टीम एबीएन, रांची। मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन से झारखंड मंत्रालय में देश के प्रसिद्ध उद्योगपति जेएसडब्ल्यू स्टील के अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक श्री सज्जन जिंदल ने मुलाकात की। मुख्यमंत्री से यह उनकी शिष्टाचार भेंट थी।
टीम एबीएन, रांची। झारखंड मंत्रालय में 09 फरवरी 2023 को आयोजित मंत्रिपरिषद की बैठक में कई महत्वपूर्ण निर्णय लिये गये, जो इस प्रकार हैं :-
टीम एबीएन, रांची। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के नेतृत्व में कैबिनेट की बैठक हुई, जिसमें 25 प्रस्तावों पर मुहर लगी है। कैबिनेट सचिव अजय कुमार सिंह ने बैठक में लिये गये फैसलों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि 203 कस्तूरबा स्कूलों के 1200 शिक्षकेत्तर कर्मचारी के मानदेय में 20 प्रतिशत वृद्धि सहित अन्य 25 प्रस्तावों पर मुहर लगी है।
बैठक में प्रभात कुमार की अपील अभ्यावेदन अस्वीकृत की गयी है। मुख्य सूचना आयुक्त के वेतन भत्ता संशोधन प्रस्ताव की स्वीकृती। कॉफी टेबल बुक आउटलुक को प्रदान किया गया। सुखाग्रस्त किसानों के बीच राशि वितरित करने के लिए जेसीएफ से लेने की स्वीकृति दी गयी। तारामंडल चिरौदी के संचालन की जिम्मेदारी ऑरबिट एनिमेट प्राइवेट लिमिटेड को दी गयी। मीटिंग में झारखंड के 20 मॉडल विद्यालय को आवासीय विद्यालय में बदलने की स्वीकृति दी गयी है।
स्टेट कमांड एंड कंट्रोल सेंटर स्थापित करने की स्वीकृति बैठक में दी गयी। जिस पर 89 करोड़ 78 लाख खर्च होंगे। झारखंड राज्य खाद्य सुरक्षा से आच्छादित 20 लाख लाभुकों को एक साल तक और मुफ्त खाद्यान्न मिलेगा। कैबिनेट ने दिसंबर 23 तक मुफ्त अनाज देने की स्वीकृति प्रदान की है। बजट सत्र 27 फरवरी से 24 मार्च तक चलेगा। 3 मार्च को पेश होगा झारखंड सरकार का बजट। कुल 17 कार्य दिवस होंगे।
टीम एबीएन, रांची। रांची जिला में कोविड-19 संक्रमण से मृत व्यक्तियों के परिजनों/अश्रितों को 5 लाख की सहायता अनुदान राशि का भुगतान किया जायेगा। उपायुक्त सह अध्यक्ष श्री राहुल कुमार सिन्हा की अध्यक्षता में आयोजित जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकार की बैठक में सर्वसम्मति से यह निर्णय लिया गया। कोविड-19 संक्रमण से मृत व्यक्तियों के परिजनों/अश्रितों को राज्य आपदा मोचन निधि से प्रत्येक अश्रित को 50 हजार रुपये की दर से कुल 10 मृतकों के आश्रितों को 05 लाख रुपये सहायता अनुदान राशि भुगतान का सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया।
ओरमांझी, सिल्ली, रातू, बड़गाईं, नामकुम एवं शहर अंचल कार्यालय से प्राप्त अभिलेख जांच में त्रुटिमुक्त पाये गये। जिसके बाद कोविड-19 के कारण मृत व्यक्तियों के परिजनों/आश्रितों को अनुग्रह अनुदान सहायता देने हेतु राज्य आपदा मोचन निधि से प्रत्येक आश्रित को 50 हजार रुपये मात्र देने के प्रस्ताव को स्वीकृत किया गया।
सभी 10 आवेदकों का अंचलवार विवरण, जिन्हें अनुदान सहायता राशि दी जायेगी :-
एबीएन सेंट्रल डेस्क। भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) के डिप्टी गवर्नर टी रवि शंकर ने बुधवार को कहा कि सिक्का निकालने वाली मशीन में नकली नोट डाले जाने के मामलों को देखते हुए यूपीआई (यूनिफाइड पेमेंट इंटरफेस) आधारित विकल्प को अपनाने का फैसला किया गया है। उन्होंने मौद्रिक नीति की घोषणा के बाद संवाददाताओं से कहा कि समस्या यह थी कि इन मशीनों में जो रुपये डाले जा रहे थे, कई मामलों में नकली पाये गये। इसीलिए यह मुद्दा बन गया था।
शंकर ने कहा कि इसी को देखते हुए आरबीआई ने विकल्पों पर विचार करना शुरू किया गया। बहुत सारे लोग मोबाइल फोन का उपयोग करते हैं। उसके जरिये क्यूआर कोड स्कैन किया जा सकता है जो यूपीआई से जुड़ा हो सकता है। इसके माध्यम से भौतिक रूप से रुपये का उपयोग किये बिना वेंडिंग मशीन से सिक्के निकाले जा सकते हैं।
उन्होंने कहा कि मशीन देश में विकसित की गयी हैं। इस नई व्यवस्था में सिक्कों के वितरण में सुधार होगा। इससे पहले, दिन में आरबीआई गवर्नर शक्तिकांत दास ने क्यूआर कोड आधारित कॉइन वेंडिंग मशीन (क्यूसीवीएम) को लेकर पायलट परियोजना शुरू करने की घोषणा की। आरबीआई 12 शहरों में क्यूआर कोड आधारित सिक्का निकालने की मशीन को लेकर पायलट परियोजना शुरू करेगा।
ये वेंडिंग मशीनें यूपीआई का उपयोग करके बैंक ग्राहकों के खाते से पैसे काटकर सिक्के उपलब्ध करायेगी। अभी जो मशीनें हैं, उसमें बैंक नोट डालकर सिक्के निकाले जाते हैं।
दास ने कहा कि नकद आधारित परंपरागत कॉइन वेंडिंग मशीन में भौतिक रूप से रुपये डालने और उसके सत्यापन की जरूरत नहीं होगी। शुरू में पायलट परियोजना 12 शहरों के 19 स्थानों पर शुरू करने की योजना है। इन मशीनों को रेलवे स्टेशन, शॉपिंग मॉल, बाजारों में लगाया जायेगा।
शंकर ने कहा कि आरबीआई एक अजीब समस्या से जूझ रहा है। एक तरफ सिक्कों की आपूर्ति बहुत अधिक है और इसको रखने में अधिक जगह की जरूरत होती है। साथ ही यह ठीक से वितरित नहीं हो पाता है। इस बीच, डिप्टी गवर्नर राजेश्वर राव ने कहा कि कर्ज पर जुर्माने को लेकर ब्याज के मामले में बैंकों की अलग-अलग नीतियां हैं।
इस मामले में पारदर्शिता लाने और ग्राहकों के हितों के संरक्षण को लेकर जुर्माना लगाये जाने के बारे में विभिन्न पक्षों से राय लेने को लेकर दिशा-निर्देश का मसौदा जारी किया जायेगा।
टीम एबीएन, रांची। झारखंड की राजधानी में मार्च के पहले सप्ताह में जी-20 की बैठक प्रस्तावित है। इसमें नामी-गिरामी हस्तियां रांची आयेंगी। इसको लेकर राज्य के वरिष्ठ अधिकारी लगातार बैठकें कर अधीनस्थों को दिशा-निर्देश दे रहे हैं।
इसी कड़ी में नगर निगम ने साफ-सफाई को लेकर कई दिशा-निर्देश जारी किये हैं। नगर उपायुक्त शशि रंजन ने आने वाले 15 दिन के अंदर शहर को चकाचक करने का फरमान जारी किया है। साथ ही इसमें कोई लापरवाही ना करने का दिशा-निर्देश भी दिया है।
नगर आयुक्त शशि रंजन ने कहा है कि सभी प्रतिनिधियों की सुरक्षा में लापरवाही ना हो और सड़क मार्ग पर भी किसी प्रकार की कोई गंदगी नहीं दिखनी चाहिए। बताया जाता है कि समिट में आए अतिथि दो हजार जवानों के सुरक्षा घेरे में रहेंगे। नगर निगम पूरे शहर का कायाकल्प करने में जुटा है।
एयरपोर्ट से बिरसा चौक होते हुए होटल रेडिसन ब्लू जाने वाले रास्ते चकाचक होंगे। जी-20 के अधिकारी बिरसा मुंडा एयरपोर्ट से हिनू चौक होते हुए बिरसा चौक होते हुए सीधा होटल रेडिसन ब्लू पहुंचेंगे। इस रास्ते के डिवाइडर का रंग रोगन किया जा रहा है। रास्ते में पड़ने वाली दीवारों को भी खूबसूरत पेंटिंग से रंगा जा रहा है। साथ ही बिजली के तार दुरुस्त होंगे। अरगोड़ा चौक- हिंदुस्तानी ढाबा के पास वर्टिकल गार्डन बनेगा।
एयरपोर्ट से बिरसा चौक तक एयरपोर्ट की बाउंड्री पर झारखंड की कला संस्कृति को पेंटिंग से दिखाया जायेगा। चौक-चौराहे पर भी सौंदर्यीकरण किया जायेगा। एयरपोर्ट से हिनू चौक तक रोड के किनारे झाड़ी है और बिजली के तार लटके हैं। उसे हटाने के लिए भी कहा गया है। इस रास्ते में कोई भी वाहन और रोड पर दुकान लगाने पर अच्छा खासा जुर्माना वसूला जायेगा।
डीसी राहुल सिन्हा ने बताया कि सुरक्षा में कोई कोताही नहीं बरती जायेगी। इसके लिए विशेष रणनीति बनायी जा रही है। उन्होंने अगले 20 दिनों के अंदर पूरे शहर का कायाकल्प करने का निर्देश जारी किया है।
एबीएन बिजनेस डेस्क। आरबीआई गवर्नर शक्तिकांत दास की प्रेस कॉन्फ्रेंस की शुरू हो गई है। आरबीआई ने रेपो रेट में 0.25 प्रतिशत की बढ़ोतरी कर दी है। रेपो रेट में लगातार छठी बार केंद्रीय बैंक ने इजाफा किया है। रेपो रेट को 6.25% से बढ़ाकर 6.50 प्रतिशत कर दिया है। इससे पहले तीन दिनों तक आरबीआई की एमपीसी की अहम बैठक चली। इसके बाद बैठक की जानकारी और इस दौरान लिए गए फैसलों के लिए शक्तिकांत दास मीडिया से रूबरू होते हुए ये बातें कही।
आरबीआई के फैसले से बढ़ेगी होम लोन की ईएमआई : केंद्रीय बैंक के इस फैसले से होम लाेन के ईएमआई में बढ़ोतरी हो जाएगी। रेपो रेट में बढ़ोतरी के बाद होम लोन के ईएमआई साथ-साथ कार लोन और पर्सनल लोन भी महंगा होगा। बता दें कि मई 2022 में रेपो 4% था जो अब बढ़कर 6.5% हो गया है। केंद्रीय बैंक के गवर्नर ने कहा कि बीते तीन वर्षो के दौरान वैश्विक परिस्थितियों के कारण दुनिया भर के बैंकों को ब्याज दरों में बढ़ोतरी का फैसला लेना पड़ा है। महंगाई पर नियंत्रण के लिए ये कठिन फैसले जरूरी थे।
वैश्विक आर्थिक परिदृश्य अब पहले की तरह गंभीर नहीं : आरबीआई गवर्नर ने कहा कि वैश्विक आर्थिक परिदृश्य अब उतना गंभीर नहीं दिख रहा है जितना कुछ महीने पहले था, प्रमुख अर्थव्यवस्थाओं में विकास की संभावनाओं में सुधार हुआ है, जबकि मुद्रास्फीति में गिरावट आई है। हालांकि मुद्रास्फीति अभी भी प्रमुख अर्थव्यवस्थाओं में लक्ष्य से ऊपर बनी हुई है। आरबीआई गवर्नर ने कहा है कि वित्तीय वर्ष की चौथी तिमाही में महंगाई दर 5.6% रह सकती है। आरबीआई गवर्नर ने एफवाई 24 की पहली तिमाही में सीपीआई के 5% रहने का अनुमान जताया है।
महंगाई पर क्या बोले रिजर्व बैंक के गवर्नर : महंगाई पर बोलते हुए आरबीआई गवर्नर ने कहा कि एफवाई 23 में महंगाई दर 6.7 फीसदी से घटकर 6.5 फीसदी रह सकती है। एफवाई 24 में रियल जीडीपी ग्रोथ 6.4 फीसदी हो सकती है। एफवाई 24 की पहली तिमाही में जीडीपी ग्रोथ 7.1 प्रतिशत से रहकर 7.8 प्रतिशत रहने का अनुमान है। आरबीआई गवर्नर की ओर से दी गयी जानकारी के अनुसार केंद्रीय बैंक के माैद्रिक पॉलिसी समिति के छह में से चार सदस्य रेपो रेट बढ़ाने के पक्ष में रहे। पॉलिसी का एलान करते हुए आरबीआई गवर्नर ने कहा है कि महंगाई में नरमी आई है और इसके प्रभावों पर आरबीआई के एमपीसी की नजर बनी हुई है।
टीम एबीएन, रांची। रांची स्थित रिम्स परिसर में दिन प्रतिदिन शरारती तत्वों की गतिविधियों को रोकने के लिए रिम्स प्रबंधन ने पुलिस गश्त बढ़ाने को लेकर बरियातू थाना को पत्र लिखा है। प्रबंधन ने उनसे आग्रह किया गया है कि रात में रिम्स परिसर में पुलिस की गश्ती बढ़ायी जाये।
रिम्स प्रबंधन का कहना है कि रिम्स परिसर में सुरक्षा के मद्देनजर कई कड़े कदम उठाये जा रहे हैं, जिनमें परिसर में अनाधिकृत प्रवेश पर रोक, रिम्स परिसर की बाउंड्री को तोड़ कर बने अवैध प्रवेश मार्ग को पूर्णतः बंद करना, स्ट्रीट लाइट की व्यवस्था, पूरे कैंपस में सीसीटीवी कैमरा का प्रावधान, साथ ही सुरक्षाकर्मियों को जगह-जगह तैनात किया जायेगा। परिसर को हर तरह से सुरक्षित करना रिम्स की प्राथमिकता है, जिसके लिए हर संभव प्रयास किया जायेगा।
उल्लेखनीय है कि रांची के रिम्स में एक महिला डॉक्टर के साथ सोमवार देर रात छेड़छाड़ की गयी थी। इसके बाद जूनियर डॉक्टर आक्रोशित हो गये थ। रात में ही उन्होंने ट्रामा सेंटर का गेट जाम कर दिया था और हंगामा किया था।
Subscribe to our website and get the latest updates straight to your inbox.
टीम एबीएन न्यूज़ २४ अपने सभी प्रेरणाश्रोतों का अभिनन्दन करता है। आपके सहयोग और स्नेह के लिए धन्यवाद।
© www.abnnews24.com. All Rights Reserved. Designed by Inhouse