राज काज

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Published / 2023-07-24 20:54:15
नव प्रोन्नत आइपीएस को बैच लगाकर सीएम ने किया सम्मानित

  • मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने भारतीय पुलिस सेवा (आईपीएस) में नव प्रोन्नत राज्य पुलिस सेवा के 24 अधिकारियों को बैच लगाकर सम्मानित किया 

...क्या बोले सीएम 

  • प्रोन्नति से संबंधित रुकावटें दूर कर रही हमारी सरकार 
  • राज्य पुलिस सेवा के 24 अधिकारियों का आईपीएस बनने का सपना पूरा हुआ 
  • राज्य सरकार के कर्मियों को उनका हक-अधिकार देने का काम कर रहे हैं 

टीम एबीएन, रांची। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने आज झारखंड मंत्रालय के सभागार में आयोजित पिपिंग सेरेमनी कार्यक्रम में भारतीय पुलिस सेवा (आइपीएस) में नवप्रोन्नत राज्य पुलिस सेवा के 24 पुलिस अधिकारियों को बैज लगाकर सम्मानित किया। मुख्यमंत्री श्री सोरेन ने कहा कि आज राज्य पुलिस सेवा के अधिकारियों के लिए सुनहरा अवसर तथा ऐतिहासिक क्षण है, जब झारखंड पुलिस सेवा के 24 अधिकारियों को भारतीय पुलिस सेवा में प्रोन्नति मिली है। 

मुख्यमंत्री ने कहा कि विभाग में कई बार फाइल मूवमेंट के समय अधिकारियों द्वारा यह बताया गया कि राज्य पुलिस सेवा के प्रोन्नति से संबंधित फाइल सांप-सीढ़ी की तरह ऊपर-नीचे हो रहा है। कार्यपालिका नियम-कानून के तहत अपना कार्य कर रही है, परंतु प्रोन्नति से संबंधित फाइल तेज गति से आगे नहीं बढ़ रहा है। तभी मैंने चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि प्रोन्नति से संबंधित फाइल में मैं कितनी बार साइन करूँ?

मेरी जिज्ञासा थी कि आखिर प्रोन्नति कब मिलेगी, राज्य सरकार द्वारा इस पर गंभीरता पूर्वक कार्य किया गया अंतोगत्वा आज प्रोन्नति का सुखद क्षण हमारे बीच आया और राज्य पुलिस सेवा के 24 अधिकारियों का भारतीय पुलिस सेवा (आईपीएस) में प्रोन्नति मिलने का सपना पूरा हुआ है। इन सभी नव प्रोन्नत भारतीय पुलिस सेवा के अधिकारियों एवं उनके परिजनों को मैं आज अपनी ओर से हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं प्रेषित करता हूं। 

झारखंड में पहली बार एक साथ 24 राज्य पुलिस सेवा के अधिकारी  आईपीएस में प्रोन्नत 

मुख्यमंत्री ने कहा कि झारखंड के इतिहास में पहली बार यह क्षण आया है जब इतनी बड़ी संख्या में राज्य पुलिस सेवा के अधिकारी भारतीय पुलिस सेवा में प्रोन्नत हो रहे हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि भारतीय पुलिस सेवा में प्रोन्नत हुए 24 अधिकारियों में से दो ऐसी महिला अधिकारी सरोजिनी लकड़ा एवं अमेल्डा एक्का हैं, जो महज कॉन्स्टेबल पद से आईपीएस  बनने तक का लंबा सफर तय किया है। इन दोनों महिला आईपीएस अधिकारियों का सफर राज्य पुलिस कर्मियों के लिए प्रेरणास्रोत एवं मील का पत्थर साबित होगा। 

मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने कहा कि राज्य में लगभग 158 आईपीएस के पद निर्धारित हैं, जिसमें से 110 पद सीधे यूपीएससी से रिक्रूट होते हैं वहीं 48 पदों पर राज्य पुलिस सेवा के पदाधिकारी प्रोन्नत होकर आईपीएस सेवा में शामिल होते हैं। मुख्यमंत्री श्री सोरेन ने कहा कि मुझे पूरा विश्वास है कि आज जो नव प्रोन्नत 24 आईपीएस अधिकारी राज्य को मिल रहे हैं, ये झारखंड में विधि-व्यवस्था संधारण में मजबूती लाने के साथ-साथ पुलिस विभाग में अधिकारियों की कमी को कुछ हद तक भरने में सहायता प्रदान करेंगे। 

राज्य सरकार के कर्मियों को उनका हक-अधिकार दे रहे हैं 

मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारी सरकार ने शुरुआती दिनों से ही राज्य में विभिन्न सेवा के कर्मियों एवं पदाधिकारियों को उनके हक और अधिकार देने का काम किया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि कई संवर्गों में तो लोग प्रभारी के रूप में कार्य करते-करते सेवानिवृत्त हो गए और उनके प्रोन्नति से संबंधित फाइलें रुकीं रह गयीं। मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारी सरकार ने प्रोन्नति से संबंधित समस्याओं को निपटाया है। 

अब राज्य सरकार के कर्मियों को नियमानुसार प्रोन्नति मिलनी शुरू हो गई है। मुख्यमंत्री ने नव प्रोन्नत भारतीय पुलिस सेवा के अधिकारियों से कहा कि आप अपने कर्म क्षेत्र में निर्भीक होकर जिम्मेदारी का निर्वहन करें, राज्य सरकार झारखंड की आम जनमानस के साथ-साथ सरकार के अधिकारियों का भी मान-सम्मान एवं अधिकार का पूरा ख्याल रखेगी। 

मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारी सरकार ने सरकारी कर्मियों को पुरानी पेंशन की सौगात दी है। हमारे राज्य में कुछ ऐसे सरकारी कर्मी हैं जो अब रिटायरमेंट के कगार पर हैं और वे काफी खुश और उत्सुक दिख रहे हैं क्योंकि उन्हें पता है कि राज्य सरकार अब उन्हें पुरानी पेंशन का लाभ देगी, जो बुढ़ापे की लाठी के रूप में सेवानिवृत्त कर्मियों को जीवन भर सहायता करेगी।  

मुख्यमंत्री ने पिपिंग समारोह में नव प्रोन्नत 24 भारतीय पुलिस सेवा (आईपीएस) अधिकारियों को बैज लगाकर किया सम्मानित 

मुख्यमंत्री द्वारा बैज लगाकर सम्मानित होने वाले नवप्रोन्नत भारतीय पुलिस सेवा के अधिकारियों में सरोजिनी लकड़ा, एमेल्डा एक्का, सादिक अनवर रिजवी, अरविंद कुमार सिंह, विकास कुमार पांडेय और विजय आशीष कुजूर (सभी 2017 बैच), दीपक कुमार शर्मा, राजकुमार मेहता, शंभू कुमार सिंह, अजय कुमार सिन्हा, अनुदीप सिंह, पूज्य प्रकाश, सहदेव साव, अमित कुमार सिंह, अजीत कुमार, मुकेश कुमार, दीपक कुमार पांडेय और अनिमेष नैथानी (सभी बैच 2019), अजय कुमार-क, आरिफ एकराम, डॉ विमल कुमार, मनीष टोप्पो, कैलाश करमाली और पीतांबर सिंह खेरवार (सभी बैच 2020) शामिल थे। 

मौके पर राज्य के मुख्य सचिव सुखदेव सिंह, अपर मुख्य सचिव गृह विभाग अविनाश कुमार, डीजीपी अजय कुमार सिंह, पुलिस महानिदेशक (सीआईडी) अनुराग गुप्ता, मुख्यमंत्री के सचिव विनय कुमार चौबे सहित भारतीय पुलिस सेवा के अन्य वरिष्ठ अधिकारी एवं नव प्रोन्नत 24 भारतीय पुलिस सेवा के अधिकारियों के परिजन उपस्थित थे।

Published / 2023-07-24 14:24:12
अब रिम्स हॉस्टल में पहले डेंटल के छात्रों को प्रवेश

मारपीट की घटना में नहीं थे शामिल

टीम एबीएन, रांची। रिम्स के हॉस्टल में डेंटल कॉलेज के विद्यार्थियों को पहले प्रवेश मिलेगा; क्योंकि, मारपीट में उनकी संलिप्तता नहीं पायी गयी है। वहीं, एमबीबीएस के विद्यार्थियों को 15 दिनों बाद प्रवेश मिलेगा। 

डीन स्टूडेंट एंड वेलफेयर कमेटी ने रिम्स निदेशक डॉ राजीव गुप्ता से डेंटल स्टूडेंट को पहले हॉस्टल आवंटित करने का आग्रह किया है। कमेटी का कहना है कि डेंटल विद्यार्थी लगातार आग्रह कर रहे हैं कि दोषी नहीं होने के बावजूद उनको दंडित किया गया है। 

गौरतलब है रिम्स में मारपीट की घटना के बाद रिम्स प्रबंधन ने 20 जुलाई को हॉस्टल (सत्र 2019 से 2022 तक) खाली करा दिया था। हॉस्टल खाली कराने के साथ-साथ सभी विद्यार्थियों को अभिभावक के साथ शपथ पत्र लेकर डीन के सामने उपस्थित होने को कहा गया है। 

वहीं, स्वास्थ्य विभाग भी इस मामले को लेकर गंभीर है। स्वास्थ्य सचिव ने प्रबंधन को स्पष्ट निर्देश दिया है कि दोषी विद्यार्थियों पर सख्त कार्रवाई करें। रिम्स में हुई मारपीट की घटना में शामिल विद्यार्थियों की पहचान के लिए सोमवार को जांच टीम गठित की जायेगी। 

जांच टीम गठित करने से संबंधित आग्रह पत्र स्टूडेंट एंड वेलफेयर कमेटी के डीन डॉ शिव प्रिये ने रिम्स निदेशक डॉ राजीव गुप्ता को भेज दिया है।

Published / 2023-07-22 23:48:57
शिक्षा के साथ कौशल विकास भी नितांत आवश्यक : हेमंत सोरेन

टीम एबीएन, रांची। आज झारखंड के सीएम हेमंत सोरेन मुख्यमंत्री सारथी योजना के अंतर्गत बिरसा योजना एवं रोजगार प्रोत्साहन भत्ता/परिवहन भत्ता के शुभारंभ कार्यक्रम में शामिल हुए। इस मौके पर उन्होंने कहा कि आने वाले दिनों में राज्य के लाखों युवाओं को इस योजना का लाभ मिलेगा।

मौके पर सभी को अनेक-अनेक शुभकामनाएं और जोहार। सीएम हेमंत सोरेन ने कहा कि आज मुख्यमंत्री सारथी योजना अंतर्गत झारखंड के लाखों युवाओं को बिरसा केंद्रों में कौशल प्रशिक्षण प्रदान करने के साथ रोजगार प्रोत्साहन भत्ता और परिवहन भत्ता देने की शुरूआत हो रही है। इस शुभ अवसर पर आप सभी को हार्दिक शुभकामनाएं और जोहार...। 

सीएम ने आगे कहा कि दो साल कोरोना से लड़ने के बावजूद, हजारों युवाओं को सरकारी नौकरी प्रदान करने के साथ बीस हजार से अधिक युवाओं को निजी क्षेत्रों में रोजगार हेतु नियुक्ति पत्र भी सौंपा गया। आज के समय में कौशल प्रशिक्षण की महत्वपूर्ण भूमिका है। शिक्षा के साथ कौशल विकास अत्यंत आवश्यक है।

पहले भारी संख्या में युवा सेना में, बैंक में, रेलवे आदि में नौकरी के लिए जाते थे। मगर केंद्र सरकार की नीतियों के कारण इन सभी क्षेत्रों में युवाओं को नौकरी मिलना मुश्किल हो गया। उन्होंने आगे कहा कि आज कई युवा लाखों की प्राइवेट नौकरी छोड़कर स्वरोजगार की तरफ भी अपने कदम बढ़ा रहे हैं। 

पहले वो किसी कम्पनी में कर्मचारी हुआ करते थे, आज खुद मालिक हैं तथा दूसरों को भी रोजगार दे रहे हैं। हमारे राज्य में कई गांव-प्रखंड दूरस्थ क्षेत्र में हैं। इसलिए हम कौशल केंद्र इन प्रखंडों में भी खोल रहे हैं। इसके साथ-साथ आपको कौशल केंद्र आने-जाने के लिए परिवहन भत्ता भी दिया जायेगा। 

सीएम ने कहा कि पहले झारखण्ड के युवाओं के लिए विदेश में पढ़ना बहुत कठिन होता था। आज हम सौ प्रतिशत स्कालर्शिप के साथ वंचित वर्ग के युवाओं को उच्च शिक्षा हेतु विदेश भेज रहे हैं। सीएम हेमंत सोरेन ने आगे कहा कि झारखण्ड के युवाओं के लिए हम कई कल्याणकारी योजनाएं लेकर आये हैं। गुरुजी स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड के अंतर्गत 15 लाख तक का लोन बहुत कम व्याज पर सरकार आपको देगी। 

योजना में यह प्रावधान किया गया है कि पढ़ाई पूरा करने के 1 वर्ष के बाद आप लोन चुकाना शुरू कर सकेंगे। आप एक कदम चलें, सरकार आपके साथ चार कदम चलेगी। उन्होंने आगे कहा कि आज कई विकल्प युवाओं के सामने रखे हुए हैं। 

हमने सीएमईजीपी के अंतर्गत हजारों युवाओं को स्वरोजगार से जोड़ने का काम किया है। लाखों युवाओं को इस योजना से जोड़ कर उन्हें लाभ देने की हमारी सोच है। सीएम ने कहा कि मुझे विश्वास है मुख्यमंत्री सारथी योजना के अंतर्गत आप सभी युवा बेहतर कौशल प्रशिक्षण लेकर आगे बढ़ेंगे। 

उन्होंने आगे कहा कि आज कई विकल्प युवाओं के सामने रखे हुए हैं। हमने सीएमईजीपी के अंतर्गत हजारों युवाओं को स्वरोजगार से जोड़ने का काम किया है। लाखों युवाओं को इस योजना से जोड़ कर उन्हें लाभ देने की हमारी सोच है। सीएम ने कहा कि मुझे विश्वास है मुख्यमंत्री सारथी योजना के अंतर्गत आप सभी युवा बेहतर कौशल प्रशिक्षण लेकर आगे बढ़ेंगे।

Published / 2023-07-22 23:42:23
अब लोहरदगा में भी रूकेगी राजधानी एक्सप्रेस

टीम एबीएन, रांची। नई दिल्ली-रांची वाया टोरी होकर चलनेवाली राजधानी एक्सप्रेस अब लोहरदगा स्टेशन में भी रुकेगी। रेलवे बोर्ड ने इसकी स्वीकृति दे दी है। यह जानकारी राज्यसभा सांसद समीर उरांव ने दी। उन्होंने बताया कि लोहरदगा प्लेटफार्म नंबर दो और तीन का निर्माण कार्य संपन्न हो चुका है। 

अब यहां जल्द ही ट्रेनों का ठहराव सुनिश्चित होगा। रेलवे के इस निर्णय से लोहरदगा और गुमला जिला के यात्रियों की राजधानी की यात्रा आसान हो जायेगी। लोहरदगा स्टेशन से ही नई दिल्ली की ट्रेन पकड़ सकेंगे। इसके अलावा निकट भविष्य में और भी कई ट्रेनें लोहरदगा स्टेशन पर रुकेंगी। यह जानकारी सांसद प्रतिनिधि अरुण जोशी ने दी।

Published / 2023-07-21 07:19:58
टीबी उन्मूलन को लेकर सीएम ने की अधिकारियों की तरफदारी

  • सीएम हेमंत ने की टीबी उन्मूलन को लेकर रांची जिला के किये जा रहे कार्यों की सराहना

टीम एबीएन, रांची। हेमंत सोरेन से राज्य मंत्रालय में आज प्रदेश के विकास आयुक्त सह अपर मुख्य सचिव स्वास्थ्य, चिकित्सा शिक्षा एवं परिवार कल्याण विभाग अरुण कुमार सिंह ने मुलाकात कर विश्व यक्ष्मा दिवस 2023 के अवसर पर वाराणसी में हुए कार्यक्रम में टीबी उन्मूलन को लेकर श्रेष्ठ कार्य करने के लिए रांची जिले को मिले गोल्ड मेडल तथा प्रमाण पत्र मुख्यमंत्री को सप्रेम भेंट की।

मुख्यमंत्री को उन्होंने अवगत कराया कि विश्व यक्ष्मा दिवस के उपलक्ष्य में मार्च 2023 में टीबी उन्मूलन से संबंधित एक कार्यक्रम प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में वाराणसी में आयोजित की गयी थी, जहां टीबी उन्मूलन के क्षेत्र में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले चयनित राज्यों एवं जिलों को सम्मानित किया गया था। इसी क्रम में झारखंड में लक्ष्य के अनुरूप कार्य करने के लिए रांची जिला का चयन हुआ था।

मौके पर मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने टीबी उन्मूलन को लेकर रांची जिला द्वारा किये जा रहे कार्यों की सराहना की। मौके पर राज्य यक्ष्मा पदाधिकारी डॉ रंजीत प्रसाद उपस्थित थे।

Published / 2023-07-20 22:06:05
सभी प्रमंडल में खुलेंगे अत्याधुनिक हेल्थ केयर सेंटर : हेमंत सोरेन

  • स्वास्थ्य विभाग की उच्च स्तरीय बैठक को मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने किया संबोधित 
  • स्ट्रांग हेल्थ सर्किट बनाने को सरकार प्रतिबद्ध : सीएम 

टीम एबीएन, रांची। सीएम हेमंत सोरेन ने कहा है कि राज्य में स्ट्रांग हेल्थ सर्किट बनाने को सरकार प्रतिबद्ध है। राज्य भर के अस्पतालों में जांच और इलाज की बेहतर और आधुनिक सुविधाएं सुनिश्चित की जाये, ताकि मरीजों को दूसरे राज्यों के बड़े अस्पतालों का रुख नहीं करना पड़े। सीएम गुरुवार को स्वास्थ्य चिकित्सा शिक्षा और परिवार कल्याण विभाग की उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक में बोल रहे थे। सीएम ने अधिकारियों से कहा कि इसके लिये जो भी संसाधन की जरूरत होगी, सरकार उसे मुहैया करायेगी। 

उन्होंने कहा कि प्रमंडलीय मुख्यालयों में सभी सुविधाओं से युक्त 24 गुणा 7 हेल्थ केयर सर्विसेज की व्यवस्था हो। उन्होंने सभी प्रमंडल के सदर अस्पतालों में इलाज और जांच की अत्याधुनिक सुविधाओं से युक्त  हेल्थ केयर सर्विसेज शुरू करने का निर्देश दिया।  इसकी शुरुआत दुमका से होगी। 300 बिस्तर की क्षमता वाले इस अस्पताल में  विशेषज्ञ चिकित्सकों के साथ जांच इलाज के सभी अत्याधुनिक संसाधन होंगे। यहां सभी चिकित्सकों और पारा मेडिकल कर्मियों की शिफ्ट में ड्यूटी लगायी जायेगी।  

चिकित्सकों की नियुक्ति में तेजी लायें 

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य वासियों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं मिले, इसके लिए चिकित्सकों और अन्य पारा मेडिकल कर्मियों की नियुक्ति में तेजी लाने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि आवश्यकतानुसार अनुबंध पर भी चिकित्सकों को नियुक्त करें। राज्य सरकार की पंचायत स्तर दवा दुकान की योजना के तहत जल्द से जल्द धरातल पर उतारा जाये। जो भी पारा मेडिकल में प्रशिक्षित है, उन्हें भी इस योजना संचालन से जोड़ने की पहल करें। 

उन्होंने कहा कि आयुष्मान भारत के तहत मरीजों के इलाज में अस्पतालों द्वारा कोताही बरतने की बात लगातार सामने आ रही है। यह कदापि उचित नहीं है। मरीजों के इलाज में कोई अस्पताल कोताही नहीं बरतें। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री गंभीर बीमारी योजना के तहत इलाज की पात्रता के लिए आयुष्मान कार्ड और राशन कार्ड अगर किसी के पास नहीं है तो 8 लाख रुपये से कम वार्षिक आय वालों को भी इस श्रेणी में शामिल किया जाये।  

एंबुलेंस का परिचालन सुनिश्चित हो 

सीएम ने कहा कि एंबुलेंस सेवा का शुभारंभ किया गया है, लेकिन, कुछ कारणों से कई एंबुलेंस के नहीं चलने की बात सामने आ रही है। उन्होंने कहा कि सभी 206 एंबुलेंस का नियमित और सुचारू परिचालन हो यह तय करें।  इधर सर्पदंश की कई मामले सामने आ रहे हैं। ऐसे मरीजों के इलाज और दवा की पुख्ता व्यवस्था होनी चाहिए। बैठक में स्वास्थ्य मंत्री बन्ना गुप्ता, सीएस सुखदेव सिंह, स्वास्थ्य विभाग के अपर मुख्य सचिव अरुण कुमार सिंह, सीएम के प्रधान सचिव वंदना दादेल, सचिव विनय कुमार चौबे समेत कई विभागीय अधिकारी मौजूद थे।

Published / 2023-07-20 20:37:15
झारखंड में जल्द बनेगा स्ट्रांग हेल्थ सर्किट

  • सभी जिला अस्पतालों में शुरू करें हेल्थ केयर सर्विसेज : हेमंत सोरेन 

टीम एबीएन, रांची। झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सरकार इनदिनों विभिन्न विभागों के कार्यों की समीक्षा कर रहे हैं। इसी कड़ी में गुरुवार 20 जुलाई, 2023 को स्वास्थ्य, चिकित्सा शिक्षा और परिवार कल्याण विभाग की उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक में अधिकारियों को कई अहम निर्देश दिये। 

उन्होंने कहा कि इसके लिए जो भी संसाधन की जरूरत होगी, सरकार उसे मुहैया करायेगी। साथ ही कहा कि राज्य में स्ट्रांग हेल्थ सर्किट बनाने बनाने के लिए सरकार प्रतिबद्ध है। यहां के अस्पतालों में जांच और इलाज की बेहतर और आधुनिक सुविधाएं सुनिश्चित की जाए, ताकि मरीजों को दूसरे राज्यों के बड़े अस्पतालों का रूख नहीं करना पड़े। 

  • राज्य में स्ट्रांग हेल्थ सर्किट बनाने के लिए सरकार प्रतिबद्ध। 
  • इलाज की बेहतर सुविधा को लेकर सभी अस्पतालों को सभी संसाधन करा रहे हैं उपलब्ध। 
  • आयुष्मान भारत के मरीजों का अस्पतालों में बेहतर इलाज सुनिश्चित हो। अस्पतालों के लंबित राशि का भुगतान सुनिश्चित करें। 
  • पलामू और हजारीबाग मेडिकल कॉलेज एवं रिम्स के हॉस्टल का निर्माण करा रहे कंस्ट्रक्शन कंपनी को टर्मिनेट करने का निर्देश। 
  • पारा मेडिकल प्रशिक्षित युवाओं को पंचायत स्तरीय दवा दुकान योजना से जोड़ने की करें पहल। 

मुख्यमंत्री ने कहा कि सभी प्रमंडल के सदर अस्पतालों में इलाज और जांच की अत्याधुनिक सुविधाओं से युक्त 24़7 हेल्थ केयर सर्विसेज शुरू करने का निर्देश दिया। इसकी शुरूआत दुमका से होगी। 300 बिस्तर की क्षमता वाले इस अस्पताल में विशेषज्ञ चिकित्सकों के साथ-साथ जांच- इलाज के सभी अत्याधुनिक संसाधन होंगे। सर्विसेज होगी। यहां सभी चिकित्सकों और पारा मेडिकल कर्मियों की शिफ्ट में ड्यूटी लगाई जाए, ताकि मरीजों को किसी तरह की परेशानी नहीं हो। 

उन्होंने कहा कि राज्य वासियों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं मिले, इसके लिए चिकित्सकों और अन्य पारा मेडिकल कर्मियों की नियुक्ति में तेजी लाने का निर्देश दिया। कहा कि आवश्यकतानुसार अनुबंध पर भी चिकित्सकों को नियुक्त करें, ताकि किसी भी परिस्थिति में स्वास्थ्य व्यवस्था प्रभावित नहीं हो। 
पंचायत दवा दुकान के लिए लाइसेंस देने में तेजी लायें।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार की पंचायत स्तर दवा दुकान की योजना के तहत जल्द से जल्द और ज्यादा से ज्यादा पंचायतों में दवा दुकान खोलने की प्रक्रिया तेज हो। उन्होंने कहा कि जो भी पारा मेडिकल में प्रशिक्षित हैं, उन्हें भी इस योजना संचालन से जोड़ने की पहल करें। इस मौके पर अधिकारियों ने मुख्यमंत्री को बताया कि पंचायत स्तर दवा पर दुकान के लिए अब तक 2400 आवेदन मिल चुके हैं, जिनमें से 663 आवेदनों को स्वीकृति दी जा चुकी है। 

आयुष्मान भारत के मरीजों के इलाज में लापरवाही बर्दाश्त नहीं होगी 

सीएम ने कहा कि आयुष्मान भारत के तहत मरीजों के इलाज में अस्पतालों द्वारा कोताही बरतने की बात लगातार सामने आ रही है। यह उचित नहीं है। कहा कि आयुष्मान भारत के तहत अस्पतालों के लंबित राशि का भुगतान जल्द से जल्द सुनिश्चित करें, ताकि मरीजों के इलाज में अस्पताल कोताही नहीं बरतें। 

साथ ही कहा कि मुख्यमंत्री गंभीर बीमारी योजना के तहत इलाज की पात्रता के लिए आयुष्मान कार्ड और राशन कार्ड अगर किसी के पास नहीं है, तो आठ लाख रुपये से कम वार्षिक आय वालों को भी इस श्रेणी में शामिल किया जाये। 

मेडिकल कॉलेजों में चल रहे निर्माण कार्य में अब और विलंब बर्दाश्त नहीं 

मेडिकल कॉलेजों में हो रहे निर्माण में देरी पर मुख्यमंत्री ने नाराजगी जतायी। कहा कि राज्य के मेडिकल कॉलेजों में कई वर्षों से निर्माण कार्य चल रहा है इसमें पहले ही से काफी विलंब हो चुका है और विलंब बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। 

कहा कि जो डेडलाइन तय किए गए हैं उसके अंदर सभी निर्माण पूरे हो जाने चाहिए। उन्होंने पलामू और हजारीबाग मेडिकल कॉलेज तथा रिम्स में हॉस्टल निर्माण करा रहे कंस्ट्रक्शन कंपनी को टर्मिनेट करने का भी निर्देश दिया। 

सुनिश्चित हो एंबुलेंस का परिचालन 

मुख्यमंत्री ने कहा कि हाल ही में 206 एंबुलेंस सेवा का शुभारंभ किया गया था। लेकिन, कुछ कारणों से कई एंबुलेंस के नहीं चलने की बात सामने आ रही है। उन्होंने कहा कि सभी 206 एंबुलेंस का नियमित और सुचारू परिचालन अविलंब सुनिश्चित करें। 

सर्पदंश से मौत के मामले काफी चिंताजनक 

उन्होंने कहा कि बारिश के शुरू होते ही सर्पदंश की कई मामले सामने आ रहे हैं। मैंने पहले ही सभी अस्पतालों में सर्पदंश के मरीजों के इलाज और दवा की पुख्ता व्यवस्था करने का निर्देश दिया था। 

लेकिन, फिर भी अब तक 45 से ज्यादा सर्पदंश से मौत की बातें सामने आ चुकी है। यह चिंताजनक है। उन्होंने विभाग को कहा कि जहां सर्पदंश से मौतें हुई है, वहां के संबंधित चिकित्सकों को शो-कॉज जारी किया जाये।

Published / 2023-07-20 11:43:04
झारखंड : राज्यपाल ने सरकार को लौटाया जैन यूनिवर्सिटी बिल

  • पूछा- प्राइवेट यूनिवर्सिटी की गड़बड़ियों पर जांच कहां पहुंची?

टीम एबीएन, रांची। झारखंड के राज्यपाल सीपी राधाकृष्णन ने राज्य विधानसभा द्वारा पारित जैन यूनिवर्सिटी बिल पर आपत्ति जताते हुए उसे राज्य सरकार को लौटा दिया है। उन्होंने सरकार से पूछा है कि राज्य में पहले से चल रही प्राइवेट यूनिवर्सिटीज में गड़बड़ियों की जांच के लिए सरकार ने क्या कदम उठाए हैं?

सरकार और विधानसभा ने इसके लिए जो कमेटियां गठित की थी, उनकी रिपोर्ट कहां है और उन पर क्या कार्रवाई हुई है? राज्यपाल ने बिल के हिंदी-अंग्रेजी ड्राफ्ट में अंतर और कुछ तकनीकी पहलुओं पर भी सवाल उठाया है। जैन यूनिवर्सिटी की स्थापना का बिल विधानसभा ने 21 मार्च 2023 को बजट सत्र के दौरान पारित किया था।

विधेयक पर राज्यपाल की आपत्तियों का उल्लेख करते हुए राजभवन ने उसे मुख्य सचिव और विधानसभा अध्यक्ष को भेज दिया है। राजभवन ने प्राइवेट यूनिवर्सिटीज को लेकर इसके पहले भी 16 जून और 13 जुलाई को सरकार को पत्र लिखकर जांच रिपोर्ट और कार्रवाई की जानकारी मांगी थी।

बता दें कि उच्च शिक्षा विभाग ने निजी विश्वविद्यालयों में आधारभूत संरचना और अन्य कमियों की जांच के लिए उच्च शिक्षा निदेशक गरिमा सिंह की अध्यक्षता में एक कमेटी का गठन किया था। इस कमेटी को निजी विश्वविद्यालयों में आधारभूत संरचना की कमी, किराये की बिल्डिंग में संचालन, ज्यादा फीस व अन्य आरोपों की जांच करनी थी। 

कमेटी में शिक्षाविदों को शामिल किया गया था। कमेटी ने विभाग को अपनी रिपोर्ट सौंप दी थी। बताया जाता है कि इसमें कई बड़ी गड़बड़ियों को उजागर किया गया है पर अब तक किसी भी निजी यूनिवर्सिटी पर कार्रवाई नहीं हुई है।

प्राइवेट यूनिवर्सिटी की गड़बड़ियों पर झारखंड विधानसभा के बजट सत्र में हंगामा हुआ था। इसके बाद स्पीकर ने 22 मार्च 2023 को प्रो स्टीफन मरांडी की अध्यक्षता में कमेटी का गठन किया था। इसमें विनोद सिंह, केदार हाजरा, लंबोदर महतो और रामचंद्र सिंह को रखा गया था। इस कमेटी की जांच भी अब तक पूरी नहीं हुई है।

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