सांसद सुखदेव भगत से चैंबर्स प्रेसिडेंट ने की शिष्टाचार भेंट, विभिन्न मुद्दों पर विस्तार से चर्चा
टीम एबीएन, रांची। झारखंड इंडियन चैंबर्स आॅफ कॉमर्स फॉर एससी, एसटी एंड वूमेन एंटरप्रेन्योर्स, नई दिल्ली के नेशनल प्रेसिडेंट सुबीर पॉलने झारखंड के लोहरदगा लोकसभा क्षेत्र के सांसद सुखदेव भगत जीसे शिष्टाचार भेंट की। इस दौरान दोनों के बीच अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति एवं महिला उद्यमियों के आर्थिक सशक्तिकरण, रोजगार सृजन तथा उद्यमिता को बढ़ावा देने से जुड़े विभिन्न महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से चर्चा हुई।
शिष्टाचार भेंट के दौरान सुबीर पॉल ने बताया कि देश के विकास में एससी, एसटी एवं महिला उद्यमियों की भागीदारी को और मजबूत करना समय की महत्वपूर्ण आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि ग्रामीण एवं आदिवासी क्षेत्रों में प्रतिभा और उद्यमिता की अपार संभावनाएं मौजूद हैं, लेकिन उचित मार्गदर्शन, वित्तीय सहयोग, बाजार से जुड़ाव, तकनीकी प्रशिक्षण और सरकारी योजनाओं की जानकारी के अभाव में अनेक प्रतिभाएं आगे नहीं बढ़ पातीं।
उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि स्थानीय स्तर पर युवाओं एवं महिलाओं को स्वरोजगार तथा उद्यमिता से जोड़कर न केवल रोजगार के अवसर बढ़ाये जा सकते हैं, बल्कि क्षेत्र के आर्थिक एवं सामाजिक विकास को भी गति दी जा सकती है। विशेष रूप से झारखंड जैसे आदिवासी बहुल राज्य में स्थानीय संस्थानों, पारंपरिक कौशल, लघु एवं कुटीर उद्योगों तथा महिला स्व-सहायता समूहों को बाजार से जोड़ने की दिशा में व्यापक संभावनाएं हैं।
इस अवसर पर सांसद सुखदेव भगत ने उद्यमिता के माध्यम से समाज के वंचित एवं पिछड़े वर्गों को मुख्यधारा की अर्थव्यवस्था से जोड़ने के प्रयासों का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि जनजातीय एवं ग्रामीण क्षेत्रों में युवाओं और महिलाओं को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाने के लिए संस्थागत सहयोग और प्रभावी पहल आवश्यक है।
बैठक में संभावित रूप से उद्यमिता जागरूकता कार्यक्रम, कौशल विकास, प्रशिक्षण एवं क्षमता निर्माण, सरकारी योजनाओं तक पहुंच, वित्तीय संस्थानों से बेहतर समन्वय तथा स्थानीय उत्पादों को राष्ट्रीय बाजार उपलब्ध कराने जैसे विषयों पर भी विचार-विमर्श किया गया।
सुबीर पॉल ने कहा कि उनका संगठन देशभर में एससी, एसटी एवं महिला उद्यमियों को एक मजबूत मंच उपलब्ध कराने तथा उन्हें व्यापार, उद्योग, प्रशिक्षण, नेटवर्किंग और बाजार के अवसरों से जोड़ने के उद्देश्य से कार्य कर रहा है।
उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि जनप्रतिनिधियों, उद्योग संगठनों, प्रशासन और स्थानीय उद्यमियों के बीच बेहतर समन्वय से झारखंड के गुमला सहित अन्य क्षेत्रों में उद्यमिता आधारित विकास को नई गति दी जा सकती है। भेंट के दौरान क्षेत्र के सामाजिक एवं आर्थिक विकास, युवाओं के लिए रोजगार के अवसरों तथा महिला एवं आदिवासी उद्यमिता को प्रोत्साहित करने की दिशा में भविष्य में सहयोग की संभावनाओं पर भी चर्चा हुई।