टीम एबीएन, रांची। दूसरे एवं अंतिम चरण का मतदान काउंटडाउन शुरू हो गया है। 20 नवंबर को सुबह सात बजे से राज्य के 38 विधानसभा क्षेत्रों में मतदान होगा। मतदान शांतिपूर्ण एवं निष्पक्ष कराने के लिए निर्वाचनकर्मी बूथों के लिए रवाना हो चुके हैं। रांची के मोरहाबादी से सिल्ली एवं खिजरी विधानसभा क्षेत्र के लिए रवाना हो रहे निर्वाचनकर्मियों में खासा उत्साह देखा जा रहा था।
बातचीत में निर्वाचनकर्मियों ने कहा कि उनके ऊपर बड़ी जिम्मेदारी दी गयी है, जिसे पूर्व की तरह पूरी निष्ठा के साथ निभायेंगे। मतदान के दौरान सुरक्षा व्यवस्था का कमान संभाल रही महिला पुलिस कहती हैं कि उन्हें जो जिम्मेदारी दी गयी है उसे वो बखूबी निभायेंगी। प्रदेश की कुल 38 सीटों पर मतदान में 27 सामान्य, 03 एससी और 08 एसटी सीट शामिल है।
इस चरण में 17,062 कंट्रोल यूनिट, 22,217 बैलेट यूनिट और 18,483 वीवीपैट का इस्तेमाल होगा। इस चरण में कुल 14,218 बूथों में 2,414 शहरी और 11,804 ग्रामीण क्षेत्रों में हैं। महिला संचालित बूथों की संख्या 239 है और औसतन प्रत्येक बूथ पर 871 वोटर मतदान करेंगे। इसके साथ ही सुरक्षा के व्यापक प्रबंध किये गये हैं, जिसमें केंद्रीय बलों के साथ-साथ राज्य पुलिस के जवान की तैनाती की गयी है।
बता दें कि इस चुनाव में संथाल की 18 सीटों सहित कुल 38 सीटों के लिए मतदान होना है। जिसमें 528 प्रत्याशी किस्मत आजमा रहे हैं। इन प्रत्याशियों में 472 पुरुष और 55 महिला के अलावा एक थर्ड जेंडर भी चुनाव मैदान में है। दूसरे और अंतिम चरण का चुनाव झारखंड का राजनीतिक भविष्य तय करेगा।
इस चरण में कई हाई प्रोफाइल सीट हैं जहां दिग्गजों की प्रतिष्ठा दांव पर लगी हुई है। एक तरफ चुनाव मैदान जहां मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन हैं। वहीं दूसरी ओर उनकी पत्नी गांडेय चुनाव मैदान में हैं। इसके अलावा रबींद्रनाथ महतो, बाबूलाल मरांडी, सीता सोरेन सहित हेमंत मंत्रिमंडल के कई मंत्रियों का राजनीतिक भविष्य तय होना है।
टीम एबीएन, रांची। भारत निर्वाचन आयोग ने कांग्रेस और झामुमो द्वारा भाजपा झारखंड के सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर पोस्ट किये गये एक भ्रामक और दुर्भावनापूर्ण वीडियो की शिकायतों पर गंभीर संज्ञान लिया है। आयोग ने सीईओ झारखंड को निर्देश दिया है कि वह भाजपा झारखंड को तत्काल प्रभाव से उस पोस्ट को पार्टी के सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म से हटाने का निर्देश दे।
साथ ही एमसीसी के प्रावधानों के उल्लंघन के आरोप की व्याख्या करने के लिए एक नोटिस भी जारी करे। इसके अलावा, सीईओ को तत्काल कार्रवाई करने और राज्य में आईटी अधिनियम की धारा 79(3)(बी) के तहत निर्दिष्ट प्राधिकरण के साथ समन्वय में, सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म से आपत्तिजनक पोस्ट को शीघ्र हटाने का निर्देश दिया गया है।
दरअसल, झामुमो और कांग्रेस ने आयोग में अपनी शिकायत में भाजपा झारखंड द्वारा पोस्ट किये गये वीडियो को भ्रामक और विभाजनकारी बताया है। वीडियो में झामुमो समर्थक के घर के बाहर झामुमो पार्टी का बैनर लगा हुआ दिखाया गया है और इसमें हेमंत सोरेन की तस्वीर वाला एक पोस्टर भी दिखाया गया है, जिसके कैप्शन में लिखा है पूरे झारखंड का काया पलट कर देंगे।
वीडियो में एक विशेष समुदाय के सैकड़ों लोग बिना अनुमति के घर में घुसने की कोशिश करते हुए दिखाये गये हैं, जिसका उद्देश्य वहां जबरन रहना है। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि भाजपा झारखंड द्वारा प्रकाशित वीडियो में निराधार आरोप और झूठ बोलकर मतदाताओं को प्रभावित करने की कोशिश की जा रही है, जिससे जेएमएम और उसके नेताओं के खिलाफ नफरत और द्वेष की भावना पैदा हो।
एबीएन सेंट्रल डेस्क (उत्तरकाशी)। यमुनोत्री धाम जाने वाले तीर्थयात्रियों के लिए एक अच्छी खबर है। आज, खरसाली में भूमि पूजन के साथ यमुनोत्री धाम के लिए 3.9 किलोमीटर लंबे रोपवे का निर्माण कार्य शुरू हो गया है। यह परियोजना यमुनोत्री स्काई कार प्राइवेट लिमिटेड द्वारा सार्वजनिक-निजी भागीदारी मॉडल के तहत क्रियान्वित की जा रही है।
इस रोपवे से तीर्थयात्री अब खरसाली से यमुनोत्री धाम मात्र 15 मिनट में पहुंच सकेंगे। पहले यह यात्रा कई घंटों में पूरी होती थी। रोपवे की क्षमता प्रति घंटे एक दिशा में 580 यात्रियों को ले जाने की है। इस महत्वाकांक्षी परियोजना के लिए खरसाली से यमुनोत्री धाम के बीच कुल 10 टावर बनाये जायेंगे।
यमुनोत्री स्काई कार प्राइवेट लिमिटेड के सीईओ अविरल जैन ने जिलाधिकारी डॉ मेहरबान सिंह बिष्ट को परियोजन का कार्य प्रारंभ करने की जानकारी देते हुए बताया कि सबसे पहले खरसाली स्थित निचले टर्मिनल को बनाया जा रहा है।
इस टर्मिनल पर 250 कारों, 30 बाईक्स और 40 ट्रेवलर वैन की क्षमता की पार्किंग का निर्माण भी किया जायेगा। जिलाधिकारी डॉ. मेहरबान सिंह बिष्ट ने कंपनी को रोप-वे का कार्य प्रारंभ करने पर शुभकामनाएं देते हुए निर्माण कार्य निरंतर जारी रख समय से परियोजना पूरी करने को कहा है।
एबीएन सेंट्रल डेस्क। केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण राज्य मंत्री अनुप्रिया सिंह पटेल ने कहा है कि रोगाणुरोधी प्रतिरोध एक वैश्विक स्वास्थ्य खतरा है, जिसके लिए वन हेल्थ दृष्टिकोण की तत्काल आवश्यकता है, जो मानव, पशु और पौधों के स्वास्थ्य के साथ-साथ पर्यावरण और अन्य प्रासंगिक क्षेत्रों में सहयोग को बढ़ावा देता है।
श्रीमती पटेल ने शनिवार को सऊदी अरब के जेद्दा में रोगाणुरोधी प्रतिरोध एंटीमाइक्रोबियल प्रतिरोध (एएमआर) पर चौथे मंत्रिस्तरीय उच्च स्तरीय वैश्विक सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि एंटीमाइक्रोबियल प्रतिरोध एक वैश्विक स्वास्थ्य खतरा है जिसके लिए वन हेल्थ दृष्टिकोण से तत्काल कार्रवाई की आवश्यकता है। यह मानव, पशु और पौधों के स्वास्थ्य के साथ-साथ पर्यावरण और अन्य प्रासंगिक क्षेत्रों में सहयोग और तालमेल पर बल देता है।
सम्मेलन का विषय घोषणा से कार्यान्वयन तक - एएमआर की रोकथाम के लिए बहुक्षेत्रीय भागीदारी के माध्यम से कार्रवाई में तेजी लाना है।
श्रीमती पटेल ने इसके लिए निगरानी को मजबूत करने, सहयोग को बढ़ावा देने और एंटीमाइक्रोबियल पहुंच में बाधाओं को दूर करने के महत्व पर जोर दिया।
उन्होंने कहा, भारत विभिन्न क्षेत्रों में एएमआर का पता लगाने और निगरानी क्षमताओं में सुधार लाने के उद्देश्य से एक व्यापक दृष्टिकोण का प्रस्ताव करता है, जिससे स्थानीय और राष्ट्रीय दोनों स्तरों पर साक्ष्य-आधारित एंटीमाइक्रोबियल उपयोग को निर्देशित करने के लिए डेटा का उपयोग हो सके। यह विभिन्न क्षेत्रों में एकीकृत और अंतर-संचालन निगरानी प्रणालियों के निर्माण की नींव रखेगा।
उन्होंने सदस्य देशों से क्षेत्रीय और बहुक्षेत्रीय सहयोग और समन्वय को मजबूत करने में समर्थन देने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि भारत विकासशील देशों, विशेष रूप से निम्न और मध्यम आय वाले देशों (एलएमआईसी) में रोगाणुरोधी दवाओं, निदान तथा टीकों की पहुंच एवं सामर्थ्य में बाधाओं को दूर करने पर जोर देता है।
उन्होंने कहा कि एएमआर में योगदान देने वाले कारक अलग-अलग देशों और क्षेत्रों में अलग-अलग हैं और इसलिए इस चुनौती से प्रभावी ढंग से निपटने के लिए स्थानीय संदर्भ के अनुसार कार्रवाई की जानी चाहिए।
टीम एबीएन, रांची। राज्य सरकार ने झारखंड प्रशासनिक सेवा के अधिकारियों पर कार्रवाई की है। ओम प्रकाश यादव, झाप्रसे (कोटि क्रमांक-848/03), तत्कालीन अंचल अधिकारी, नामकुम, रांची के विरूद्ध विभागीय कार्यवाही संचालित किया जाता है।
बिपिन कुमार दुबे, झाप्रसे (को0क्र0-319/20), तत्कालीन अंचल अधिकारी, हुसैनाबाद, पलामू के विरूद्ध झाससे (व, नि एवं अ) नियमावली, 2016 नियम-14 के तहत् निंदन का दंड अधिरोपित किया जाता है। इस संबंध में कार्मिक प्रशासनिक सुधार तथा राजभाषा विभाग में संकल्प जारी किया है।
टीम एबीएन, रांची। मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के रवि कुमार ने कहा है कि विधानसभा निर्वाचन में सभी प्रत्याशियों को समान अवसर प्राप्त हो, इस हेतु कृतसंकल्पित होकर कार्य किया जा रहा है। कहा कि भारत निर्वाचन आयोग द्वारा किसी भी प्रत्याशी अथवा राजनीतिक दल के प्रति किसी भी प्रकार के पक्षपात अथवा किसी को विशेष संरक्षण से संबंधित पाये जाने पर निर्वाचन कार्य में लगे पदाधिकारियों पर सख्ती से कार्रवाई करने का निर्देश है।
इसी क्रम में सोमवार को कार्यालय परिसर में भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस पार्टी के प्रभारी/ सदस्यों के साथ बातचीत के क्रम में संजय प्रसाद श्रीवास्तव, अवर सचिव, मंत्रिमंडल (निर्वाचन) विभाग, झारखंड, रांची के द्वारा आदर्श आचार संहिता के उल्लंघन के मामले में श्री श्रीवास्तव को तत्काल प्रभाव से सेवा से निलंबित करते हुए इनकी सेवा कार्मिक, प्रशासनिक सुधार तथा राजभाषा विभाग, झारखंड, रांची को वापस करने का निर्देश दिया गया है।
टीम एबीएन, रांची। झारखंड के मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के रवि कुमार ने कहा कि विधानसभा चुनाव में हर मतगणना केंद्र सीसीटीवी कैमरे की निगरानी में रहेंगे। कुमार ने निर्वाचन सदन, धुर्वा में आयोजित संवाददाता सम्मेलन में कहा कि पारदर्शी और त्रुटिहीन मतदान संपन्न कराना निर्वाचन आयोग की प्राथमिकता है। इसीलिए मतदान केंद्रों पर सीसीटीवी के साथ वेबकास्टिंग की मदद से मुख्य निर्वाचन कार्यालय, धुर्वा से भी नजर रखी जायेगी।
के रवि कुमार ने बताया कि पिछले लोकसभा चुनाव के दौरान इन्हीं माध्यमों से तीन गलतियां प्रकाश में आयी थीं, जिन्हें समय रहते दुरुस्त कर लिया गया था। उन्होंने कहा कि मतदान केंद्रों पर तैनात अधिकारियों और कर्मियों के पास एएसडी सूची रहेगी। सूची में जिनका निधन हो गया है, जो कहीं दूसरी जगह शिफ्ट कर गये हैं और अनुपस्थित मतदाता हैं, उन सभी का डिटेल रहेगा। इससे डुप्लीकेसी की संभावना नहीं के बराबर रहेगी।
कुमार ने बताया कि आदर्श आचार संहिता लागू होने के बाद से अब तक राज्य में 1 अरब, 66 करोड़, 82 लाख की अवैध सामग्री और नकदी जब्त की गयी है। इसमें सबसे अधिक राज्य पुलिस ने 121 करोड़ 96 लाख की जब्ती की है। वाणिज्य कर विभाग ने 8.43 करोड़, आबकारी विभाग ने 7.31 करोड़, वन विभाग ने 7.22 करोड़ और आयकर विभाग ने 1.62 करोड़ की जब्ती की है।
टीम एबीएन, रांची। महापर्व छठ पूजा के देखते हुए रांची प्रशासन ने बड़ा फैसला लिया है। अगर आप रांची भारी वाहन लेकर जा रहे हैं तो आपको दिक्कतों का सामना करना पड़ सकता है, इसलिए आपको इसके में सारी जानकारी पहले से हो जानी चाहिए कि आखिर क्यों दो दिनों तक रांची में भारी वाहन बैन है? रांची में भारी वाहन के प्रवेश करने का क्या वक्त रखा गया है? आइये इस ऑर्टिकल में जानने की कोशिश करते हैं।
रांची में छठ व्रती, श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा को लेकर जिला प्रशासन सजग हो गया है। प्रशासन ने रांची के 33 तालाबों की जिम्मेदारी में 6 मेडिकल टीम की तैनाती कर रखी है। इतना ही नहीं शहर में 7 नवंबर, 2024 दिन गुरुवार से दो दिनों तक भारी वाहनों के प्रवेश पर रोक लगा दी गयी है।
रांची में आज से सुबह 8 बजे से लेकर रात 11 बजे तक भारी वाहन प्रवेश नहीं कर सकेंगे। वहीं, दोपहर 2 बजे से रात 8 तक छोटे माल वाहक वाहनों के प्रवेश पर भी रोक लगी है। 8 नवंबर, 2024 दिन शुक्रवार को अहले सुबह 2 बजे से लेकर अगली रात 8 बजे तक भी भारी वाहनों के प्रवेश वर्जित किया है।
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