राज काज

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Published / 2022-11-28 21:45:00
चुनाव कार्य से हटेंगे देवघर उपायुक्त मंजूनाथ भजंत्री

राज्य सरकार ने दी सहमति 
 

टीम एबीएन, रांची। देवघर उपायुक्त मंजूनाथ भजंत्री चुनाव कार्य से हटाए जाएंगे। जानकारी मिली है कि राज्य सरकार ने इसकी सहमति दे दी है। सरकार ने यह सहमति केंद्रीय निर्वाचन आयोग द्वारा देवघर डीसी मंजूनाथ भजंत्री को चुनाव कार्य से हटाने से संबंधित निर्देश पर मंतव्य मांगने के बाद दी है। 
सरकार ने दी गई सहमति में इस बात का उल्लेख किया है कि कोई डीसी चुनाव कार्य में रहें, यह जरूरी नहीं है। सरकार ने अब राज्य निर्वाचन आयोग को यह सहमति दे दी है। अब राज्य निर्वाचन आयोग केंद्रीय निर्वाचन आयोग को इस बारे में जानकारी उपलब्ध कराएगा। उसके बाद केंद्रीय निर्वाचन आयोग देवघर डीसी को निर्वाचन कार्य से हटाने का पत्र जारी करेगा। 
उल्लेखनीय है कि गोड्डा के भाजपा सांसद निशिकांत दुबे ने केंद्रीय चुनाव आयोग से शिकायत कर देवघर डीसी को चुनाव कार्य से हटाने को लेकर विचार करने का आग्रह किया था। उन्होंने कहा था कि चुनाव कार्य के लिए किसी अन्य अधिकारी को जिम्मेदारी दी जाए। इस विकल्प पर विचार किया जा सकता है। केंद्रीय निर्वाचन आयोग ने इस पर निर्णय लेते समय बीते 31 अक्टूबर को राज्य निर्वाचन आयोग को पत्र लिखा था। इस पर राज्य निर्वाचन आयोग ने राज्य सरकार से सुझाव मांगा था। सरकार ने इस बाबत अपनी सहमति राज्य निर्वाचन आयोग को दे दी है।

Published / 2022-11-27 20:12:26
निजी स्कूलों की तर्ज पर कर रहे सरकारी स्कूलों को अपग्रेड : हेमंत सोरेन

  • मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन आज रामगढ़ जिला के लुकैयाटांड़ में अमर शहीद सोबरन सोरेन के शहादत दिवस पर आयोजित कार्यक्रम में हुए शामिल  
  • मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन एवं राज्य सभा सांसद और पूर्व मुख्यमंत्री  श्री शिबू सोरेन ने अमर शहीद सोबरन सोरेन की नव स्थापित प्रतिमा का किया अनावरण, माल्यार्पण कर दी श्रद्धांजलि     

सूखा पीड़ित 30 लाख किसान परिवारों को देंगे राहत 
झारखंड वीरों की धरती, शिक्षा के स्तर में निरंतर हो रहा सुधार 
ग्रामीण अर्थव्यवस्था मजबूत होगी, तभी राज्य खुशहाल होगा 
 

टीम एबीएन, रामगढ़/ रांची। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने कहा कि झारखंड सदियों से वीरों की धरती रही है। अमर शहीद सोबरन सोरेन ने आदिवासी-मूलवासी, शोषित, गरीब तथा वंचितों के हक, अधिकार तथा अस्मिता की लड़ाई लड़ी। महाजनी प्रथा के प्रकोप से इन वर्गों को बचाने के लिए लम्बा संघर्ष किया। शहीद सोबरन सोरेन की कुबार्नी को झारखंड के लोग आज याद कर रहे हैं। हमारी सरकार शहीद सोबरन सोरेन के विचारों और आदर्शों पर चलकर  झारखंड के सर्वांगीण विकास के प्रतिबद्धता के साथ कार्य करते हुए आगे बढ़ रही है।उक्त बातें मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन ने आज शहीद सोबरन सोरेन की 65वीं शहादत दिवस के मौके पर रामगढ़ जिला के लुकैयाटांड़ में आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कही। 

दिशोम गुरु ने शोषण और अन्याय के खिलाफ लंबा संघर्ष किया 
मुख्यमंत्री ने कहा कि अमर शहीद सोबरन सोरेन के पुत्र आदरणीय दिशोम गुरु श्री शिबू  सोरेन ने भी अपने पिताजी की राह पर चलते हुए यहां के आदिवासी, दलित, शोषित,वंचित,गरीब सभी वर्गों के साथ हो रहे महाजनी शोषण और अत्याचार के विरुद्ध राज्य के गांव-गांव, जंगल-जंगल में जाकर इन वर्गों को संरक्षित करने के लिए संघर्ष किया। एक दौर ऐसा भी आया जब आदरणीय गुरु जी के पीछे-पीछे बड़ी संख्या में प्रदेश के लोगों ने इनके संघर्ष को बल दिया। 
अमर शहीद सोबरन सोरेन की प्रतिमा का अनावरण  
इस मौके पर मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन एवं पूर्व मुख्यमंत्री तथा वर्तमान राज्यसभा सांसद श्री शिबू सोरेन ने वीर शहीद सोबरन सोरेन के शहादत दिवस के मौके पर रामगढ़ जिला के लुकैयाटांड़ स्थित स्मारक स्थल पर उनकी नवस्थापित प्रतिमा का विधिवत अनावरण किया तथा माल्यार्पण कर उन्हें श्रद्धांजलि दी। 

अमर शहीद सोबरन सोरेन की कुर्बानी को कभी भुलाया नहीं जा सकता  
मुख्यमंत्री ने कहा कि शहीद सोबरन सोरेन हमारे दादा जी थे परंतु मैंने उन्हें नहीं देखा था। शहीद सोबरन सोरेन एक शिक्षक थे। समाज में शिक्षा का अलख जगाते थे। इनका कार्य महाजनी तथा सामंतवादी लोगों को को पसंद नही आया था। शहीद सोबरन सोरेन की कुर्बानी को कभी भुलाया नहीं जा सकता है। उनके शहादत दिवस पर आज मैं उन्हें शत-शत नमन करता हूं। 

राज्य में 30 लाख परिवारों को मिलेगा सूखा राहत का लाभ 
मुख्यमंत्री ने कहा कि वैश्विक महामारी कोरोना संक्रमण से राहत मिलते ही राज्य में सुखाड़ जैसी आपदा फिर आ खड़ी हुई। हमारी सरकार ने इसे चुनौती के रूप में लेते हुए राज्य के किसानों के हितों के लिए गए कार्य किए। हमारी सरकार ने झारखंड के 226 प्रखंडों को चिन्हित कर सुखाग्रस्त घोषित करने का काम किया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य के लगभग 30 लाख किसान परिवारों को हमारी सरकार सूखा राहत राशि के तौर पर प्रति किसान परिवार 3500 रुपए भुगतान करने का काम करेगी। 

पंचायतों में शिविर लगाकर किसानों से आवेदन लिए जाएंगे 
मुख्यमंत्री ने कहा कि पंचायतों में शिविर लगाकर किसान परिवारों से आवेदन लेकर सूखा राहत राशि का लाभ उपलब्ध कराया जाएगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि आने वाले समय में राज्य के सूखा पीड़ित 30 लाख किसान परिवारों को आगे राहत देने के उद्देश्य से राज्य सरकार द्वारा केंद्र सरकार को आग्रह किया जाएगा।  

ग्रामीण अर्थव्यवस्था को कर रहे मजबूत  
मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारी सरकार ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने के लिए बेहतर कार्य योजना बनाकर प्रतिबद्धता के साथ काम कर रही है। जब गांव मजबूत होगा तभी राज्य खुशहाल होगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार द्वारा बच्चे, नौजवान, बुजुर्ग सभी वर्ग के लिए कार्य योजना तैयार की गई है। हमारी सरकार ने राज्य में सर्वजन पेंशन योजना लागू की है। अब सभी पात्र लोगों को पेंशन मिल रहा है। 

आपके दरवाजे पर ही आपकी समस्याओं का समाधान  
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार द्वारा झारखंड के प्रत्येक गांव-गांव, पंचायत-पंचायत में आपकी योजना-आपकी सरकार-आपके द्वार कार्यक्रम चलाया गया है। पिछले 20 वर्षों में यहां के लोग प्रखंड कार्यालयों का चक्कर लगाते लगाते थक जाते थे। हमारी सरकार ने अब प्रखंड कार्यालयों में पदस्थापित पदाधिकारियों को आपके गांव-गांव, और द्वार-द्वार पर भेजने का काम कर दिखाया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि आपकी समस्याओं का समाधान आपके गांव-घर में लगे शिविरों में ही हो यह हमारी प्राथमिकता में है। 

शिक्षा के स्तर में निरंतर हो रहा सुधार 
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार निरंतर शिक्षा के स्तर को सुधारने के लिए प्रयासरत है। अब हमारी सरकार सरकारी स्कूलों को भी निजी स्कूलों के तर्ज पर अपग्रेड करने का काम कर रही है। सारी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं इस निमित्त शिक्षकों को भी गुणवत्तापूर्ण प्रशिक्षण दिया जा रहा है। सरकार गठन के बाद से ही हमारा प्रयास रहा है कि राज्य में सड़क, स्कूल, कॉलेज इत्यादि के कार्यों में गति दी जाए। आप लगातार सभी जिलों में स्कूल-कॉलेज बन रहे हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में सावित्री बाई फुले किशोरी समृद्धि योजना शुरू की गई है। इस योजना के माध्यम से सभी गरीब वर्ग की बालिकाओं को कक्षा 8वीं से लेकर कक्षा 12वीं तक वित्तीय सहायता प्रदान की जा रही है। इसके साथ ही 18 वर्ष पूर्ण करने के बाद संबंधित किशोरी के बैंक खाते में 40 हजार की एकमुश्त राशि भी प्रदान की जाएगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य की वैसी बच्चियां जो उच्च शिक्षा लेकर इंजीनियर, डॉक्टर, इऊड, उड बनना चाहती हैं उनके सपने को हमारी सरकार पंख दे रही है। शिक्षा ग्रहण करने में गरीबी बाधा न बने इसके लिए हमने कार्य योजना बनाने का काम किया है। 

गांव -गांव में विकास को दी जा रही गति  
मुख्यमंत्री ने कहा कि आज रामगढ़ जिला स्थित बरलंगा गांव के नजदीक लुकैयाटांड़ में शहीद सोबरन सोरेन के शहादत दिवस के अवसर पर मेला लग रहा है। आज इस स्थल पर स्कूल बन रहा है। लोग रात में भी घूम रहे हैं। समय के साथ बहुत कुछ बदला है। मुझे याद है कि पहले यह जंगल क्षेत्र हुआ करता था। अब गांव गांव में सड़क, बिजली, पानी की व्यवस्था राज्य सरकार उपलब्ध करा रही है। अनेकों विकास के काम हो रहे हैं। पिछले 20 वर्षों इस क्षेत्र के ग्रामीण विकास का बाट जोह रहे थे। सपने में भी विकास दिखाई नहीं पड़ता था परंतु आज स्थिति बदली है। गांव-गांव सड़क कनेक्टिविटी से जुड़े हैं। मेरा प्रयास है कि ग्रामीण क्षेत्रों में गरीबों के संघर्ष को कम करें उन तक विकास की रोशनी को पहुंचाएं। 
 

इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने सांकेतिक रूप में शिलापट्ट के माध्यम से स्कूल आॅफ एक्सीलेंस , मॉडल विद्यालय मसलिया, दुमका, स्कूल आॅफ एक्सीलेंस राजकीय बालिका उच्च विद्यालय, मेदिनीनगर, आर के गर्ल्स  स्कूल गढ़वा, आश्रम आवासीय विद्यालय रानिया खूंटी एवं आश्रम आवासीय विद्यालय ओरमांझी का उद्घाटन किया। इस अवसर पर रामगढ़ विधायक श्रीमती ममता देवी, जिला परिषद सदस्य सुश्री रेखा सोरेन, उपायुक्त  सुश्री माधवी मिश्रा, पुलिस अधीक्षक श्री पीयूष पांडे सहित अन्य गणमान्य लोग उपस्थित थे।

Published / 2022-11-27 09:22:44
मुख्यमंत्री सुखाड़ राहत योजना से झारखंड के किसानों को मिलेंगे 3500 रुपये, जानें आवेदन का तरीका

टीम एबीएन, रांची। झारखंड में इस साल उम्मीद से कम बारिश हुई है, जिस वजह से किसानों को काफी ज्यादा नुकसान हुआ है। ऐसे में किसानों को राहत दिलाने के लिए हेमंत सरकार ने बड़ा फैसला किया है। तीन साल पूरे होने के बाद राज्य सरकार 30 लाख किसान के खाते में मुख्यमंत्री सुखाड़ राहत योजना के तौर पर 3500 रुपये प्रति लाभुक, प्रति राशन कार्ड पर देगी। इसके लिए राज्य भर के किसान से 30 नवंबर तक आवेदन मांगा गया है। 

राज्य सरकार ने सूबे के 22 जिले के 226 प्रखंड के सभी किसानों से आवेदन मांगा है। एक रुपये के टोकन पर प्रज्ञा केंद्र से किसान से आवेदन लिए जायेंगे। एक डिसमिल से लेकर, बिना जमीन वाले किसान भी इसके लिए आवेदन कर सकते हैं। 
राज्य सरकार ने केंद्र से राज्य की जनता को सुखाड़ से राहत देने के लिए कृषि के लिए 542 करोड़ इनपुट सब्सिडी राहत की डिमांड की है, राज्य सरकार ने केंद्र से कुल 9 हजार 139 करोड़ 80 लाख तीन महीने के लिए सुखाड़ राहत के तौर पर 2022 के लिए मांगा है। राज्य सरकार ने केंद्र को जो रिपोर्ट भेजा है, वो ग्राउंड ट्रूथिंग के आधार पर है।
 

इसको लेकर झामुमो महासचिव विनोद पांडेय ने कहा, हमारी सरकार में राज्य के हर वर्ग की जरूरत को पूरा करने का प्रयास किया जा रहा है। सरकार आपके द्वार कार्यक्रम के बाद अब राज्य सरकार किसानों के लिए काम कर रही है। राज्य के सूखाग्रस्त प्रखड़ों के किसानों को राहत देने का निर्णय लिया है। राज्य सरकार किसानों को राहत देने की पूरी कोशिश कर रहे हैं।

Published / 2022-11-26 11:03:50
राजनाथ सिंह की सह-अध्यक्षता में भारत-फ्रांस रक्षा वार्ता आज से

एबीएन सेंट्रल डेस्क। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह अपने फ्रांसिसी समकक्ष सबैस्टीन लेकॉर्नु के साथ भारत-फ्रांस सालाना रक्षा वार्ता की सह- अध्यक्षता करेंगे। अहम वार्ता 26 से 28 नवंबर के दौरान दिल्ली में होगी। इस दौरान रफेल के भविष्य के सौदे, सामरिक साझेदारी और द्वीपक्षीय संबंधों समेत कई अहम मुद्दों पर फैसले लिए जायेंगे।
रक्षा मंत्रालय के मुताबिक फ्रांसिसी रक्षा मंत्री लेकॉर्ने की यह पहली भारत यात्रा है। विदेश मंत्री एस जयशंकर, राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (एनएसए) अजीत डोभाल से भी वह अलग से मुलाकात करेंगे। फ्रांस ने भारत के पहले स्वदेशी निर्मित एयर क्राफ्ट करियर आईएनए विक्रांत में खासी दिलचस्पी दिखाई है। लेकॉर्नु विक्रांत का दौरा करने कोच्ची स्थित दक्षिण नौसेना कमान भी जाएंगे। फ्रांस भारत के साथ 1998 से रणनीतिक साझेदार है। दोनों देश रक्षा और हथियार-साजोसामान में भी सहयोगी है।

दुनिया सभी के लिए सुरक्षित और न्यायपूर्ण हो
दिल्ली में इंडो-पैसेफिक रीजनल डायलॉग-2022 के दौरान शुक्रवार को रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा, यह हमारी नैतिक जिम्मेदारी है कि हम एक बेहतर दुनिया का निर्माण करें। यह दुनिया सभी के लिए सुरक्षित और न्यायपूर्ण हो। राजनाथ सिंह ने कहा, भारतीय दार्शनिकों ने हमेशा मानव समुदाय को राजनीतिक सीमाओं से परे माना है। 
उन्होंने कहा, मेरा विश्वास है कि सुरक्षित दुनिया एक सामूहिक प्रयास बन जाती है तो हम एक ऐसी वैश्विक व्यवस्था बनाने के बारे में सोच सकते हैं, जो सभी के लिए लाभदायक हो। राजनाथ ने आगे कहा,  कई प्लेटफार्मों और एजेंसियों के माध्यम से वैश्विक समुदाय इस दिशा में काम कर रहा है और आगे बढ़ रहा है। इसमें संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद सबसे आगे है। समाचार एजेंसी के मुताबिक, उन्होंने कहा कि मेरा दृढ़ विश्वास है कि अगर सुरक्षा सही अर्थों में सामूहिक उद्यम बन जाती है, तब हम एक ऐसी विश्व व्यवस्था तैयार करने के बारे में सोच सकते हैं, जो हम सभी के लिए लाभदायक हो। रक्षा मंत्री ने कहा कि अब हमें सामूहिक सुरक्षा के दायरे से ऊपर उठकर साझे हित और साझी सुरक्षा के स्तर पर जाने की जरूरत है।

Published / 2022-11-26 10:33:02
भारत को 2026 तक मिल जायेगी पहली टिल्टिंग ट्रेन

100 वंदे भारत भी इसी तकनीक से होगी लैस

एबीएन सेंट्रल डेस्क। इंडियन रेलवे 2026 तक देश में टिल्टिंग ट्रेन चलाने की योजना पर विचार कर रही है। रेलवे के एक वरिष्ठ अधिकारी ने शुक्रवार को इसकी जानकारी दी। उन्होंने कहा कि 2025-26 तक भारत को अपनी पहली टिल्टिंग ट्रेन मिल जायेगी। उन्होंने यह भी कहा कि इस तरह के टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल करके 100 सेमी हाई स्पीड वंदे भारत ट्रेन का निर्माण किया जा रहा है।
अधिकारी ने कहा कि 2024 तक लगभग 100 वंदे भारत ट्रेनें इस तकनीक से लैस होंगी। हम एक टेक्नोलॉजी पार्टनर के साथ टाइ-अप करेंगे और अगले दो से तीन साल में इसे प्राप्त कर लेंगे। उन्होंने कहा कि स्लीपर क्लास वाली स्वदेशी ट्रेनों का नया वर्जन साल 2024 की पहली तिमाही तक आ जायेगा।

क्या है टिल्टिंग ट्रेन

रेलवे अधिकारी ने कहा कि टिल्टिंग ट्रेनों में ऐसी व्यवस्था होती है, जिससे ब्रॉड-गेज ट्रैक पर उनकी गति तेज होती है। टिल्टिंग ट्रेनें घुमावदार ट्रैकों पर स्पीड को मेनटेन किए हुए आसानी से मुड़ सकती हैं। इस तकनीक का इस्तेमाल करके 100 वंदे भारत रेलगाड़ियों का निर्माण किया जा रहा है, जिसकी मदद से ट्रेनें घुमावदार मोड़ पर मोटरसाइकिल की तरह तेजी से घूम सकेंगी।

इन देशों में चल रही हैं टिल्टिंग ट्रेनें

अधिकारी ने बताया इन ट्रेनों में यात्रियों को कोई झटका नहीं लगता है और शोर का स्तर विमान के मुकाबले 100 गुना कम है। अधिकारी ने कहा कि भारत को 2025-26 तक अपनी पहली टिल्टिंग ट्रेन मिल जायेगी। उन्होंने कहा कि 2025 तक बनने वाली 400 वंदे भारत रेलगाड़ियों में से 100 में यह तकनीक होगी। उन्होंने यह भी कहा कि रेलवे अगले कुछ वर्षों में 75 वंदे भारत ट्रेनों के जरिए 10-12 लाख किलोमीटर की दूरी तय करने की योजना बना रहा है। अधिकारी ने बताया कि इस प्रकार की ट्रेनें अभी इटली, पुर्तगाल, स्लोवेनिया, फिनलैंड, रूस, चेक गणराज्य, ब्रिटेन, स्विट्जरलैंड, चीन, जर्मनी और रोमानिया में चल रही हैं।

अगले तीन साल में 475 वंदे भारत ट्रेनों का निर्माण

इससे पहले रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने गुरुवार को एक निजी चैनल के कार्यक्रम में कहा था कि अगले तीन साल में 475 वंदे भारत ट्रेन तैयार करने की योजना पर काम जारी है। मंत्री ने कहा कि बुलेट ट्रेन 2026 तक पूरी तरह से संचालित होने लगेगी। उन्होंने कहा, 475 वंदे भारत ट्रेन चलाने का लक्ष्य हासिल करने की ओर बढ़ रहे हैं। पिछले बजट में 400 ट्रेन को मंजूरी दी गयी थी और इससे पहले 75 को ट्रेन स्वीकृति दी जा चुकी थी। हम आने वाले तीन वर्ष में लक्ष्य हासिल कर लेंगे। महत्वाकांक्षी बुलेट ट्रेन परियोजना के समय और लागत में वृद्धि के सवाल पर मंत्री ने कहा कि ऐसी ट्रेन के लिए प्रौद्योगिकी और प्रारंभिक डिजाइन का चरण बहुत जटिल होता है। उन्होंने कहा, हमने करीब 110 किमी का ट्रैक बना लिया है। ट्रेन 2026 तक पूरी तरह से चालू हो जायेगी।

Published / 2022-11-26 10:00:54
26/11 के शहीदों को राष्ट्रपति मुर्मू ने किया नमन

एबीएन सेंट्रल डेस्क। महाराष्ट्र की राजधानी मुंबई में 26 नवंबर 2008 को हुए आतंकी हमले की शनिवार को 14वीं बरसी है। इस आतंकी हमले में आतंकियों ने 160 से ज्यादा लोगों की जान ले ली थी। 

इस बीच राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने मुंबई हमलों के पीड़ितों को याद किया। उन्होंने कहा कि 26/11 की बरसी पर देश उन सभी को कृतज्ञता के साथ याद कर रहा है, जिन्हें हमने खोया। हम उनके प्रियजनों और परिवारों के दर्द को साझा करते हैं। राष्ट्र उन सुरक्षाकर्मियों को श्रद्धांजलि देता है, जिन्होंने कर्तव्य के पालन में बहादुरी से लड़ाई लड़ी और सर्वोच्च बलिदान दिया। 

विदेश मंत्री एस जयशंकर ने भी हमले में जान गंवाने वाले लोगों को याद किया और उन्हें श्रद्धांजलि दी। उन्होंने कहा कि आतंकवाद से मानवता को खतरा है। भारत समेत पूरी दुनिया 26/11 हमलों में जान गंवाने वाले लोगों को श्रद्धांजलि दे रही है। 

पूरी दुनिया पीड़ितों के परिवार के साथ खड़ी है। जिन लोगों ने इस हमले की योजना बनाई उन्हें न्याय के कठघरे में लाया जाना चाहिए। हम दुनिया भर में आतंकवाद के हर पीड़ित के प्रति संवेदनाएं हैं।

Published / 2022-11-26 09:58:08
आज होगा ई-कोर्ट परियोजना का आगाज

पीएम मोदी की पहल के दिखे सकारात्मक नतीजे

एबीएन सेंट्रल डेस्क। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी आज सुप्रीम कोर्ट में आयोजित संविधान दिवस समारोह में हिस्सा लेंगे। इस समारोह में प्रधानमंत्री की पहल पर ई-कोर्ट परियोजना का आगाज होगा। यह जानकारी प्रधानमंत्री कार्यालय (पीएमओ) ने दी।
पीएमओ के मुताबिक साल 2015 से भारत में हर साल संविधान दिवस मनाया जाता है। 26 नवंबर, 1949 को ही भारत ने संविधान को अपनाया था। ई-कोर्ट परियोजना सूचना और संचार प्रौद्योगिकी सक्षम अदालतों के माध्यम से वादियों, वकीलों और न्यायपालिका को सेवा प्रदान करने का अहम प्रयास है। इस पहल में वर्चुअल जस्टिस क्लाक, जस्टिस मोबाइल ऐप 2.0, डिजिटल कोर्ट और एस3डब्ल्यूएएस वेबसाइट शामिल है। 

वर्चुअल जस्टिस क्लाक अदालत स्तर पर न्याय वितरण प्रणाली के महत्वपूर्ण आंकड़ों को प्रदर्शित करने की पहल है। इसमें अदालत स्तर पर स्थापित मामलों, निपटाए गए मामलों और दिन, सप्ताह और महीने के आधार पर लंबित मामलों का विवरण होगा। लोग किसी भी जिला न्यायालय की वेबसाइट पर किसी भी न्यायालय प्रतिष्ठान की आभासी न्याय घड़ी का उपयोग कर सकेंगे।

Published / 2022-11-25 22:09:27
शनिवार-रविवार को नहीं चलेंगी पांच जोड़ी ट्रेनें

एबीएन सेंट्रल डेस्क। सप्ताहांत में एक बार फिर यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ेगा। सियालदह मेन लाइन शाखा में कई ट्रेनों को रद्द करने का निर्णय लिया गया है। यात्रियों को शनिवार और रविवार को कम से कम पांच जोड़ी ट्रेनें नहीं मिलेंगी।
रेलवे सूत्रों के मुताबिक पूर्व रेलवे के सियालदह ओवरब्रिज के मेंटेनेंस के लिए कई ट्रेनें बंद रहेंगी। रेलवे ने बताया कि दमदम-नैहाटी खंड में रेलवे पुल के रख-रखाव के लिए इच्छापुर स्टेशन के पास ट्रैफिक और पावर ब्लॉक होगा। उस शाखा पर कई लोकल ट्रेनें 26 नवंबर यानी शनिवार को रात 11 बजे से लेकर रविवार 27 नवंबर सुबह 10:45 बजे तक रद्द रहेंगी।
अप सियालदह-बैरकपुर लोकल, डाउन सियालदह-बैरकपुर लोकल, अप सियालदह-नैहाटी लोकल, डाउन सियालदह-नैहाटी लोकल, अप सियालदह-रानाघाट लोकल, अप 31 लोकल, डाउन सियालदह-कल्याणी बॉर्डर लोकल, डाउन सियालदह-कल्याणी बॉर्डर लोकल, अप सियालदह-कृष्णानगर लोकल, डाउन सियालदह-कृष्णानगर लोकल रद्द रहेंगी।
इसके अलावा अंडाल स्टेशन पर 25 से 29 तारीख तक नॉन इंटरलॉकिंग सिस्टम काम करेगा। इस वजह से पूर्व रेलवे की कुछ ट्रेनों को रद्द कर दिया गया है। इस आशय की अधिसूचना जारी कर दी गई है। पटना-कोलकाता गरीब रथ एक्सप्रेस, रोक्सोल-हावड़ा एक्सप्रेस, हटिया-बर्दवान एक्सप्रेस, बलिया-सियालदह एक्सप्रेस, आजमगढ़-कोलकाता एक्सप्रेस, मुजफ्फरपुर-हावड़ा एक्सप्रेस और कई अन्य ट्रेनें नहीं चलेंगी।

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