बालूमाथ। प्रतिबंधित उग्रवादी संगठन पीएलएफआई के सबजोनल कमांडर कृष्णा यादव उर्फ सुल्तान बालूमाथ थाना से फरार होने के बाद पलामू प्रमंडल के डीआईजी राजकुमार लकड़ा एवं लातेहार एसपी प्रशांत आनंद और अभियान एसपी विपुल पांडे ने बुधवार को बालूमाथ थाना का दौरा कर मामले की जांच किया। थाना परिसर में जिस जगह से उग्रवादी फरार हुआ था एवं जिस हाजत में रखा गया था एवं सारे मामले की जानकारी विस्तारपूर्वक ली। पलामू डीआईजी राजकुमार लकड़ा ने पत्रकारों को बताया कि बालूमाथ थाना परिसर के हाजत में शौचालय होने के बावजूद उसे बाहर के शौचालय में ले जाना यह बड़ी चूक है। उन्होंने कहा कि फरार उग्रवादी का पोस्टर जारी किया जाएगा एवं सूचना देने वाले को एक लाख रुपये का इनाम दिया जाएगा व नाम गुप्त रखा जाएगा। वहीं लातेहार एसपी प्रशांत आनंद ने बताया कि सब जोनल कमांडर फरार होने की जांच के बाद इसमें बालूमाथ पुलिस की चूक को देखते हुए कार्य में लापरवाही बरतने के आरोप में बालूमाथ थाना प्रभारी राणा भानु प्रताप सिंह केस का अनुसंधानकर्ता दीप नारायण सिंह ओडी आफिसर ठाकुर प्रसाद सिंह, एएसआई रामदेव मंडल एवं चौकीदार सुरेश गंझू को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। बता दे कि कृष्णा यादव उर्फ सुल्तान जी 20 नवंबर 2020 को लोहरदगा पुलिस द्वारा सेन्हा थाना से गिरफ्तार किया था व चान्हो थाना के करम टोली गांव का रहने वाला है। एवं उसके ऊपर हत्या लूट आगजनी के 3 दर्जन से ज्यादा मामला रांची लोहरदगा लातेहार समेत कई जिलों में दर्ज है। बालूमाथ पुलिस तीन दिनों पूर्व बालूमाथ थाना कांड संख्या 165 / 18 बालूमाथ रेलवे साइडिंग में आगजनी की घटना को लेकर पूछताछ को लेकर दो दिन का रिमांड पर लाई थी लेकिन पुलिस की चूक के कारण सब जोनल कमांडर मौका का फायदा उठाकर बालूमाथ हाजत से भागने में सफल रहा। जिसे कई जिले की पुलिस पकड़ने के लिए सघन छापामारी अभियान चला रही है।