गया। बिहार में रेलवे भर्ती बोर्ड की नॉन टेक्निकल पॉपुलर कैटेगरी परीक्षा परिणाम में कथित धांधली के विरोध में आज तीसरे दिन भी अभ्यर्थियों का विरोध प्रदर्शन जारी है। इस बीच खबर है कि डीडीयू रेल मंडल के गया जंक्शन पर बुधवार को गड़बड़ी का आरोप लगाते हुए अभ्यर्थियों ने जमकर बवाल किया। इस दौरान छात्रों ने गया जंक्शन के करीमगंज यार्ड में खड़ी एमटी कोच में आग लगा दी। आग की चपेट में आने से एक कोच जलकर राख हो गया। सूत्रों के अनुसार आक्रोशित अभ्यर्थियों ने रेल ट्रैक जाम कर दिया। आंदोलन ने उग्र रूप धारण कर लिया है। अभ्यर्थियों के उग्र स्वरूप को देखते हुए आरपीएफ, जीआरपी और जिला पुलिस के अधिकारियों के नेतृत्व में जवान मुस्तैद हैं। कोच में लगी आग पर किसी प्रकार काबू पा लिया गया। अन्य दूसरे कोच आग की चपेट में आने से बच गए। जिला प्रशासन के अधिकारी आंदोलनकारियों को समझाने की कोशिश कर रहे हैं। आपको बात दें कि करीब तीन से चार सौ की संख्या में आंदोलनकारी रेलवे ट्रैक पर आए हुए हैं। कुछ आंदोलनकारी स्टेशन के आसपास के क्षेत्रों में भी जमे हुए हैं। हालांकि अभी तक आंदोलनकारी स्टेशन प्लेटफार्म पर नहीं पहुंच पाए हैं। स्टेशन परिसर के चारों ओर सुरक्षा कड़ी कर दी गई है। आंदोलन के कारण ट्रेनों का परिचालन भी प्रभावित है। इसके अलावा श्रमजीवी एक्सप्रेस पर पथराव किए जाने की भी खबर है। छात्रों के उग्र प्रदर्शन को लेकर गया के एसएसपी आदित्य कुमार ने कहा, स्थिति अब नियंत्रण में है। उन्होंने (कोच/ट्रेन) में आग लगा दी, हमने उनमें से कुछ प्रदर्शनकारियों की पहचान कर ली है। हम छात्रों को बताना चाहते हैं कि वे किसी के प्रभाव में न आएं और सरकारी संपत्ति को नुकसान न पहुंचाएं। सरकार ने मामले की जांच के लिए एक कमेटी का गठन किया है। प्रदर्शनकारियों का तर्क है कि रेलवे रिक्रूटमेंट बोर्ड की एनटीपीसी भर्ती सीबीटी-1 के रिजल्ट में जोन वाइज कुल पदों के सापेक्ष 20 गुना अभ्यर्थियों को क्वालीफाई करना था। नोटिस में यही कहा गया था। हालांकि बोर्ड ने ऐसा नहीं किया है। विभिन्न स्लॉट में पदों की संख्या को आधार मानकर अलग- अलग हर स्लॉट के लिए 20 गुना अभ्यर्थियों को क्वालीफाई घोषित किया गया है। इससे परीक्षा में क्वालीफाई करने वाली अभ्यर्थियों की वास्तविक संख्या 20 गुना के बजाय महज 5-6 गुना रह गई है। इससे हजारों की संख्या में अभ्यर्थी आरआरबी-एनटीपीसी भर्ती के दूसरे चरण यानी सीबीटी-2 परीक्षा में भाग नहीं ले पाएंगे। यही विरोध की वजह है। रेलवे भर्ती बोर्ड ने पहले जारी विज्ञापन में कहा था कि वह 35,281 पदों को भरने पर विचार कर रहा है। इनमें से 13 श्रेणियों में 24,281 पद स्नातक के लिए रहेंगे। इसके अलावा छह श्रेणियों में 11,000 पद गैर-स्नातक के लिए रखे गए थे। 13 श्रेणियों को सातवें केंद्रीय वेतन आयोग के वेतनमान स्तर (स्तर 2, 3, 4, 5, 6) के आधार पर पांच समूहों में विभाजित किया गया था। इन पदों में ट्रेन असिस्टेंट, गार्ड, जूनियर क्लर्क, समयपाल और स्टेशन मास्टर शामिल हैं।
टीम एबीएन, पटना। रेलवे की एनटीपीसी परीक्षा में धांधली का आरोप लगाते हुए बिफरे छात्रों ने बिहार के अलग-अलग जिलों में जमकर हंगामा किया। दिल्ली-हावड़ा मेन लाइन पर बक्सर और बिहार शरीफ में छात्रों के हुजूम ने रेलवे ट्रैक जाम कर हंगामा किया तो मुजफ्फरपुर में गोंदिया एक्सप्रेस को रोक दिया। इसके बाद पुलिस ने आंसू गैस के गोले दागने के साथ लाठीचार्ज कर उन्हें खदेड़ दिया। मंगलवार सुबह छात्रों ने बक्सर रेलवे स्टेशन पर ट्रैक जाम कर केंद्र के खिलाफ नारेबाजी की। इससे पटना-वाराणसी रेल खंड पर ट्रेनों की आवाजाही ठप हो गई। दो ट्रेनें स्टेशन पर खड़ी रहीं। इटाढ़ी गुमटी पर भी एक ट्रेन खड़ी थी। बिहार शरीफ स्टेशन पर छात्रों का हुजूम ट्रैक पर खड़ा हो गया। इससे दिल्ली जाने वाली श्रमजीवी एक्सप्रेस डेढ़ घंटे तक आउटर सिग्नल पर खड़ी रही।दिल्ली-हावड़ा मेन लाइन पर सफर कर रहे यात्रियों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ा। ट्रैक पर जगह-जगह ट्रेनें खड़ी हो गईं। कई ट्रेनों का रूट बदला गया तो कई का परिचालन घंटों बाद हुआ। बिहार और रेलवे पुलिस ने छात्रों को समझाने की कोशिश की, लेकिन नाकाम रही। इसके बाद हंगामा कर रहे छात्रों पर पुलिस ने आंसू गैस के गोले दागे और लाठियां भांजीं। इसमें कई छात्र घायल हो गए। उन्हें अस्पताल पहुंचाया गया है। छात्रों के आंदोलन को बिहार की मुख्य विपक्षी पार्टी राजद का भी समर्थन मिल रहा है।
टीम एबीएन, विक्रमगंज (पटना)। स्वतंत्रता के 75वें वर्षगांठ पर 22 जनवरी, शनिवार को सत्यम शिवम सुंदरम स्कूल ने सत्यानंद योग मिशन के अध्यक्ष स्वामी मुक्तरथ जी के निर्देशन में सूर्य नमस्कार कर अमृत महोत्सव मनाया। इस कार्यक्रम के मुख्य अतिथि स्वामी मुक्तरथ जी के साथ, सत्यम शिवम सुंदरम ग्रुप के चेयरमेन शंकर कुमार, सचिव ओम नारायण, देश के जाने-माने वैज्ञानिक राहुल कुमार, एवं प्राचार्य अभिमन्यु मिश्रा तथा आॅनलाइन जुड़े 25 विद्यालय के प्राचार्य, शिक्षक एवं छात्रों ने जूम-एप, फेसबुक के जरिये दस चक्र सूर्य नमस्कार करके कुल 1200 चक्र अभ्यास पूरा किया। स्वामी मुक्तरथ ने खासकर शिक्षकों के साथ अनुशासन की व्याख्या करते हुए बताया कि अनुशाशन किसी पर बल पूर्वक थोपा नहीं जा सकता है और न ही बलपूर्वक अनुशासन कराने से किसी में वैचारिक या चारित्रिक परिवर्तन लाया जा सकता है। योग शास्त्र में महर्षि पतंजलि ने योग की शुरुआत ही अनुशासन से किया है- अथ योगानुशासनम। यहां अनुशासन का मतलब स्वयं को अनुशासित करना बताया गया है। स्वामी जी ने सभी प्राचार्यों और शिक्षकों को सलाह दी कि बच्चों को विद्यालय में पढ़ाई प्रारंभ होने के पूर्व नाड़ीशोधन प्राणायाम और कक्षा के अंत में भ्रामरी प्राणायाम करायें। इससे बच्चों की एकाग्रता भी बढ़ेगी और अनुशासन भी आयेगा। उक्त जानकारी सत्यानंद योग मिशन, रांची के अध्यक्ष आचार्य मुक्तरथ ने एक प्रेस विज्ञप्ति जारी कर दी।
एबीएन डेस्क। बिहार भाजपा की कोर कमेटी ने प्रदेश अध्यक्ष डॉ संजय जायसवाल की अध्यक्षता व संगठन महामंत्री भिखू भाई दलसानिया की मौजदूगी में हुई बैठक में स्थानीय निकाय कोटे से बिहार विधान परिषद की 24 सीटों पर होने वाले चुनाव में अपने कब्जे वाली सभी 13 सीटों पर उम्मीदवार खड़ा करने पर मुहर लगा दी। बैठक में यह भी तय हुआ कि घटक दल जदयू के साथ 13-11 के फॉर्मूले पर अब बात की जाएगी। जदयू-भाजपा के बीच पहले भी एक दौर की बातचीत हो चुकी है। गौरतलब है कि प्रदेश भाजपा अध्यक्ष संजय जायसवाल और उप मुख्यमंत्री तारकिशोर प्रसाद ने शुक्रवार की शाम ही दिल्ली में केन्द्रीय नेतृत्व के साथ बातचीत के बाद अपनी सभी 13 सीटिंग सीटों पर चुनाव लड़ने का स्पष्ट संकेत दे दिया था। शनिवार को प्रदेश अध्यक्ष और संगठन महामंत्री के अलावा दोनों उप मुख्यमंत्री क्रमश: तारकिशोर प्रसाद, रेणु देवी, पूर्व उप मुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी, वरिष्ठ पार्टी नेता व पूर्व मंत्री नंदकिशोर यादव, डॉ प्रेम कुमार, मंत्री शाहनवाज हुसैन व सम्राट चौधरी, विधान पार्षद नवल किशोर यादव व राजेन्द्र गुप्ता की मौजूदगी में हुई कोर कमेटी ने भी यह सभी सीटिंग सीटों पर उम्मीदवार देने पर मुहर लगायी। चूंकि अभी यह नहीं तय हुआ है कि गठबंधन में कौन-सी सीटों पर कौन दल लड़ेगा, इसलिए कोर कमेटी की बैठक में प्रत्याशियों के नामों पर चर्चा नहीं हो पायी।
एबीएन डेस्क। बिहार के 18 से अधिक शहरों में न्यूनतम पारा जम्मू से भी कम रिकॉर्ड किया गया। बिहार के इन शहरों में जम्मू के मुकाबले दो से तीन डिग्री तक तापमान में अंतर देखा गया। भारी ठंड झेल रहे राज्य के प्रमुख शहरों में पटना, गया, पूर्णिया, छपरा आदि शामिल हैं। मौसम विभाग से प्राप्त आंकड़ों के मुताबिक शनिवार को जम्मू का न्यूनतम तापमान 10.1 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, जबकि पटना का न्यूनतम तापमान 8.2 डिग्री सेल्सियस रहा। वहीं पूर्णिया में 9.5 डिग्री, छपरा में 8.3 डिग्री, दरभंगा में 9.4 डिग्री, मोतीहारी में 7.6 डिग्री, शेखपुरा में 9.2 डिग्री, सीतामढ़ी के पुपरी में 8.8 डिग्री, अररिया में नौ डिग्री, औरंगाबाद में 7.9 डिग्री, बेगूसराय में 9.8 डिग्री, हरनौत में 8.4 डिग्री, समस्तीपुर के पूसा में 8 डिग्री और सहरसा के अगवानपुर में 9.5 डिग्री रिकॉर्ड किया गया। इन शहरों के अलावा बिहार के कई शहर ऐसे हैं, जिनका डेटा देर शाम तक मौसम विभाग को प्राप्त नहीं हो सका था, जहां कमोबेश ऐसी ही स्थिति रही। देहरादून में भी न्यूनतम तापमान 9.5 डिग्री रहा। इस हिसाब से बिहार के दर्जनभर शहर देहरादून से भी ठंडे रहे। हालांकि अब न्यूनतम तापमान में बढ़ोतरी होने से अगले 24 घंटों में इन शहरों को ठंड से थोड़ी राहत मिल सकती है। राज्य के कई शहरों में जम्मू के आसपास तापमान रहा, उनमें भागलपुर में 10.6 डिग्री, वाल्मिकीनगर में 10.8 डिग्री, सुपौल में 10.6 डिग्री, बक्सर में 10.3 डिग्री, कटिहार में 10.2 डिग्री न्यूनतम तापमान रिकॉर्ड किया गया। यह हाल तब है जब बिहार के इन शहरों के न्यूनतम तापमान में पिछले 24 घंटों में आंशिक बढ़ोतरी हुई है। मौसमविदों का कहना है कि सालभर में ऐसे हालात एक दो बार बनते हैं, जब पर्वतीय प्रदेशों से न्यूनतम तापमान में मैदानी इलाकों में कमी देखी जाती है। ऐसा इसलिए होता है क्योंकि पर्वतीय प्रदेशों में पश्चिमी विक्षोभ से उत्पन्न परिस्थितियों की वजह से तब बारिश हो रही होती है और उस समय मैदानी इलाकों में ठंडी हवाओं का प्रभाव बना होता है। एक-दो दिनों बाद स्थिति में बदलाव के आसार हैं। मौसमविदों के अनुमान के मुताबिक अगले 24 घंटों में बिहार के अधिकतर शहरों का तापमान ऊपर चढ़ेगा और यह अंतर घट जाएगा।
Subscribe to our website and get the latest updates straight to your inbox.
टीम एबीएन न्यूज़ २४ अपने सभी प्रेरणाश्रोतों का अभिनन्दन करता है। आपके सहयोग और स्नेह के लिए धन्यवाद।
© www.abnnews24.com. All Rights Reserved. Designed by Inhouse