- जमीन के लिए पत्नी की अस्मिता से खिलवाड़! पति ने अपने ही भाई पर लगा दिया झूठा आरोप
टीम एबीएन, चाईबासा। दंपती द्वारा हाटगम्हरिया थाना में दर्ज केस पुलिस अनुसंधान के दौरान झूठा निकला। दंपती ने दुष्कर्म का झूठा केस 12 जुलाई को दर्ज कराया था, जिसकी पुष्टि मेडिकल जांच में नहीं हुई। इसके पीछे दो भाइयों के बीच आपसी जमीन विवाद को कारण बताया जा रहा है। पति ने ही पत्नी के साथ सामूहिक दुष्कर्म की झूठी कहानी रची थी।
ऐसे बनायी थी कहानी
पति पत्नी का रिश्तेदारों से जमीन का विवाद चल रहा था। विवाद पति बुधन सिंह और उसके भाई के बीच था। भाई को ही फंसाने के लिए उसने अपनी पत्नी को मोहरा बनाया और पत्नी से सामूहिक दुष्कर्म की झूठी कहानी रची। बनावटी कहानी में वह पत्नी को घर से कुछ दूरी पर खेत में बेसुध सुला दिया।
उसके मुंह में कपड़ा ढूंस कर हाथ पैर पीछे से बांध दिया गया था, जिससे लोगों को लगे की उसके साथ सही में दुष्कर्म हुआ है। इसी कहानी के आधार पर बड़े भाई और तीन अज्ञात व्यक्ति के विरूद्ध घर से उठाकर ले जाने एवं खेत में अर्द्धनग्न कर गैंगरेप करने का झूठा केस दर्ज कराया।
झूठा केस आया पकड़ में
सामूहिक दुष्कर्म के मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक पश्चिमी सिंहभूम चाईबासा ने कांड के त्वरित उद्भेदन के लिए कई दिशा-निर्देश दिये। उन निर्देशों का अनुपालन करते हुए कांड का अनुसंधान किया गया।
अनुसंधान के क्रम में पीड़िता एवं पीड़िता के पति के बयान में आये तथ्यों पर तकनीकी एवं वैज्ञानिक तरीके से भी गंभीरता से जांच की गयी। लेकिन किसी व्यक्ति की संलिप्ता नहीं पायी गयी।
कॉल डिटेल्स से खुली पोल
जांच के क्रम में पीड़िता के पति के बयान आपस में मेल नहीं खा रहे थे। उसके मोबाइल का कॉल डिटेल एवं मोबाइल में उपलब्ध फोटो की जांच की गयी। मोबाइल का कॉल डिटेल निकालकर उसके विश्लेषण से इस बात की पुष्टि हुई कि वो पुलिस को गुमराह कर रहे हैं।
पति बुधन सिंह सिंकू ने स्वीकार किया कि उनके बड़े भाई के साथ जमीन बंटवारा एवं पूर्व के टाली खपड़े को लेकर विवाद है। इसी को लेकर ये साजिश रची गयी थी लेकिन जांच में साजिश रचने वाले दंपती की पोल खुल गयी।