Breaking
ताज़ा समाचार लोड हो रहा है...
लाइव: 16
होम ई-पेपर देश झारखंड खेल समाचार राज काज कानून व्यवस्था करियर बिजनेस वर्ल्ड हेल्थ विचार ज्ञान विज्ञान समाज वन और पर्यावरण मनोरंजन बिहार विज्ञापन

करियर

View All
पत्रकारिता विभाग ने जबरिया बंद कर दिया क्लास, छात्र निराश
Published / 2026-10-11 19:50:37
पत्रकारिता विभाग ने जबरिया बंद कर दिया क्लास, छात्र निराश

पत्रकारिता विभाग ने जबरिया बंद कर दिया क्लास, छात्र निराशरांची विवि प्रबंधन को अंधेरे में रख विभाग कर रहा मनमानीस्तरहीन पढ़ाई से छात्रों में रोष क्लास में उपस्थिति नगण्यवीसी के नये होने से उन तक नहीं पहुंच रही सही सूचनामास कॉम विभाग में छात्रों ने कॉलेज आना छोड़ा, कक्षाएं स्थगित करनी पड़ीचैट जीपीटी और एआइ के सहारे पढ़ाने वाले अयोग्य शिक्षकों के कारण छात्रों ने कक्षाओं का किया था बहिष्कार अजय/बासुकीनाथ टीम एबीएन, रांची। स्कूल ऑफ मास कम्युनिकेशन रांची युनिवर्सिटी में डायरेक्टर बसंत कुमार झा के मनमाने और लापरवाह रवैये ने पढाई को ध्वस्त कर दिया। सत्र 2024-27 के छात्रों ने क्लास आना ही बंद कर दिया है। यहां डायरेक्टर ने अपने मित्रों और जान पहचान के ऐसे-ऐसे लोगों को गेस्ट लेक्चरर नियुक्त किया, जो कहीं से भी पढ़ाने योग्य नहीं थेइनमें से कुछ पत्रकारिता कर रहे थे, लेकिन पत्रकारिता में भी इनकी कोई अच्छी साख नहीं थी और पढाने का काम इन्होंने कभी नहीं किया था। ये शिक्षक क्लास में स्मार्टफोन में चैट जीपीटी के साथ ही एआइ चलाकर और उससे देख कर छात्रों को पढाते हैं और उसे ही पढ कर नोट्स लिखवाते हैं। विवि के नियमों को ताक पर रखकर शिक्षकों का चयन किया गया है।छात्रों ने दबी जुबान कहना प्रारंभ किया कि इस तरह एआइ से पढ़ना है तो हम भी घर में मोबाइल और इंटरनेट से पढ सकते हैं फिर यहां आने का क्या फायदा? आने जाने का भाड़ा भी लगाना जुर्माना ही है। रांची विवि की नयी वीसी को अभी इन समस्याओं की जानकारी नहीं होने का लाभ भी मॉस कॉम विभाग उठा रहा है। आज छात्रों की रूचि क्लास करने में समाप्त हो गयी है। विभाग का शैक्षणिक स्तर शर्मनाक स्तर तक गिर गया है।विभाग के कई छात्रों ने नाम न छापने के आग्रह पर बताया कि जो छात्र विभाग में शैक्षणिक स्तर पर बेहतरी की बात करता है, उसे सेमस्टर परीक्षा में कम अंक देकर प्रताड़ित किया जाता है। अहम सवाल है कि जब रांची विवि का पत्रकारिता विभाग का स्तर ही गिर रहा है, छात्र क्लास करने नहीं आते और विभाग को भी पढ़ाने में रुचि नहीं है, तो छात्रों का भविष्य से खिलवाड़ क्यों?

झारखंड राय यूनिवर्सिटी में उत्साहपूर्वक मनाया गया विश्व खाद्य दिवस, जीरो वेस्ट फूड चैलेंज
Published / 2026-10-10 22:39:44
झारखंड राय यूनिवर्सिटी में उत्साहपूर्वक मनाया गया विश्व खाद्य दिवस, जीरो वेस्ट फूड चैलेंज

झारखंड राय यूनिवर्सिटी में उत्साहपूर्वक मनाया गया विश्व खाद्य दिवस, जीरो वेस्ट फूड चैलेंजटीम एबीएन, रांची। झारखंड राय यूनिवर्सिटी में फैकल्टी ऑफ एग्रीकल्चरल साइंसेज द्वारा साइंस क्लब और इंस्टीट्यूशन्स इनोवेशन काउंसिल (IIC) के संयुक्त तत्वावधान में विश्व खाद्य दिवस 2026 बड़े उत्साह के साथ मनाया गया। कार्यक्रम का उद्घाटन डीन स्टूडेंट वेलफेयर (DSW) सब्यसाची मुखर्जी एवं डीन एकेडमिक्स डॉ. सुमित कुमार पांडेय ने किया। इस वर्ष की थीम "आज नवाचार करें, कल को पोषित करें (Innovate Today, Nourish Tomorrow)" रही, जिसके अंतर्गत कार्यक्रम को "जीरो वेस्ट फूड चैलेंज" के रूप में आयोजित किया गया। इस चैलेंज में विभिन्न विभागों की कुल 19 टीमों ने भाग लिया। छात्रों ने बचे हुए भोजन और सामान्यतः फेंक दी जाने वाली सामग्री से अनेक नवाचारी व्यंजन तैयार किए, जिनमें रोटी पास्ता नूडल्स, फूलगोभी के डंठल के पकौड़े, कच्चे केले के छिलके की चटनी, बचे हुए चावल के कटलेट, लौकी के छिलके का हलवा तथा कई अन्य व्यंजन शामिल थे।छात्रों का उत्साह बढ़ाने के लिए विश्वविद्यालय के सभी संकायों के सदस्य कार्यक्रम में उपस्थित रहे और प्रदर्शनी का भ्रमण कर उनके प्रयासों की सराहना की। टीमों का मूल्यांकन स्थिरता (Sustainability), पोषण (Nutrition) और जीरो वेस्ट इनोवेशन के आधार पर किया गया। निर्णायक मंडल में डॉ. मोहम्मद मोनिस अंसारी, सत्य प्रकाश हिमांशु, डॉ. मो. इरफान आलम, विक्रांत कुमार रवि शामिल रहे। स्थिरता और जीरो वेस्ट इनोवेशन श्रेणियों में मैनेजमेंट विभाग की टीमें विजेता रहीं, जबकि पोषण मूल्य श्रेणी में कृषि विज्ञान संकाय की टीम ने बाजी मारी। कार्यक्रम के समापन पर परीक्षा नियंत्रक डॉ. वेद प्रकाश ने विजेता टीमों को पुरस्कार वितरित किए। कार्यक्रम की संयोजक डॉ. नेहा ग्रेस एंजेल किस्कू रहीं, जिनके मार्गदर्शन में पूरा आयोजन सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।

बीआईटी मेसरा ने धूमधाम से मनाया अपना 36वां दीक्षांत समारोह
Published / 2026-10-10 22:29:32
बीआईटी मेसरा ने धूमधाम से मनाया अपना 36वां दीक्षांत समारोह

बिड़ला इंस्टीट्यूट ऑफ़ टेक्नोलॉजी, मेसरा ने अपना 36वां दीक्षांत समारोह आयोजित कियाभारत के भविष्य के लिए तैयार वर्कफ़ोर्स में शामिल हो रहे ग्रेजुएट्स के लिए एक नए अध्याय की शुरुआतटीम एबीएन, रांची। बिड़ला इंस्टीट्यूट ऑफ़ टेक्नोलॉजी, मेसरा ने अपना 36वां दीक्षांत समारोह आयोजित किया। यह समारोह 1955 में शुरू हुई शैक्षणिक उत्कृष्टता, रिसर्च, इनोवेशन और राष्ट्र-निर्माण की सात दशकों की विरासत में एक और महत्वपूर्ण अध्याय है। इस समारोह में अंडरग्रेजुएट, पोस्टग्रेजुएट, डॉक्टरेट और डिप्लोमा प्रोग्राम के 2,984 ग्रेजुएट्स की शैक्षणिक उपलब्धियों का जश्न मनाया गया।ये ग्रेजुएट्स अब इंडस्ट्री, रिसर्च, एंटरप्रेन्योरशिप और देश की प्रगति को आकार देने वाले अन्य क्षेत्रों में अपनी यात्रा के अगले चरण की शुरुआत कर रहे हैं। समारोह में मुख्य अतिथि के तौर पर भारत सरकार के परमाणु ऊर्जा विभाग के सचिव और परमाणु ऊर्जा आयोग के अध्यक्ष डॉ. अजित कुमार मोहंती; BIT मेसरा के चांसलर श्री सीके बिड़ला; और BIT मेसरा के वाइस चांसलर प्रो. इंद्रनील मन्ना शामिल हुए। इनके साथ फैकल्टी, छात्र, पूर्व छात्र और अभिभावक भी मौजूद थे। यह अवसर संस्थान की शैक्षणिक विरासत को विकसित भारत की वैज्ञानिक और तकनीकी ज़रूरतों से जोड़ने वाला था। समारोह की शुरुआत पारंपरिक दीप प्रज्वलन और संस्थान की प्रार्थना के साथ हुई, जिसके बाद औपचारिक दीक्षांत समारोह की कार्यवाही शुरू हुई।इस अवसर पर बोलते हुए, BIT मेसरा के चांसलर सीके बिड़ला ने कहा, जब आप अपने जीवन के अगले चरण की शुरुआत कर रहे हैं, तो याद रखें कि डिग्री के साथ-साथ समाज के लिए मूल्य (value) बनाने के लिए अपने ज्ञान और अवसरों का उपयोग करने की ज़िम्मेदारी भी आती है। जिस दुनिया में आप कदम रख रहे हैं, वह तेज़ी से बदल रही है। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, एडवांस्ड मैन्युफैक्चरिंग, क्लीन एनर्जी, डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन और स्पेस इनोवेशन हमारे जीने और काम करने के तरीके को बदल रहे हैं। तकनीकी ज्ञान महत्वपूर्ण बना रहेगा, लेकिन सीखते रहने, बदलाव के अनुसार ढलने, अलग-अलग क्षेत्रों में काम करने, विभिन्न दृष्टिकोणों को समझने और सही निर्णय लेने की आपकी क्षमता भी उतनी ही महत्वपूर्ण होगी। प्रोफेशनल्स और भविष्य के लीडर्स के तौर पर, टेक्नोलॉजी का ज़िम्मेदारी से इस्तेमाल करें और चरित्र, विश्वास और मूल्यों से प्रेरित रहें। रास्ते में रुकावटें और निराशाएँ आएँगी, लेकिन वे भी महत्वपूर्ण सबक बन सकती हैं। निरंतरता, विश्वसनीयता और ईमानदारी के साथ अपना करियर बनाएँ, और समाज तथा देश की प्रगति में सार्थक योगदान देने के लिए अपने ज्ञान का उपयोग करें। ग्रेजुएट हो रहे छात्रों को संबोधित करते हुए, भारत सरकार के परमाणु ऊर्जा विभाग के सचिव और परमाणु ऊर्जा आयोग के अध्यक्ष डॉ. अजीत कुमार मोहंती ने कहा, भारत तकनीकी बदलाव के एक अहम दौर में प्रवेश कर रहा है, जिसमें आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, क्वांटम टेक्नोलॉजी, सेमीकंडक्टर, अंतरिक्ष विज्ञान, स्वच्छ ऊर्जा और एडवांस्ड मैन्युफैक्चरिंग में हो रही तरक्की नई संभावनाएं पैदा कर रही है। एक विकसित भारत के लिए मजबूत स्वदेशी क्षमताओं और वैज्ञानिकों, इंजीनियरों और उद्यमियों की एक कुशल पीढ़ी की आवश्यकता होगी, जिसे निरंतर शोध, अलग-अलग विषयों के बीच सहयोग और मानव संसाधनों में निवेश का समर्थन प्राप्त हो। BIT मेसरा शोध को मजबूत करने और ज्ञान को समाज के लिए तकनीक और समाधानों में बदलने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। मैं ग्रेजुएट होने वाले छात्रों को जीवन भर सीखते रहने, जिज्ञासु बने रहने, अलग-अलग विषयों में काम करने और उत्कृष्टता के साथ ईमानदारी को जोड़ने के लिए प्रोत्साहित करता हूं।आपकी डिग्री आपको ज्ञान देती है, लेकिन आपका चरित्र यह तय करेगा कि आप एक अधिक इनोवेटिव, टिकाऊ और आत्मनिर्भर भारत बनाने के लिए इसका उपयोग कैसे करते हैं। BIT मेसरा के वाइस चांसलर प्रो. इंद्रनील मन्ना ने कहा, बिड़ला इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी, मेसरा में शिक्षा केवल ज्ञान प्राप्त करने तक सीमित नहीं है। हम छात्रों को आलोचनात्मक सोच रखने, स्थापित विचारों पर सवाल उठाने, जटिल समस्याओं को हल करने और ज्ञान को ऐसे समाधानों में बदलने के लिए तैयार करते हैं जो समाज की सेवा करें। 1955 में अपनी स्थापना के बाद से, BIT मेसरा ने इंजीनियरिंग, विज्ञान, तकनीक और इनोवेशन में एक मजबूत विरासत बनाई है, और इसकी शैक्षणिक और शोध गतिविधियां नए उभरते क्षेत्रों में लगातार बढ़ रही हैं। जैसे-जैसे भारत विकसित भारत के विजन की ओर बढ़ रहा है, संस्थान शिक्षा, शोध, इनोवेशन, उद्यमिता और तकनीक के विकास को मजबूत करने के लिए प्रतिबद्ध है। हमारे ग्रेजुएट पेशेवर जीवन में प्रवेश करते समय इस नींव को आगे बढ़ाते हैं, और हम उन्हें आने वाले वर्षों में शोधकर्ताओं, उद्यमियों, मेंटर्स और भागीदारों के रूप में BIT मेसरा से जुड़े रहने के लिए प्रोत्साहित करते हैं।36वें दीक्षांत समारोह में BIT मेसरा के परिसरों में 2,984 छात्रों को उनकी डिग्री और डिप्लोमा मिले, जिनमें 113 Ph.D. स्कॉलर्स, 691 पोस्ट-ग्रेजुएट छात्र, 2,004 अंडर-ग्रेजुएट छात्र और 176 डिप्लोमा प्राप्तकर्ता शामिल थे। अपने-अपने प्रोग्राम में बेहतरीन शैक्षणिक प्रदर्शन करने वाले छात्रों को कई गोल्ड मेडल भी दिए गए। ग्रेजुएट होने वाले छात्र अब BIT मेसरा की बड़ी एलुमनाई कम्युनिटी का हिस्सा बन गए हैं, जिससे भारत और विदेशों में उनका प्रोफेशनल और एकेडमिक नेटवर्क और बढ़ेगा। यह नेटवर्क इंडस्ट्री, एकेडेमिया, रिसर्च और एंटरप्रेन्योरशिप के क्षेत्रों में ग्रेजुएट्स की अलग-अलग पीढ़ियों को आपस में जोड़ता है और साथ ही ग्रेजुएशन के बाद भी संस्थान के साथ उनका जुड़ाव बनाए रखता है। समारोह का समापन गणमान्य व्यक्तियों के सम्मान और धन्यवाद प्रस्ताव के साथ हुआ, और इसी के साथ 36वें दीक्षांत समारोह का समापन हुआ।

टॉपर का हौसला तोड़ने में लगा रांची विवि का पत्रकारिता विभाग
Published / 2026-10-10 20:18:15
टॉपर का हौसला तोड़ने में लगा रांची विवि का पत्रकारिता विभाग

टॉपर का हौसला तोड़ने में लगा रांची विवि का पत्रकारिता विभाग पैरवी वाले और अयोग्य को पढ़ाने का अवसर पीएचडी और गोल्ड मेडलिस्ट आउटमास कॉम में अतिथि शिक्षकों को रखने में निदेशक की मनमानीटॉपर कीर्ति चौहान को भी क्लास लेने का अवसर नहीं मिलाअजय/ बासुकीनाथ की विशेष रिपोर्टटीम एबीएन, रांची। रांची के पत्रकारिता एवं जनसंचार विभाग में अतिथि और विजिटिंग शिक्षकों को रखने में युनिवर्सिटी के नियमों की खुलेआम धज्जियां उड़ायी जा रही है। निदेशक बसंत कुमार झा ने अपने संपर्क के योग्यता पूरी नहीं करने वाले अपने और पैरवी वालों को यहां तक कि साधारण मास्टर डिग्री वाले युवाओं को भी गेस्ट लेक्चरर बना रखा है। वहीं नेट, पीएचडी किये अतिथि शिक्षकों को बाहर का रास्ता दिखा दिया गया है। रांची विवि में पीजी टॉपर को उसके विषय में अतिथि शिक्षक के रूप में एक साल तक पढाने का अवसर दिया जाता है। आरयू के मास कॉम विभाग में भी यह परिपाटी चली आ रही थी। लेकिन इस वर्ष के मास कॉम पीजी टॉपर छात्रा कीर्ति चौहान के विभाग में पढाने के लिए आवेदन देने के बाद भी निदेशक ने यह अवसर नहीं दिया। कीर्ति चौहान ने एबीएन न्यूज 24 को बताया कि उसने प्रयास किया है और आवेदन भी दिया है, लेकिन अब तक क्लास नहीं दिया गया है। रांची यूनिवर्सिटी की वीसी डॉ प्रो सरोज शर्मा ने कहा कि वे बाहर हैं और लौटने के बाद इस विषय पर विचार करेंगी।वोकेशनल कोर्सेस में गेस्ट लेक्चरर रखने के लिए रांची युनिवर्सिटी का नियम है कि गेस्ट लेक्चरर के लिए उम्मीदवार का बायोडाटा युनिवर्सिटी से अप्रूव होने के बाद ही उसे पढाने दिया जायेगा। उम्मीदवार नेट/पीएचडी होना चाहिए। कुछेक मामलों में वरिष्ठता और अनुभव भी मान्य हैं। लेकिन मास कॉम निदेशक अपनी मर्जी से बिना युनिवर्सिटी अप्रूवल के कई गेस्ट लेक्चरर रख रहे हैं। कुछ गेस्ट लेक्चरर ऐसे हैं जो नेट पीएचडी नहीं हैं। वहीं पिछले एक साल में कई नेट पीएचडी किये अतिथि शिक्षकों को हटा दिया गया है। डायरेक्टर ने कुछ पत्रकार मित्रों को गेस्ट लेक्चरर बना रखा है जो पत्रकार तो हैं, पर पढाने के काम के अनुभवी नहीं हैं। इससे छात्रों में भी निराशा है। विवि भी डायरेक्टर बसंत झा की इस मनमानी पर खामोश है। पत्रकारिता विभाग से राज्य का शैक्षनिक सम्मान जुड़ा है। 

एसआर डीएवी पुंदाग में छात्र परिषद का गठन
Published / 2026-10-08 21:11:16
एसआर डीएवी पुंदाग में छात्र परिषद का गठन

टीम एबीएन, रांची। एसआर डीएवी पब्लिक स्कूल, पुंदाग में  छात्र परिषद का गठन किया गया।  इस कार्यक्रम का शुभारंभ गायत्री मंत्र से किया गया। तत्पश्चात कक्षा द्वादश के करण शाहदेव ने हेड बॉय तथा अदिति कुमारी ने हेड गर्ल के रूप में शपथ लिया। इनके साथ-साथ दयानंद, हंसराज, श्रद्धानंद तथा विवेकानंद हाउस के हेमंत कुमार अमन, विलाला दीक्षिता, हर्ष कुमार, मानवी प्रिया, श्रेयांश, यशस्वी, आर्यन नायर तथा ऋषिका ने कैप्टन का पद भार संभाला। कक्षा द्वादश आलोक कुमार तथा एशले गुप्ता  ने  कल्चरल सेक्रेटरी  का पदभार संभाला। आर्यन सिंह तथा नंदिनी भारती ने स्पोर्ट्स कप्तान का पद भार संभाला।  एकादश कक्षा के सक्षम ओझा ने डिप्टी हेड बॉय तथा अशिफा अहमद ने डिप्टी हेड गर्ल का पद भार संभाला। साथ ही दयानंद हाउस के अभिनव कुमार झा, आदित्य, दामिनी कुमारी  तथा सोनाक्षी झा को वाइस कप्तान, हंसराज हाउस से अमृत राज, अमन कुमार कश्यप, सृष्टि नायक तथा इशिका दीक्षा को वाइस कप्तान, श्रद्धानंद हाउस से सात्विक सोलंकी, अबरार अहमद, अरशान अहमद तथा तृषा कुमारी को वाइस कप्तान एवं  विवेकानंद हाउस से श्रेयांश प्रिय, ओवैश हम्माद,पल्लवी प्रियदर्शी तथा सांगेन को वाइस कप्तान का पद भार सौंपा गया। कक्षा एकादश के श्रेयांश आनंद, कृष्णा शर्मा, अनन्या कुमारी तथा रिया सिंह को वाइस कल्चरल सेक्रेटरी का पद भार सौंपा गया। वहीं विश्वजीत, आदित्य तिवारी, दीक्षा तथा नैना चौधरी को वाइस स्पोर्ट्स कप्तान का पद भार सौंपा गया। कक्षा सप्तम से 24 विद्यार्थियों को प्रीफेक्ट का कार्य भार सौंपा गया। मौके पर सभी पदधारकों को उनकी जिम्मेदारियों से अवगत कराया गया एवं अपनी जिम्मेदारी ईमानदारी से पूरी करने की शपथ दिलायी गयी। डीएवी पब्लिक स्कूल्स झारखंड जोन- जे के ए आर ओ सह एसआर डीएवी पब्लिक स्कूल पुंदाग के प्राचार्य डॉ तापस घोष ने सभी पद धारकों को पटका तथा बैज प्रदान किया। इसके उपरांत उन्होंने सभा को संबोधित करते हुए विद्यार्थियों को अपने कर्तव्यों  का अनुपालन जिम्मेदारी के साथ करने की प्रेरणा दी। उन्होंने कहा कि बचपन से ही जिम्मेदारियों का निर्वहन करनेवालों के व्यक्तित्व का विकास होता है। उनकी कार्य कुशलता बढ़ती है। बड़े होकर वे एक योग्य नागरिक के रूप में देश को उन्नति के पथ पर अग्रसर करते हैं। आज का यह दायित्व बोध भविष्य में नेतृत्व क्षमता विकसित करने में मदद करता है। उक्त सभा में सभी शिक्षक-शिक्षिकाओं एवं विद्यार्थियों ने भाग लिया।राष्ट्रगान के साथ सभा समाप्त हुई।

एसआर डीएवी पुंदाग के विद्यार्थी पुरस्कृत
Published / 2026-10-07 20:10:56
एसआर डीएवी पुंदाग के विद्यार्थी पुरस्कृत

एबीएन कैरियर डेस्क। भारत विकास परिषद; भगवान बिरसा मुंडा रांची शाखा के तत्वावधान में आयोजित संगीत तथा प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता में एसआर डीएवी पब्लिक स्कूल, पुंदाग के बहुमुखी प्रतिभा के धनी विद्यार्थियों को राष्ट्रीय समूह गान प्रतियोगिता में द्वितीय पुरस्कार प्राप्त हुआ। साथ ही प्रश्नोत्तरी में भी कक्षा नवम तथा दशम के विद्यार्थियों ने द्वितीय पुरस्कार प्राप्त करके विद्यालय का मान बढ़ाया। उक्त प्रतियोगिताओं में रांची के अनेक लब्धप्रतिष्ठित शिक्षण संस्थानों के विद्यार्थियों ने भाग लिया था। सभी विजयी  प्रतिभागियों को रजत पदक तथा प्रशस्ति पत्र प्रदान करके सम्मानित किया गया।विद्यालय के प्राचार्य डॉ तापस घोष ने सभी विजयी प्रतिभाशाली विद्यार्थियों  को बधाई और शुभकामनाएं संप्रेषित हुए कहा कि ऐसे प्रतिभाशाली विद्यार्थियों पर विद्यालय परिवार को गर्व है। वर्तमान समय में विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए इस प्रकार की प्रतियोगिताओं में भाग लेना अति आवश्यक है। इससे विद्यार्थियों की प्रतिभा दिनोंदिन निखरती जायेगी।

झारखंड : 75% से कम अटेंडेंस वाले विद्यार्थियों पर जैक की तिरछी नजर
Published / 2026-10-05 22:46:20
झारखंड : 75% से कम अटेंडेंस वाले विद्यार्थियों पर जैक की तिरछी नजर

झारखंड : 75% से कम अटेंडेंस वाले विद्यार्थियों पर जैक की तिरछी नजर75 प्रतिशत अटेंडेंस नहीं तो बढ़ सकती है मुश्किल, 10वीं-12वीं के छात्रों पर जैक की नजरएबीएन कैरियर डेस्क। झारखंड एकेडमिक काउंसिल (जैक) ने शैक्षणिक सत्र 2026-27 की मैट्रिक और इंटरमीडिएट बोर्ड परीक्षा में शामिल होने वाले विद्यार्थियों के लिए न्यूनतम 75 प्रतिशत उपस्थिति अनिवार्य की है। निर्धारित उपस्थिति पूरी नहीं होने पर विद्यार्थियों को परीक्षा से संबंधित प्रक्रिया में परेशानी का सामना करना पड़ सकता है।जैक के निर्देश के बाद पलामू जिले के सभी विद्यालयों में 10वीं और 12वीं के विद्यार्थियों की दैनिक उपस्थिति की विशेष निगरानी शुरू कर दी गयी है। विद्यालय प्रबंधन को कम उपस्थिति वाले विद्यार्थियों की पहचान कर उनकी उपस्थिति बढ़ाने के लिए आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिये गये हैं।विद्यालयों में परीक्षार्थियों की उपस्थिति का रिकॉर्ड नियमित रूप से दर्ज और अपडेट किया जा रहा है। जिन विद्यार्थियों की उपस्थिति 75 प्रतिशत से कम है, उन्हें चिह्नित कर नियमित रूप से विद्यालय आने के लिए प्रेरित किया जा रहा है, ताकि समय रहते उनकी उपस्थिति में सुधार हो सके। कम उपस्थिति वाले विद्यार्थियों के अभिभावकों से भी विद्यालय प्रशासन संपर्क कर रहा है। अभिभावकों से बच्चों को नियमित रूप से विद्यालय भेजने और उनकी दैनिक उपस्थिति पर नजर रखने की अपील की जा रही है, ताकि बोर्ड परीक्षा के समय परीक्षा फॉर्म भरने में किसी तरह की परेशानी न हो।पलामू के जिला शिक्षा अधिकारी संदीप कुमार ने विद्यार्थियों और अभिभावकों से नियमित उपस्थिति सुनिश्चित करने की अपील की है। उन्होंने कहा कि परीक्षा में अभी पर्याप्त समय है, इसलिए जिन विद्यार्थियों की उपस्थिति कम है, वे नियमित रूप से विद्यालय आकर इसमें सुधार कर सकते हैं।उन्होंने कहा कि बोर्ड परीक्षा की तैयारी के साथ पाठ्यक्रम को समय पर पूरा करना और निर्धारित उपस्थिति मानक को पूरा करना भी विद्यार्थियों के लिए जरूरी है। विद्यालय प्रबंधन और अभिभावकों को इस संबंध में लगातार निगरानी रखने के निर्देश दिये गये हैं।

बीआईटी मेसरा-लालपुर में सांख्यिकी और ए आई को लेकर कार्यशाला
Published / 2026-10-05 22:44:09
बीआईटी मेसरा-लालपुर में सांख्यिकी और ए आई को लेकर कार्यशाला

बीआईटी मेसरा-लालपुर में सांख्यिकी और ए आई को लेकर कार्यशालाटीम एबीएन, रांची। बीआईटी मेसरा लालपुर के तत्वाधान में 5 दिवसीय कार्यशाला जिसका विषय है सांख्यिकी और ए आई उपकरण का उपयोग और डेटा विश्लेषण किया गया।आज से पांच दिनों तक चलने वाले इस कार्यशाला का उद्धाटन बी आई टी मेसरा की कंप्यूटर साइंस विभाग की वरिष्ठ प्रोफेसर डॉ वंदना भट्टाचार्य ने किया कार्यकम की अध्यक्ष निदेशक डॉ विजय कुमार झा ने  प्रतिभागियों को विषय पर अपनी बात रखी।कार्यक्रम सयोजक डॉ संदीप नाथ शाहदेव ने विसय प्रवेश कराते हुए बताया कि यह आयोजन से उन नये पुराने छात्रों को सांख्यिकी और ए आई का उपयोग को हम बेहतर तरीके से संमझने का अवसर मिला है हम इस कार्यशाला से अच्छी तकनिकी जानकारी प्राप्त कर सकते है। सह सयोजक डॉ अभय रंजन श्रीवास्तव ने सभी प्रतिभागियों सम्मानित अतिथियों को इस आयोजन में शामिल होने पर धन्यवाद दिया।आज के इस उद्घाटन समारोह में डॉ अमृता प्रियम, डॉ प्रणव कुमार, डॉ एनके सिंह, डॉ जी पी मिश्रा, डॉ आशुतोष, डॉ प्रशांत, डॉ जया पाल, डॉ पार्थो सारथी, डॉ मयंक  डॉ वी के शर्मा, नरेंद्र कुमार, राणा प्रताप, डॉ नंदन बनर्जी डॉ मानसी गुप्ता डॉ संजय कुमार सहित सैकड़ों की संख्या में छात्र शामिल हुए।

आजसू की बैठक में सदस्यता अभियान, कॉलेज कमेटियों के पुनर्गठन एवं रांची विश्विद्यालय मुख्यालय मार्च का निर्णय
Published / 2026-10-05 14:58:02
आजसू की बैठक में सदस्यता अभियान, कॉलेज कमेटियों के पुनर्गठन एवं रांची विश्विद्यालय मुख्यालय मार्च का निर्णय

आजसू की बैठक में सदस्यता अभियान, कॉलेज कमेटियों के पुनर्गठन एवं रांची विश्विद्यालय मुख्यालय मार्च का निर्णयटीम एबीएन, रांची। अखिल झारखंड छात्र संघ (आजसू) की रांची महानगर के अंतर्गत आने वाले विभिन्न कॉलेजों के पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं की बैठक आजसू के प्रधान कार्यालय, हरमू, रांची में संपन्न हुई। बैठक में आगामी शैक्षणिक सत्र को लेकर संगठनात्मक गतिविधियों को मजबूत करने एवं छात्रहित से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की गई। बैठक में निर्णय लिया गया कि रांची महानगर के अंतर्गत आने वाले सभी कॉलेजों में व्यापक सदस्यता अभियान चलाया जाएगा।इसके साथ ही सभी कॉलेजों में आजसू छात्र संघ की कमेटियों का पुनर्गठन कर संगठन को और अधिक सक्रिय एवं सशक्त बनाने की दिशा में कार्य किया जाएगा। बैठक में रांची विश्वविद्यालय मार्च आयोजित करने का भी निर्णय लिया गया। मार्च के माध्यम से विश्वविद्यालय से जुड़े छात्रहित के विभिन्न मुद्दों को संबंधित अधिकारियों के समक्ष रखा जाएगा तथा छात्रों की समस्याओं के समाधान की मांग की जाएगी।बैठक में उपस्थित पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं ने सदस्यता अभियान और कॉलेज कमेटियों के पुनर्गठन को लेकर आवश्यक तैयारियां शुरू करने पर सहमति जताई। संगठन की ओर से कहा गया कि छात्र-छात्राओं की समस्याओं को प्राथमिकता के साथ उठाते हुए विश्वविद्यालय एवं कॉलेज स्तर पर संगठनात्मक गतिविधियों को निरंतर गति दी जाएगी। साथ ही मोहन रविदास जी को रामलखन सिंह यादव महाविद्यालय इकाई का अध्यक्ष एवं रोशनी मुंडा को रांची महानगर छात्र का उपाध्यक्ष बनाया गया।बैठक में मुख्य रूप से प्रदेश अध्यक्ष ओम वर्मा, प्रदेश कार्यकारी अध्यक्ष बबलू महतो, प्रदेश वरीय उपाध्यक्ष ऋतुराज शाहदेव,प्रदेश सचिव राजेश सिंह,रोशन नायक, सक्षम झा,महानगर अध्यक्ष अमन साहू, अभित कुमार, यश सोनी, खुशबू कुमारी,निशांत लिंडा,ऋषभ कुमार,राहुल यादव,अंकित , पंकज,धीरज ,ऋषि एवं  विभिन्न कॉलेजों के पदाधिकारी, कार्यकर्ता एवं छात्र प्रतिनिधि उपस्थित रहे। उक्त जानकारी अखिल झारखंड छात्र संघ (आजसू) के प्रदेश अध्यक्ष ओम वर्मा ने दी। 

Newsletter

Subscribe to our website and get the latest updates straight to your inbox.

We do not share your information.